Vande Bharat Express: वाराणसी से लखनऊ के बीच चल सकती है वंदे भारत ट्रेन, अयोध्या से जोड़ने की भी योजना
गोरखपुर की तरह ही वाराणसी से लखनऊ के बीच वंदे भारत ट्रेन चलाई जा सकती है। वाराणसी कैंट से सुबह परिचालन की रूपरेखा तय की जा रही है। इसे अयोध्या से जोड़ने की योजना भी है। इसकी मांग मेयर अशोक कुमार तिवारी के साथ ही पर्यटन से जुड़ी संस्थाएं लंबे समय से कर रही हैं।
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गोरखपुर की तरह ही वाराणसी से लखनऊ के बीच वंदे भारत ट्रेन चलाई जा सकती है। वाराणसी कैंट से सुबह परिचालन की रूपरेखा तय की जा रही है। इसे अयोध्या से जोड़ने की योजना भी है। इसकी मांग मेयर अशोक कुमार तिवारी के साथ ही पर्यटन से जुड़ी संस्थाएं लंबे समय से कर रही हैं।
रेल मंत्री ने बजट में घोषणा की थी कि 300 किमी दूरी वाले स्टेशनों के बीच वंदे भारत ट्रेन का संचालन किया जाएगा। छोटे-छोटे स्टेशनों के बीच लंबी दूरी की वंदे भारत चलेगी। रेलवे बोर्ड ने योजना पर काम शुरू कर दिया है। गोरखपुर से लखनऊ के बीच ट्रेन चलने से अब काशीवासियों के उम्मीदों को पंख लग गए हैं।
रेलवे के अधिकारियों का कहना है कि प्रस्ताव पर चर्चा चल रही है। इसी बीच मेयर अशोक कुमार तिवारी आगे आए। उन्होंने कहा कि वंदे भारत ट्रेन का परिचालन जरूरी है। काशी से लखनऊ के बीच यात्रियों का आवागमन खूब होता है। जल्द ही रेलवे बोर्ड व कैंट स्टेशन के निदेशक को पत्र भी लिखा जाएगा।
पर्यटन और अन्य सामाजिक संगठनों के लोगों ने मुलाकात की है। वाराणसी से लखनऊ के बीच वंदे भारत ट्रेन चलनी चाहिए। इसे अयोध्या से जोड़ा जाए। इससे पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा। -अशोक तिवारी, मेयर, नगर निगम
वाराणसी और अयोध्या के आपस में जुड़ने का फायदा मिलेगा। संगठन की तरफ से काशी से लखनऊ के बीच वंदे भारत ट्रेन चलाने की मांग रखी गई है। उत्तर रेलवे के महाप्रबंधक को पत्र भी लिखा गया है। - राहुल मेहता, अध्यक्ष, टूरिज्म वेलफेयर एसोसिएशन