संस्कृत विश्वविद्यालय: घर बैठे कर सकेंगे डिप्लोमा और सर्टिफिकेट कोर्स, पुस्तकालय का भी होगा डिजिटलीकरण
संपूर्णानंद संस्कृत विश्वविद्यालय से घर बैठे डिप्लोमा सर्टिफिकेट कोर्स की ऑनलाइन पढ़ाई करते हुए डिग्री प्राप्त की जा सकती है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने इस दिशा में प्रयास शुरू कर दिया है।
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वाराणसी स्थित संपूर्णानंद संस्कृत विश्वविद्यालय के छात्र अब घर बैठे ही डिप्लोमा और सर्टिफिकेट पाठ्यक्रम का अध्ययन कर सकेंगे। संस्कृत संवर्धन प्रतिष्ठान के सहयोग से नई शिक्षा नीति के तहत संस्कृत महाविद्यालयों में भी अंग्रेजी व कंप्यूटर विज्ञान का ऑनलाइन अध्ययन अध्यापन किया जाएगा। इसके साथ ही पुस्तकालय का भी डिजिटलीकरण किया जाएगा।
यह जानकारी कुलपति प्रो. हरेराम त्रिपाठी ने दी। कुलपति ने बताया कि चिकित्सक, अभियंता, घरेलू महिलाओं के लिए हिंदी, अंग्रेजी और संस्कृत भाषा में एक वर्षीय डिप्लोमा और सर्टिफिकेट पाठ्यक्रम की शुरुआत की जाएगी। इसके लिए विश्वविद्यालय संस्कृत संवर्धन प्रतिष्ठान के साथ एमओयू कर रहा है।
संवर्धन प्रतिष्ठान के तकनीकी प्रमुख धीरज के साथ कुलपति प्रो. त्रिपाठी ने बैठक कर विचार विमर्श किया। सर्टिफिकेट कोर्स में योगदर्शन, आयुर्वेद साहित्य, श्रीमद्भागवतगीता, वेदांत दर्शन है। जल्द ही निदेशक प्रो. चांद किरण सलूजा के साथ एमओयू पर हस्ताक्षर करने के बाद पाठ्यक्रम की शुरुआत होगी।
अंग्रेजी और कंप्यूटर साइंस में अध्यापन होगा ऑनलाइन
कुलपति प्रो. हरेराम त्रिपाठी ने बताया कि नई शिक्षा नीति के तहत संस्कृत महाविद्यालयों को दो साल का अंग्रेजी और कंप्यूटर विज्ञान का पाठ्यक्रम सत्र 2022-23 से अनिवार्य होगा। इसके लिए संस्कृत संवर्धन प्रतिष्ठान के सहयोग से ऑनलाइन अंग्रेजी व कंप्यूटर विज्ञान के पाठ्यक्रम संचालित कराए जाएंगे।
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