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बीएचयू प्रकरणः एमएचआरडी तक पहुंची छात्राओं की आवाज
Thu, 19 Sep 2019 02:11 AM IST
दुष्यंत शर्मा
अमर उजाला ब्यूरो, वाराणसी
अमर उजाला ब्यूरो, वाराणसी
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Thu, 19 Sep 2019 02:11 AM IST
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बीएचयू जंतु विज्ञान विभाग के प्रोफेसर शैल कुमार चौबे की निलंबन से बहाली का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। इसके विरोध में 27 घंटे तक छात्राओं के धरना-प्रदर्शन के बाद महिला आयोग ने कुलपति से रिपोर्ट मांगी थी और अब अखिल भारतीय महिला कांग्रेस की अध्यक्ष सुष्मिता देव ने मानव संसाधन विकास मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक को पत्र लिखकर कार्रवाई की मांग की है।
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उन्होंने अपने पत्र में शैक्षणिक संस्थानों में छात्राओं के उत्पीड़न पर चिंता जताई है। अक्तूबर 2018 में पुणे में शैक्षणिक टूर के दौरान छात्राओं पर अश्लील कमेंट की शिकायत, जांच में आरोप सही पाए जाने पर निलंबन और फिर कार्यकारिणी परिषद की बैठक के बाद बहाली पर सवाल खड़ा किया है।
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अध्यक्ष ने कमेटी के उस फैसले का भी जिक्र किया है जिसमें सदस्यों ने कैंपस में यौन उत्पीड़न, लैंगिक उत्पीड़न आदि के मामलों पर ठोस कदम उठाने की बात कही है। साथ ही मानव संसाधन विकास मंत्री से इस तरह के मामलों पर जीरो टालरेंस की नीति अपनाते हुए प्रोफेसर के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने शिक्षण संस्थानों में ऐसी घटनाओं पर अंकुश न लग पाने पर मंत्रालय की भूमिका पर भी सवाल खड़े किए हैं।
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