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पांच जुलाई तक दुरुस्त करें सड़कें
ब्यूरो/अमर उजाला, वाराणसी
Updated Fri, 17 Jun 2016 01:59 AM IST
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अंधरापुल के पास बीच राह खुदा गड्ढा।
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25 जून तक सड़कें गड्ढामुक्त की जाएंगी और पांच जुलाई तक हर हाल में उन सड़कों को दुरुस्त करा दिया जाएगा। गुरुवार को विकास कार्यों की नोडल अधिकारी और खादी एवं महिला कल्याण विभाग की प्रमुख सचिव मोनिका एस गर्ग की मौजूदगी में यह समयावधि तय की गई। प्रमुख सचिव ने पीडब्ल्यूडी के अभियंताओं को ताकीद की कि पांच जुलाई से सात जुलाई न होने पाए।
विकास भवन में प्रेसवार्ता के दौरान प्रमुख सचिव ने कहा कि बारिश से पहले हर हाल में सड़कों को गड्ढामुक्त कराकर उन्हें दुरुस्त कराया जाए। इस पर डीएम विजय किरन आनंद ने बताया कि 20 जून तक सड़कों के गड्ढे पाटने के निर्देश दिए गए हैं। 25 जून को वह खुद शहर का निरीक्षण कर देखेंगे कि कितनी सड़कें गड्ढामुक्त हुईं। गड्ढामुक्त सड़कों की मरम्मत के बारे में पूछे जाने पर पीडब्ल्यूडी के अभियंताओं ने प्रमुख सचिव से इसके लिए पांच जुलाई तक की मोहलत ली।
प्रमुख सचिव ने कहा कि पिछले चार वर्षों में जिले में बेहतर काम हुआ है। सभी विभागों को निर्देश दिया गया है कि गुणवत्ता के साथ निर्धारित समय में निर्माण कार्य पूरा कराएं। निरीक्षण में सुधार देखने को मिला है। गंगा पर बन रहे सामनेघाट-रामनगर पुल की गुणवत्ता और खतरनाक मोड़ के सवाल पर प्रमुख सचिव ने कहा कि उच्च स्तरीय कमेटी बनाकर इसकी जांच कराई जाएगी। बताया कि सभी विभागों को कहा गया है कि जो भी योजनाएं बनाएं वह भविष्य को देखते हुए हो और मुकम्मल हो। इसके पूर्व प्रमुख सचिव ने बड़ागांव स्थित लोहिया गांव भगवानपुर, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, राजकीय पालीटेक्निक कुरू, कछवा-कपसेठी मार्ग का निरीक्षण किया। उसके बाद अधिकारियों के साथ विकास भवन में समीक्षा बैठक की और निर्माण एजेंसियों को समय से काम पूरा कराने को कहा।
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लहरतारा पुल से भदऊं चुंगी तक राहगीरों के लिए जान का दुश्मन बने 150 से अधिक गड्ढों पर आखिरकार प्रशासन की नजर पड़ गई है। अमर उजाला में छपी खबरों का संज्ञान लेते हुए जिला प्रशासन ने कार्यदायी संस्था सेतु निगम को यातायात और सुरक्षा मानकों की अनदेखी न करने की सख्त हिदायत दी है। साथ ही, गड्ढों को पाटने और सड़क पर निर्माण सामग्री न फैलाने की ताकीद की है।
डीएम विजय किरन आनंद के निर्देश पर एडीएम सिटी विंध्यवासिनी ने कैंट मालगोदाम से अंधरापुल तक का निरीक्षण किया। चौकाघाट फ्लाईओवर के विस्तार कार्य के चलते आ रही दिक्कतों के मद्देनजर उन्होंने सेतु निगम के अधिकारियों को हिदायत दी कि यातायात प्रभावित न हो, इसके लिए जहां जरूरी है वहां गड्ढे भर दें। इसके अलावा निर्माण सामग्री को सड़क के पास न रखें। जहां निर्माण कार्य चल रहा है वहां पर सुरक्षा मानकों का पूरा ख्याल रखा जाए। लोहे की बैरिकेडिंग लगाएं और सर्विस रोड को बेहतर बनाए रखा जाए। मजदूर भी सुरक्षा उपकरणों के साथ काम करें। इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही होगी तो जिम्मेदारों पर कार्रवाई की जाएगी। यातायात विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिया कि जहां संकरा मार्ग है, वहां ट्रैफिक नियंत्रण के लिए पुलिस कर्मियों की तैनाती की जाए। वहां बारी-बारी से वाहनों को पास कराया जाए ताकि आम जनता को दिक्कत न हो।
