चीन से वापस आए युवक की दो दिन पहले तबीयत बिगड़ी, कराई ‘कोरोना’ की जांच अब रिपोर्ट का इंतजार
चीन में फैले कोरोना वायरस को लेकर अलर्ट के बीच शहर लौटा एक युवक सोमवार को दीनदयाल अस्पताल में जांच कराने पहुंचा तो हड़कंप मच गया। हालांकि प्राथमिक जांच में कोरोना वायरस का कोई लक्षण नहीं मिला है, बावजूद इसके स्वास्थ्य विभाग की ओर से संदिग्ध मरीज मानकर उसका सैंपल लखनऊ भेजा जा रहा है। इसकी रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई होगी।
वाराणसी के भोजूबीर निवासी एक युवक चीन के जियोमेन शहर में काम करता था। चीन में कोरोना वायरस फैला तो डर की वजह से वह 23 जनवरी को वापस आ गया। चीन से पहले कोलकाता और फिर बाबतपुर एयरपोर्ट पर आया। एयरपोर्ट पर बनी हेल्प डेस्क पर जानकारी मिलने के बाद से स्वास्थ्य विभाग की ओर से मानीटरिंग की जा रही थी।
दो दिन पहले तबीयत बिगड़ी तो परिजनों के साथ विजय सोमवार दोपहर करीब एक बजे दीनदयाल अस्पताल पहुंचा। अस्पताल सूत्रों के अनुसार, चिकित्सकों ने उसे संदिग्ध मरीज मानकर आइसोलेशन वार्ड ले जाकर जांच की। हालांकि, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. वी. शुक्ला ने उसे संदिग्ध मरीज मानने से इंकार किया है। बताया कि जांच में कोरोना वायरस से संक्रमण के कोई लक्षण नहीं मिले हैं।
इन अस्पतालों में बने हैं आइसोलेशन वार्ड
वैसे तो बनारस में अब तक कोई मरीज नहीं मिला है, लेकिन स्वास्थ्य महकमा अलर्ट पर है। बाबतपुर एयरपोर्ट पर हेल्प डेस्क के साथ ही अस्पतालों में आइसोलेशन वार्ड बनाए गए हैं। इसमें मंडलीय अस्पताल कबीरचौरा, बीएचयू सर सुंदरलाल अस्पताल, लाल बहादुर शास्त्री अस्पताल रामनगर, जिला महिला अस्पताल कबीरचौरा, दीनदयाल उपाध्याय जिला अस्पताल शामिल हैं। यहां लोगों को लक्षण बताए जा रहे हैं और बचाव के बारे में जागरूक किया जा रहा है।
शासन के निर्देश पर चीन से आने वाले सभी लोगों की जांच कराई जानी है। एक युवक के चीन से वापस आने की जानकारी मिलने के बाद आइसोलेशन वार्ड में भर्ती कर उसकी जांच कराई गई, लेकिन रिपोर्ट में कुछ नहीं आया। एहतियात के तौर पर सैंपल केजीएमयू में भी भेजा जा रहा है। वहां से रिपोर्ट आने के बाद ही कुछ कहा जा सकेगा।
डॉ. वीबी सिंह, सीएमओ
वायरल फीवर जैसे ही होते हैं लक्षण
बीएचयू यूरोलॉजी विभाग के प्रो. समीर त्रिवेदी का कहना है कि सामान्य तौर पर कोरोना वायरस से पीड़ित मरीजों में वायरल फीवर वाले लक्षण ही मिल रहे हैं। इसके संक्रमण से बचने के लिए सावधानी बहुत जरूरी है। अगर नाक बहने, लंबे समय से सर्दी, खांसी, बुखार, सिर में तेज दर्द है तो अस्पताल जाकर जांच जरूर करवानी चाहिए।
मरीज की जांच भी आइसोलेशन वार्ड में ही की जानी चाहिए। मंडलीय अस्पताल कबीरचौरा के चेस्ट फिजीशियन डॉ. आरके शर्मा का कहना है कि कोरोना वायरस के मरीज अभी बनारस में सामने नहीं आए हैं। इसके लक्षण वायरल फीवर जैसे ही होते हैं। संक्रमण भी तेजी होता है। इसके लक्षण दिखें तो समय से जांच कराना जरूरी होता है।