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VIDEO: ईयरबड्स-हेडफोन पर जोर...माइग्रेन के साथ याददाश्त भी कमजोर

Dhirendra Singh Updated Sat, 05 Sep 2026 11:53 AM IST

आगरा। ईयरबड्स-हेडफोन लगाकर तेज आवाज में घंटों तक गाने सुनते हुए काम करना या घूमना-टहलना युवाओं के लिए नुकसानदेह साबित हो रहा है। ऐसी स्थिति से करीब 12 फीसदी युवाओं को कान की बीमारी हो रही है। माइग्रेन के साथ ही उनकी याददाश्त पर भी असर पड़ रहा है। फतेहाबाद रोड स्थित होटल में आयोजित सिजिकॉन-2026 के दाैरान ईएनटी विशेषज्ञों ने अमर उजाला से विशेष बातचीत में चिंता जताते हुए ये बातें कहीं। द काॅक्लियर इम्प्लांट ग्रुप ऑफ इंडिया (सीआईजीआई) की अध्यक्ष बंगलूरू की डॉ. माधुरी गोरे ने बताया कि 40-60 डेसिबल आवाज ही कानों के लिए बेहतर है। वाहनों की आवाज, टीवी-मोबाइल, डीजे, निर्माण कार्य समेत अन्य वजहों से घर के बाहर से औसतन 60-80 डेसिबल तक आवाज रहती है। इससे कानों की परेशानी बढ़ रही है।

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