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दुष्कर्म के आरोपी जेई पर दोषसिद्ध, दस को मिलेगी सजा
Updated Thu, 06 Sep 2018 11:56 PM IST
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बागेश्वर। अपर सत्र न्यायाधीश शमशेर अली की अदालत ने दुष्कर्म के आरोपी अभियंता पर दोषसिद्ध किया है। सजा के प्रश्न पर 10 सितंबर की तिथि निर्धारित की गई है। अभियंता पर महिला के साथ शादी का झांसा देकर तीन साल तक शारीरिक शोषण, दुष्कर्म करने का आरोप था।
सिंचाई विभाग के अभियंता देवेंद्र सिंह खिंचियाल पर एक महिला ने शादी का झांसा देकर तीन साल तक शारीरिक शोषण, दुष्कर्म करने का आरोप लगाया था। पीड़िता ने बताया कि अभियंता देवेंद्र तीन साल तक शादी का झांसा देता रहा। बाद में शादी के लिए मुकरने लगा। पीड़िता ने 05 सितंबर 2017 को कपकोट थाने में मुकदमा दर्ज कराया।
विवेचक एसआई सत्यप्रकाश रायपा ने धारा 376 के अंतर्गत मामला दर्ज करते हुए विवेचना की और चार्जशीट अदालत में पेश की। अपर सत्र न्यायाधीश की अदालत में अभियोजन पक्ष ने सात गवाह परीक्षित कराए। अपर सत्र न्यायाधीश शमशेर अली ने गवाह, सबूतों के आधार पर अभियंता पर दोषसिद्ध किया है। मामले में अभियोजन पक्ष की ओर से जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी आबिद हसन, सहायक शासकीय अधिवक्ता चंचल सिंह पपोला, विशेष लोक अभियोजक पॉक्सो खड़क सिंह कार्की, पीड़िता के अधिवक्ता नरेंद्र सिंह कोरंगा ने प्रभावी पैरवी की।
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सिंचाई विभाग के अभियंता देवेंद्र सिंह खिंचियाल पर एक महिला ने शादी का झांसा देकर तीन साल तक शारीरिक शोषण, दुष्कर्म करने का आरोप लगाया था। पीड़िता ने बताया कि अभियंता देवेंद्र तीन साल तक शादी का झांसा देता रहा। बाद में शादी के लिए मुकरने लगा। पीड़िता ने 05 सितंबर 2017 को कपकोट थाने में मुकदमा दर्ज कराया।
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विवेचक एसआई सत्यप्रकाश रायपा ने धारा 376 के अंतर्गत मामला दर्ज करते हुए विवेचना की और चार्जशीट अदालत में पेश की। अपर सत्र न्यायाधीश की अदालत में अभियोजन पक्ष ने सात गवाह परीक्षित कराए। अपर सत्र न्यायाधीश शमशेर अली ने गवाह, सबूतों के आधार पर अभियंता पर दोषसिद्ध किया है। मामले में अभियोजन पक्ष की ओर से जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी आबिद हसन, सहायक शासकीय अधिवक्ता चंचल सिंह पपोला, विशेष लोक अभियोजक पॉक्सो खड़क सिंह कार्की, पीड़िता के अधिवक्ता नरेंद्र सिंह कोरंगा ने प्रभावी पैरवी की।
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