{"_id":"6072035c8ebc3ed82f3ced0e","slug":"road-in-bad-status-in-varanasi-city-news-vns5844273141","type":"story","status":"publish","title_hn":"ऊबड़-खाबड़ गलियों से देवी के दर्शन करने जाएंगे श्रद्धालु","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
ऊबड़-खाबड़ गलियों से देवी के दर्शन करने जाएंगे श्रद्धालु
विज्ञापन
चैत्र नवरात्रि मंगलवार से प्रारंभ हो रही है। कोरोना संक्रमण के कारण नौ देवी के दर्शन को लेकर जिला प्रशासन और मंदिरों के व्यवस्थापकों में ऊहापोह की स्थिति है। दूसरी ओर शैलपुत्री देवी, बागेश्वरी देवी और मुखनिर्मल्यका गौरी के मंदिर की ओर जाने वाले रास्ते खस्ताहाल हैं और गंदगी का अंबार भी लगा हुआ है।
नवरात्रि में देवी का दर्शन करने वाले श्रद्धालुओं को इन्हीं मार्ग से होते हुए जाना पड़ेगा। जलालीपुरा से लेकर शैलपुत्री माता मंदिर तक सड़क जगह-जगह पर क्षतिग्रस्त है। जैतपुरा स्थित बागेश्वरी देवी मंदिर की ओर जाने वाली गली में लगे चौके उखड़ गए हैं। यही हाल गायघाट स्थित गौरी मंदिर की ओर जाने वाले रास्ते का भी है। श्रद्धालुओं की भीड़ को लेकर जिला प्रशासन कोरोना गाइड लाइन के बाबत मंदिर के पुजारियों और व्यवस्थापकों से बात कर रहा है, लेकिन मंदिर तक श्रद्धालु किन रास्तों से होकर पहुंचेंगे इस पर किसी का ध्यान नहीं है।
सुबह पांच बजे से रात आठ बजे तक होंगे दर्शन
कोरोना संक्रमण को देखेते हुए इस वर्ष सोशल डिस्टेंसिंग के साथी देवी दुर्गा के दर्शन सुबह 5:00 बजे से रात 8:00 बजे तक ही होंगे। इसके बाद मंदिर में दर्शनार्थियों को प्रवेश नहीं दिया जाएगा। शैलपुत्री मंदिर के पुजारी गजेंद्र गोस्वामी ने बताया कि हर वर्ष माता शैलपुत्री के दर्शन के लिए रात से ही लाइन लग जाती थी और दूसरे दिन रात 12:00 बजे तक दर्शन पूजा कर्म निरंतर चलता था। तेजी से बढ़ रहे कोरोना संक्रमण को देखते हुए इस वर्ष प्रशासन और मंदिर के पुजारियों की ओर से समय बदला गया है।
विज्ञापन
एक सप्ताह पहले बनी पांडेयपुर-आशापुर की सड़क जल निगम ने खोदी
चार करोड़ रुपये की लागत से पीडब्ल्यूडी ने पांडेयपुर से आशापुर मार्ग की मरम्मत कराई थी। अभी एक सप्ताह भी नहीं बीता और जल निगम ने पेयजल और सीवर लाइनों के लिए दो जगहों पर खोदाई कर दी है। इस बारे में पीडब्ल्यूडी के अधिशासी अभियंता सुग्रीव राम ने बताया कि कई बार कार्यदायी एजेंसियों को बताया गया है, लेकिन अक्सर जब सड़क बनती है तब ये लोग खोदकर खराब कर देते हैं। जल निगम के लोग पानी और सीवर मूलभूत आवश्यकता बताते हुए खोद देते हैं। इस बारे में उच्चाधिकारियों को अवगत कराया गया है।
विज्ञापन
नवरात्रि में देवी का दर्शन करने वाले श्रद्धालुओं को इन्हीं मार्ग से होते हुए जाना पड़ेगा। जलालीपुरा से लेकर शैलपुत्री माता मंदिर तक सड़क जगह-जगह पर क्षतिग्रस्त है। जैतपुरा स्थित बागेश्वरी देवी मंदिर की ओर जाने वाली गली में लगे चौके उखड़ गए हैं। यही हाल गायघाट स्थित गौरी मंदिर की ओर जाने वाले रास्ते का भी है। श्रद्धालुओं की भीड़ को लेकर जिला प्रशासन कोरोना गाइड लाइन के बाबत मंदिर के पुजारियों और व्यवस्थापकों से बात कर रहा है, लेकिन मंदिर तक श्रद्धालु किन रास्तों से होकर पहुंचेंगे इस पर किसी का ध्यान नहीं है।
विज्ञापन
सुबह पांच बजे से रात आठ बजे तक होंगे दर्शन
कोरोना संक्रमण को देखेते हुए इस वर्ष सोशल डिस्टेंसिंग के साथी देवी दुर्गा के दर्शन सुबह 5:00 बजे से रात 8:00 बजे तक ही होंगे। इसके बाद मंदिर में दर्शनार्थियों को प्रवेश नहीं दिया जाएगा। शैलपुत्री मंदिर के पुजारी गजेंद्र गोस्वामी ने बताया कि हर वर्ष माता शैलपुत्री के दर्शन के लिए रात से ही लाइन लग जाती थी और दूसरे दिन रात 12:00 बजे तक दर्शन पूजा कर्म निरंतर चलता था। तेजी से बढ़ रहे कोरोना संक्रमण को देखते हुए इस वर्ष प्रशासन और मंदिर के पुजारियों की ओर से समय बदला गया है।
विज्ञापन
एक सप्ताह पहले बनी पांडेयपुर-आशापुर की सड़क जल निगम ने खोदी
चार करोड़ रुपये की लागत से पीडब्ल्यूडी ने पांडेयपुर से आशापुर मार्ग की मरम्मत कराई थी। अभी एक सप्ताह भी नहीं बीता और जल निगम ने पेयजल और सीवर लाइनों के लिए दो जगहों पर खोदाई कर दी है। इस बारे में पीडब्ल्यूडी के अधिशासी अभियंता सुग्रीव राम ने बताया कि कई बार कार्यदायी एजेंसियों को बताया गया है, लेकिन अक्सर जब सड़क बनती है तब ये लोग खोदकर खराब कर देते हैं। जल निगम के लोग पानी और सीवर मूलभूत आवश्यकता बताते हुए खोद देते हैं। इस बारे में उच्चाधिकारियों को अवगत कराया गया है।