स्वच्छता एप : पहले नहीं था भान, अब चला रहे अभियान
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
स्वच्छ शहरों की सूची में शामिल होने के लिए सफाई के अलावा स्वच्छता एप से 25 हजार लोगों को जोड़ना भी है। यहां हालत यह है कि नगर निगम प्रशासन अब तक महज नौ हजार लोगों को ही इससे जोड़ सका है।
लक्ष्य पूरा करने की अंतिम तिथि 31 दिसंबर है। ऐसे में केंद्रीय शहरी विकास मंत्रालय की ओर से जारी इस एप से लोगों को जोड़ने का लक्ष्य पूरा कर पाना नामुमकिन लग रहा है।
इसे लेकर नगर निगम प्रशासन पहले संजीदा नहीं था। जैसे-जैसे तिथि नजदीक आती गई, निगम प्रशासन सक्रिय होता गया। फिर भी लक्ष्य से अभी काफी दूर है। कॉलेजों, विश्वविद्यालयों और स्कूलों की मदद से अब तक नौ हजार से अधिक लोगों को ही जोड़ पाया है।
बुधवार को काशी विद्यापीठ में भी अभियान चलाया गया। साथ ही नगर निगम में नगर आयुक्त की अध्यक्षता में विद्यालय प्रबंधनों के साथ बैठक कर और छात्र-छात्राओं को जोड़ने के लिए सहयोग मांगा गया। प्रोजेक्टर के माध्यम से इस एप से जुड़ने की अपील की गई तो स्वच्छता संबंधी जानकारी भी दी गई।
चार जनवरी को होने वाले सर्वे में स्वच्छ शहरों में काशी शामिल हो, इसके लिए मेयर रामगोपाल मोहले ने नागरिकों से अनुरोध किया है कि वे स्वच्छता एप को डाउनलोड करें। ताकि सर्वे में इस एप से मिलने वाला अंक जुड़ सके।