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तिगरी मेला लगा नहीं, शुरू हो गई टैक्स वसूली
ब्यूरो/अमर उजाला अमरोहा
Updated Sun, 15 Nov 2015 12:11 AM IST
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जिला पंचायत की असंवेदनशीलता की कीमत आमलोगों को चुकानी पड़ रही है। तिगरी गंगा धाम पर लगने वाले मेले से तकरीबन एक सप्ताह पहले से ही टोल टैक्स का ठेका दे दिया गया।
इससे रोजमर्रा के कार्य से भी वहां जा रहे लोगों को मुख्य गेट पर अभी से टैक्स देना पड़ रहा है, जबकि इसके बदले कोई सुविधा मुहैया नहीं कराई जा रही है। प्रशासन के कागजों में मेला 20 नवंबर से शुरू होकर 26 नवंबर तक चलेगा, हालांकि मेला शुरू होने की तिथि 18 नवंबर बताई जा रही है।
तिगरी गंगा धाम मेला में तिगरी गंगा धाम मुख्य गेट के अलावा तिगरी बंदा, कांकाठेर रेलवे फाटक के नीचे टोल टैक्स वसूली के लिए बैरियर लगाए गए हैं।
इसके अलावा रेलवे स्टेशन पर व्यावसायिक सामान लाने वालों से भी टैक्स वसूलने के लिए बैरियर लगाए गए हैं। सबसे बड़ी चुंगी तिगरी गंगा धाम के मुख्य गेट पर बनाई गई है।
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यहां 13 नवंबर की आधी रात से ही बैरियर लगा कर टोल टैक्स वसूली भी शुरू कर दी गई है, जबकि मेले में अभी वैकल्पिक मार्गों और सुरक्षा टावरों के अलावा अग्निशमन विभाग का मुख्य दफ्तर, चौकियां बनाने के लिए टीनशेड लगाने का कार्य ही चल रहा है।
अभी न तो वहां दुकानें सजीं हैं और न ही सर्कस, खेल तमाशे लगे हैं। जनसुविधाएं भी मुहैया नहीं कराई गईं हैं। प्रशासन के मुताबिक भी मेला 20 नवंबर से शुरू होगा।
मेला शुरू होने से छह दिन पहले से ही तिगरी गंगा धाम मुख्य गेट पर बनी चुंगी से बिना टोल टैक्स जमा किए किसी वाहन को प्रवेश नहीं करने दिया जा रहा है।
लोगों का कहना है कि, मेला लगने के बाद ही कर की वसूली होनी चाहिए, क्योंकि सुविधाओं का खर्च निकालने के लिए ही ये कर लिए जाते हैं। टोल टैक्स वसूली के ठेकेदार बृह्मपाल सिंह के छोटे भाई अजय चौहान ने बताया कि 13 से 25 नवंबर तक का ठेका सात लाख 23 हजार रुपये में दिया गया है।
ये वसूला जा रहा टोल टैक्स
आइटम वसूली टैक्स (रुपये में)
हाथी व ऊंट 50
कार, जीप, जुगाडू, छोटा हाथी 200
बस व ट्रक 250
मेटाडोर व मिनी बस 200
ट्रैक्टर-ट्राली सहित 50
मोटरसाइकिल व मोपेड 20
घोड़ा खच्चर 10
ट्रैक्टर (बिना ट्राली) व टैंपो 50
व्यावसायिक सामान से लदा घोड़ा तांगा और दोपहिया वाहन प्रति चक्कर 10 रुपये
छोटा वाहन जो स्टेशन से सामान लाता है, उसका संपूर्ण मेला अवधि का टिकट 125 रुपये
स्कूटर व बाइक 10 रुपये प्रति दिन
कार व जीप 50 रुपये प्रति दिन
बस व ट्रक 100 रुपये प्रति दिन
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इससे रोजमर्रा के कार्य से भी वहां जा रहे लोगों को मुख्य गेट पर अभी से टैक्स देना पड़ रहा है, जबकि इसके बदले कोई सुविधा मुहैया नहीं कराई जा रही है। प्रशासन के कागजों में मेला 20 नवंबर से शुरू होकर 26 नवंबर तक चलेगा, हालांकि मेला शुरू होने की तिथि 18 नवंबर बताई जा रही है।
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तिगरी गंगा धाम मेला में तिगरी गंगा धाम मुख्य गेट के अलावा तिगरी बंदा, कांकाठेर रेलवे फाटक के नीचे टोल टैक्स वसूली के लिए बैरियर लगाए गए हैं।
इसके अलावा रेलवे स्टेशन पर व्यावसायिक सामान लाने वालों से भी टैक्स वसूलने के लिए बैरियर लगाए गए हैं। सबसे बड़ी चुंगी तिगरी गंगा धाम के मुख्य गेट पर बनाई गई है।
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यहां 13 नवंबर की आधी रात से ही बैरियर लगा कर टोल टैक्स वसूली भी शुरू कर दी गई है, जबकि मेले में अभी वैकल्पिक मार्गों और सुरक्षा टावरों के अलावा अग्निशमन विभाग का मुख्य दफ्तर, चौकियां बनाने के लिए टीनशेड लगाने का कार्य ही चल रहा है।
अभी न तो वहां दुकानें सजीं हैं और न ही सर्कस, खेल तमाशे लगे हैं। जनसुविधाएं भी मुहैया नहीं कराई गईं हैं। प्रशासन के मुताबिक भी मेला 20 नवंबर से शुरू होगा।
मेला शुरू होने से छह दिन पहले से ही तिगरी गंगा धाम मुख्य गेट पर बनी चुंगी से बिना टोल टैक्स जमा किए किसी वाहन को प्रवेश नहीं करने दिया जा रहा है।
लोगों का कहना है कि, मेला लगने के बाद ही कर की वसूली होनी चाहिए, क्योंकि सुविधाओं का खर्च निकालने के लिए ही ये कर लिए जाते हैं। टोल टैक्स वसूली के ठेकेदार बृह्मपाल सिंह के छोटे भाई अजय चौहान ने बताया कि 13 से 25 नवंबर तक का ठेका सात लाख 23 हजार रुपये में दिया गया है।
ये वसूला जा रहा टोल टैक्स
आइटम वसूली टैक्स (रुपये में)
हाथी व ऊंट 50
कार, जीप, जुगाडू, छोटा हाथी 200
बस व ट्रक 250
मेटाडोर व मिनी बस 200
ट्रैक्टर-ट्राली सहित 50
मोटरसाइकिल व मोपेड 20
घोड़ा खच्चर 10
ट्रैक्टर (बिना ट्राली) व टैंपो 50
व्यावसायिक सामान से लदा घोड़ा तांगा और दोपहिया वाहन प्रति चक्कर 10 रुपये
छोटा वाहन जो स्टेशन से सामान लाता है, उसका संपूर्ण मेला अवधि का टिकट 125 रुपये
स्कूटर व बाइक 10 रुपये प्रति दिन
कार व जीप 50 रुपये प्रति दिन
बस व ट्रक 100 रुपये प्रति दिन