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विकास भवन में प्रेसवार्ता के दौरान प्रमुख सचिव ने कहा कि बारिश से पहले हर हाल में सड़कों को गड्ढामुक्त कराकर उन्हें दुरुस्त कराया जाए। इस पर डीएम विजय किरन आनंद ने बताया कि 20 जून तक सड़कों के गड्ढे पाटने के निर्देश दिए गए हैं। 25 जून को वह खुद शहर का निरीक्षण कर देखेंगे कि कितनी सड़कें गड्ढामुक्त हुईं। गड्ढामुक्त सड़कों की मरम्मत के बारे में पूछे जाने पर पीडब्ल्यूडी के अभियंताओं ने प्रमुख सचिव से इसके लिए पांच जुलाई तक की मोहलत ली।
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प्रमुख सचिव ने कहा कि पिछले चार वर्षों में जिले में बेहतर काम हुआ है। सभी विभागों को निर्देश दिया गया है कि गुणवत्ता के साथ निर्धारित समय में निर्माण कार्य पूरा कराएं। निरीक्षण में सुधार देखने को मिला है। गंगा पर बन रहे सामनेघाट-रामनगर पुल की गुणवत्ता और खतरनाक मोड़ के सवाल पर प्रमुख सचिव ने कहा कि उच्च स्तरीय कमेटी बनाकर इसकी जांच कराई जाएगी। बताया कि सभी विभागों को कहा गया है कि जो भी योजनाएं बनाएं वह भविष्य को देखते हुए हो और मुकम्मल हो। इसके पूर्व प्रमुख सचिव ने बड़ागांव स्थित लोहिया गांव भगवानपुर, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, राजकीय पालीटेक्निक कुरू, कछवा-कपसेठी मार्ग का निरीक्षण किया। उसके बाद अधिकारियों के साथ विकास भवन में समीक्षा बैठक की और निर्माण एजेंसियों को समय से काम पूरा कराने को कहा।
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लहरतारा पुल से भदऊं चुंगी तक राहगीरों के लिए जान का दुश्मन बने 150 से अधिक गड्ढों पर आखिरकार प्रशासन की नजर पड़ गई है। अमर उजाला में छपी खबरों का संज्ञान लेते हुए जिला प्रशासन ने कार्यदायी संस्था सेतु निगम को यातायात और सुरक्षा मानकों की अनदेखी न करने की सख्त हिदायत दी है। साथ ही, गड्ढों को पाटने और सड़क पर निर्माण सामग्री न फैलाने की ताकीद की है।
डीएम विजय किरन आनंद के निर्देश पर एडीएम सिटी विंध्यवासिनी ने कैंट मालगोदाम से अंधरापुल तक का निरीक्षण किया। चौकाघाट फ्लाईओवर के विस्तार कार्य के चलते आ रही दिक्कतों के मद्देनजर उन्होंने सेतु निगम के अधिकारियों को हिदायत दी कि यातायात प्रभावित न हो, इसके लिए जहां जरूरी है वहां गड्ढे भर दें। इसके अलावा निर्माण सामग्री को सड़क के पास न रखें। जहां निर्माण कार्य चल रहा है वहां पर सुरक्षा मानकों का पूरा ख्याल रखा जाए। लोहे की बैरिकेडिंग लगाएं और सर्विस रोड को बेहतर बनाए रखा जाए। मजदूर भी सुरक्षा उपकरणों के साथ काम करें। इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही होगी तो जिम्मेदारों पर कार्रवाई की जाएगी। यातायात विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिया कि जहां संकरा मार्ग है, वहां ट्रैफिक नियंत्रण के लिए पुलिस कर्मियों की तैनाती की जाए। वहां बारी-बारी से वाहनों को पास कराया जाए ताकि आम जनता को दिक्कत न हो।