{"_id":"63e8c561b0ac546a440e8fd7","slug":"varanasi-there-is-no-opposition-to-ramcharit-manas-swami-prasad-maurya-said-there-is-a-need-to-change-part-2023-02-12","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"Varanasi: रामचरित मानस का विरोध नहीं, स्वामी प्रसाद मौर्य बोले- कुछ चौपाइयों के अंश को बदलने की जरूरत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Varanasi: रामचरित मानस का विरोध नहीं, स्वामी प्रसाद मौर्य बोले- कुछ चौपाइयों के अंश को बदलने की जरूरत
Sun, 12 Feb 2023 04:24 PM IST
उत्पल कांत
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
Published by: उत्पल कांत
Updated Sun, 12 Feb 2023 04:24 PM IST
सार
सपा नेता स्वामी प्रसाद मौर्य ने रामचरित मानस पर दिए गए बयान को लेकर सफाई दी। कहा कि आप लोगों को किसने बताया कि मैंने रामचरित मानस का विरोध किया। एक चौपाई का विरोध करना रामचरित मानस का विरोध नहीं हुआ।
विज्ञापन
प्रेस वार्त करते स्वामी प्रसाद मौर्य
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
वाराणसी से सोनभद्र रवाना होने के पहले सपा नेता स्वामी प्रसाद मौर्य ने रामचरित मानस पर दिए गए बयान को लेकर सफाई दी। प्रेस वार्ता में उन्होंने कहा कि रामचरित मानस के विवादित अंश को संशोधित किया जाए या प्रतिबंधित किया जाए। मैं आज भी उस बयान पर टिका हूं। कहा कि रामचरित मानस के चौपाई में दलितों, महिलाओं के अपमान वाले अंश पर मैंने सवाल खड़े किए। इसे संशोधित करने की मांग लेकर प्रधानमंत्री और राष्ट्रपति को पत्र भी लिखा है।
विज्ञापन
स्वामी प्रसाद ने कहा कि रामचरित मानस की प्रतियां जलाने की बात सरासर गलत है। सरकार के दबाव में यह पुलिस का एजेंडा है। उन्होंने कहा कि आप लोगों को किसने बताया कि मैंने रामचरित मानस का विरोध किया। एक चौपाई का विरोध करना रामचरित मानस का विरोध नहीं हुआ। जो जिस धर्म को मानेगा, वह उसी की कमियों को इंगित कर सकता है।
विज्ञापन
मनोज मुंतशिर के बयान पर उन्होंने कहा कि जिसे भी मेरा सर्टिफिकेट देखना हो वो यूनिवर्सिटी जाकर देख ले। आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत के बयान पर कहा कि उन्हें तो सबसे गले मिलने चाहिए।
विज्ञापन
भाजपा पर साधा निशाना
उन्होंने भाजपा सरकार पर निशाना साधा। कहा कि सारे एयरपोर्ट, बंदरगाह, एलआईसी आदि निजी हाथों में सौंप दिया गया। अब बचा ही क्या है। भाजपा सरकार जनता की गाढ़ी कमाई अपने चहेते उद्योगपतियों को बेच रही है।