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पहले ही फेरे में महामना की पांच टोटियां नदारद
ब्यूरो, वाराणसी अमर उजाला
Updated Fri, 29 Jan 2016 02:13 AM IST
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महामना एक्सप्रेस ट्रेन की अत्याधुनिक सुविधाएं ही उसकी बदहाली का सबब साबित हो रही हैं। वाराणसी से नई दिल्ली के बीच सप्ताह में तीन दिन चलने वाली इस मॉडल ट्रेन के शुरुआती दो फे रों में ही इसकी लकदक बोगियों का बुरा हाल हो गया।
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ट्रेन की बेसिन में लगी टोटियां चोरी हो गईं और सीट पर लगी रीडिंग लाइटों को भी नुकसान पहुंचाया गया। इतना ही नहीं कई सीटों के बेल्ट भी क्षतिग्रस्त मिले हैं। अब ट्रेन की रखवाली को लेकर रेल महकमा नए सिरे से रणनीति बनाने को विचार कर रहा है।
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प्रधानमंत्री मोदी ने 22 जनवरी को हरी झंडी दिखाकर अपने संसदीय क्षेत्र से नई दिल्ली के बीच चलने वाली अत्याधुनिक सुविधाओं व साज-सज्जा वाले कोचों से लैस महामना एक्सप्रेस को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया था।
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हर फेरे में ट्रेन की अलग-अलग बोगियों के टॉयलेट से टोटियां गायब हो जा रही हैं। यही नहीं स्लीपर व वातानुकूलित कोच में दी गई एलईडी लाइट सहित अन्य सुविधाओं के साथ भी छेड़छाड़ किए जाने से वे खराब होने के कगार पर हैं।
यही नहीं कूड़ादान होने के बावजूद यात्री इधर-उधर गंदगी कर रहे हैं। कुछ बोगियों में मिडिल बर्थ को सेट करने के लिए लगाए गए बेल्ट भी उखाड़ने की शिकायत मिली है।
25 जनवरी को महामना एक्सप्रेस से वाराणसी आए यात्री रत्नेश पाठक ने बताया कि एस-9 में सफर करने के दौरान उनके सामने वाली बर्थ से एक यात्री ने बर्थ में लगाने वाली बेल्ट इसलिए उखाड़ ली क्योंकि वह इस शानदार ट्रेन से सफर की निशानी साथ लेकर जाना चाहता था।
गुरुवार को जब महामना वाराणसी पहुंची तो उसके विभिन्न बोगियों से टोटियां गायब रहीं। सूत्रों की माने तो टॉयलेट में नई डिजाइन की टोटियां लगाई गई हैं।
इसी वजह से स्वार्थी तत्वों ने इसे खोल लिया है। ट्रेन के शुभारंभ के दिन ही यात्रियों ने बातचीत में आशंका जताई थी कि ट्रेन को चलाने से ज्यादा इसकी सुविधाओं को बनाए रखना बड़ी चुनौती है।
अब इस ट्रेन को यात्रियों का कहर झेलना पड़ रहा है। अगर यात्रियों का यही रवैया रहा तो आने वाले दिनो में यह ट्रेन भी अन्य ट्रेनों की ही तरह अव्यवस्था की शिकार हो जाएगी।