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फूलों से सजे ललिता घाट पर मोहन के सुरों का जलवा
वाराण्ासी, ब्यूरो
Updated Fri, 06 Feb 2015 01:24 AM IST
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वाराणसी। सुर संग्राम के विजेता भोजपुरी लोक गीत गायक मोहन राठौर की गायकी गुरुवार की रात ललिता घाट पर यादगार बन गई। उन्होंने एक के बाद एक भजनों को जब अपने सुरों से सजाया तब लोग झूमने-थिरकने लगे।
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ललिता घाट पर अन्नपूर्णा मठ-मंदिर की ओर से शुरू की गई गंगा आरती के वार्षिकोत्सव पर आयोजित इस भजन संध्या में कई कलाकारों ने अपनी प्रस्तुति दी।
शाम साढ़े छह बजे अन्नपूर्णा मंदिर के महंत रामेश्वर पुरी महाराज, काशी विश्वनाथ मंदिर के महंत डॉ. कुलपति तिवारी, शहर दक्षिणी के विधायक श्यामदेव राय चौधरी, एसपी ग्रामीण अनिल कुमार पांडेय ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित किया।
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इसके बाद फूलों और लतरों से सजे भव्य मंच पर संगीत संध्या में मोहन राठौर ने -मिसरी मलाई नाहीं भावेला मिठइया...। बनारस बम बम बोले.. और नीमियां के डार मइया डालेलीं झुलनवां... की प्रस्तुति से लोगों को मुग्ध कर दिया। इससे पहले आचार्य रामनारायण द्विवेदी ने 108 बटुकों के साथ पूजा कराई।
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