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एक पिता का दर्द - 'बच्चे स्कूल में खून से लथपथ मिलेंगे तो कहां जाएंगे'

Sun, 17 Sep 2017 02:36 PM IST
ब्यूरो,अमर उजाला,वाराणसी
ब्यूरो,अमर उजाला,वाराणसी Updated Sun, 17 Sep 2017 02:36 PM IST
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when school is not safe our child then where we go
छात्रों और अभिभावकों ने कैंडल जुलूस निकाल कर कहा, प्रशांत पांडेय को मिले न्याय - फोटो : अमर उजाला
‘बच्चों के लिए घर के बाद स्कूल दूसरा घर होता है। बच्चे स्कूल में खून से लथपथ मिलेंगे और फिर उनकी मौत हो जाएगी तो भला हम अभिभावक कहां जाएंगे, क्या करेंगे..?’ यह दर्द है सहायक अभियोजन अधिकारी प्रजेश कुमार पांडेय का।
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रुंधे गले से प्रजेश कहते हैं कि मेरा बेटा प्रशांत तो सनबीम वरुणा स्कूल में 24 अगस्त को रोज की तरह हंसते-खेलते पढ़ने गया था। उसकी मां उसके घर लौटने की राह देख रही थी।
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मगर, स्कूल से ही प्रशांत हम सबके लिए बहुत दूर चला गया। स्कूल परिसर में प्रशांत कोमा में गया और फिर मौत हुई तो भला इसका जिम्मेदार कौन है। पुलिस पता नहीं क्या कर रही है, कुछ समझ में नहीं आ रहा है।
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  गाजीपुर जिले के मूल निवासी प्रजेश कुमार पांडेय का बेटा प्रशांत सनबीम स्कूल वरुणा में कक्षा 12 का छात्र था। 24 अगस्त को स्कूल की हॉस्टल बिल्डिंग के समीप प्रशांत खून से लथपथ पड़ा मिला था।

उपचार के दौरान बीएचयू ट्रॉमा सेंटर में उसकी मौत हो गई थी। मामले को लेकर शिवपुर थाने में स्कूल प्रबंधन और कर्मचारियों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया था।

प्रशांत के अंतिम संस्कार के बाद गांव से पिता प्रजेश परिवार के साथ वापस लौट आए हैं मगर उनकी मन:स्थिति अब भी ठीक नहीं है। प्रशांत का जिक्र आते ही प्रजेश की आंखों से आंसुओं की धार बहने लगती है और गला रुंध जाता है।

प्रजेश कहते हैं कि कभी-कभी तो ऐसा लगता है कि हम कहां चले जाएं और प्रशांत को खोज लाएं। उसकी मां को कैसे समझाऊं... खुद कैसे समझूं... यह समझ नहीं पाता हूं।  मेरा बेटा प्रशांत मेधावी, साहसी और समझदार था। कभी किसी से उसके विवाद या उससे जुड़ी शिकायत भी सुनने को नहीं मिली।

यदि प्रशांत ने कोई गलती की थी तो उसके बारे में हमें स्कूल की ओर से बताया जाता लेकिन ऐसी कोई बात कभी सामने नहीं आई। प्रशांत सनबीम वरुणा का टॉपर छात्र रहा है और सिर्फ अपनी पढ़ाई से मतलब रखता था।

प्रजेश ने पुलिस अधिकारियों से मांग की है कि जांच निष्पक्ष तरीके से करा कर दोषियों को सजा दिलाएं। वहीं, इस संबंध में क्षेत्राधिकारी कैंट राकेश कुमार नायक ने बताया कि हमारी जांच जारी है। सभी के बयान और जरूरी साक्ष्य जुटाए गए हैं। पुलिस पारदर्शी तरीके से मामले में कार्रवाई करेगी।

मौत की सीबीआई जांच हो और स्कूल प्रबंधन पर कार्रवाई

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डीएम पोर्टिको में अधिवक्ताओं ने किया प्रदर्शन - फोटो : अमर उजाला
 सनबीम वरुणा स्कूल में छात्र प्रशांत पांडेय की मौत की सीबीआई जांच कराई जाए। साथ ही स्कूल प्रबंधन के खिलाफ कठोरतम कार्रवाई हो। शनिवार को डीएम पोर्टिको में प्रदर्शन करते हुए यह मांग अधिवक्ताओं ने की।

इस दौरान अधिवक्ताओं ने जमकर नारेबाजी की और मांगों से संबंधित ज्ञापन डीएम कार्यालय में सौंपा। इसके साथ ही निजी स्कूलों में मनमाने तरीके से वसूली जा रही फीस के संबंध में गाइड लाइन निर्धारित करने की भी मांग की गई।

अधिवक्ताओं का कहना था कि स्कूलों में छात्रों की मौत और उनके साथ हो रही हिंसा एक गंभीर मसला है। इस और पुलिस और प्रशासन गंभीरता से ध्यान दे। सनबीम स्कूल वरुणा में छात्र प्रशांत पांडेय की मौत के इतने बाद भी पुलिस हाथ पर हाथ धरे बैठी हुई है।

प्रशांत की मौत की जांच निष्पक्ष तरीके से नहीं होगी और दोषी दंडित नहीं किए जाएंगे तो अधिवक्ता समुदाय सड़क पर उतरकर आंदोलन के लिए बाध्य होगा।
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