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Varanasi: बरेका में 12 हजार हार्स पावर की विद्युत रेल इंजन बनाने की तैयारी, टेंडर 14 अक्तूबर को निकलेगा

Sat, 08 Oct 2022 06:02 PM IST
उत्पल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी Published by: उत्पल कांत Updated Sat, 08 Oct 2022 06:02 PM IST
सार

बरेका  में बनने वाले सबसे शक्तिशाली 12 हजार अश्वशक्ति (एचपी) विद्युत रेल इंजन निर्माण के लिए 14 अक्तूबर को टेंडर होगा। इससे पहले 28 सितंबर को टेंडर जारी होने वाला था। 

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Preparation to make 12 thousand horse power electric locomotive in Blw varanasi
बनारस रेल इंजन कारखाना (बरेका) - फोटो : Agency (File Photo)

विस्तार

बनारस रेल इंजन कारखाना (बरेका) में बनने वाले सबसे शक्तिशाली 12 हजार अश्वशक्ति (एचपी) विद्युत रेल इंजन निर्माण के लिए 14 अक्तूबर को टेंडर होगा। इससे पहले 28 सितंबर को टेंडर जारी होने वाला था। टेंडर प्रक्रिया में कई विदेशी कंपनियां प्रतिभाग करेंगी। वहीं बरेका में निर्माण कार्य का शुभारंभ पीएम कर सकते हैं। इसके लिए बरेका की ओर से जिला प्रशासन को पत्र भेजा गया है।

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टेंडर प्रक्रिया शुरू होने से पहले चार विदेशी कंपनियों ने बरेका का दौरा किया था। बरेका में विजिट करने वाली कंपनियों में रूस की एसटीएम व टीएमएच, जर्मनी की सीमेन और फ्रांस की एक कंपनी है। टेंडर प्रक्रिया के बाद जिस भी कंपनी को कार्य आवंटन होगा, उस कंपनी की ओर से मास्टर ट्रेनर बरेका के इंजीनियर्स को तकनीकी प्रशिक्षण देंगे। लगभग दो साल प्रशिक्षण के बाद बरेका कर्मचारियों द्वारा ही रेल इंजन बनाए जाएंगे।
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2022 की तकनीकी पर बनेगा इंजन
अभी तक बरेका में बनने वाले रेल इंजन 1995 की तकनीकी पर बन रहे थे। लेकिन 12 हजार अश्वशक्ति का रेल इंजन 2022 की अत्याधुनिक तकनीकी से बनेंगे। बरेका उप महाप्रबंधक विजय ने बताया कि अत्याधुनिक तकनीकी पर रेल इंजन बनने से इसके संचालन के साथ ही मेंटेनेंस में आसानी होगी। 
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10 साल में बनेंगे 800 रेल इंजन

बरेका में 10 साल में कुल 800 रेल इंजन बनाए जाएंगे। सत्र 2023-24 में पांच इंजन बनाए जाएंगे। इसके बाद 35 फिर 60 इंजन बनाए जाएंगे। उसके बाद प्रतिवर्ष 100 इंजन बनेगा। जिस कंपनी को निर्माण कार्य का आवंटन होगा उससे 10 साल तक ही सहयोग लिया जाएगा। उसकी तकनीकी पर दस साल तक ही काम होगा। उसके बाद यहां के कर्मचारी उसी तकनीकी पर खुद काम करेंगे। 

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