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Varanasi News: 15 को सदन की बैठक में प्रस्ताव रखेंगे विपक्षी पार्षद
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नगर निगम की ओर से मांस एवं मछली की दुकानों को शहर से बाहर स्थानांतरित करने के आदेश के विरोध में बृहस्पतिवार को टाउनहाॅल में व्यापारियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों की बैठक हुई। इसमें तय किया गया कि आगामी 15 जुलाई को टाउनहाॅल में होने वाली नगर निगम सदन की बैठक में विपक्षी दलों के पार्षद और सदस्य यह प्रस्ताव रखेंगे कि नगर आयुक्त एवं मेयर इस आदेश को तत्काल वापस लें।
बैठक में आशा व्यक्त की गई कि नगर निगम जनभावनाओं और प्रभावित परिवारों की समस्याओं को ध्यान में रखते हुए अपने निर्णय पर पुनर्विचार करेगा। यह भी निर्णय लिया गया कि यदि नगर निगम की ओर से आदेश वापस नहीं लिया जाता है तो मांस एवं मछली व्यापारियों, श्रमिकों, नागरिक संगठनों और राजनीतिक दलों के साथ मिलकर व्यापक जनांदोलन शुरू किया जाएगा।
बैठक में शामिल सदस्यों ने कहा कि हजारों परिवारों की आजीविका इस व्यवसाय से जुड़ी है और बिना पर्याप्त संवाद तथा वैकल्पिक व्यवस्था के इस प्रकार का निर्णय सामाजिक एवं आर्थिक संकट पैदा कर सकता है। उन्होंने नगर निगम प्रशासन से प्रभावित पक्षों के साथ वार्ता कर लोकतांत्रिक तरीके से समाधान निकालने की मांग की। बैठक में उपस्थित लोगों ने एक स्वर में कहा कि रोजगार, भोजन की पसंद और सम्मानजनक जीवन के अधिकार की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रहेगा तथा जरूरत पड़ने पर आंदोलन को और व्यापक बनाया जाएगा। बैठक में महानगर कांग्रेस अध्यक्ष राघवेंद्र चौबे, आम आदमी पार्टी के महानगर अध्यक्ष कैलाश पटेल, जितेंद्र, नंदलाल मास्टर, डॉ. धनंजय त्रिपाठी, मनीष शर्मा, अब्दुल्लाह, सुमित सोनकर, कांता और एडवोकेट हैप्पी आदि मौजूद रहे।
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बैठक में आशा व्यक्त की गई कि नगर निगम जनभावनाओं और प्रभावित परिवारों की समस्याओं को ध्यान में रखते हुए अपने निर्णय पर पुनर्विचार करेगा। यह भी निर्णय लिया गया कि यदि नगर निगम की ओर से आदेश वापस नहीं लिया जाता है तो मांस एवं मछली व्यापारियों, श्रमिकों, नागरिक संगठनों और राजनीतिक दलों के साथ मिलकर व्यापक जनांदोलन शुरू किया जाएगा।
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बैठक में शामिल सदस्यों ने कहा कि हजारों परिवारों की आजीविका इस व्यवसाय से जुड़ी है और बिना पर्याप्त संवाद तथा वैकल्पिक व्यवस्था के इस प्रकार का निर्णय सामाजिक एवं आर्थिक संकट पैदा कर सकता है। उन्होंने नगर निगम प्रशासन से प्रभावित पक्षों के साथ वार्ता कर लोकतांत्रिक तरीके से समाधान निकालने की मांग की। बैठक में उपस्थित लोगों ने एक स्वर में कहा कि रोजगार, भोजन की पसंद और सम्मानजनक जीवन के अधिकार की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रहेगा तथा जरूरत पड़ने पर आंदोलन को और व्यापक बनाया जाएगा। बैठक में महानगर कांग्रेस अध्यक्ष राघवेंद्र चौबे, आम आदमी पार्टी के महानगर अध्यक्ष कैलाश पटेल, जितेंद्र, नंदलाल मास्टर, डॉ. धनंजय त्रिपाठी, मनीष शर्मा, अब्दुल्लाह, सुमित सोनकर, कांता और एडवोकेट हैप्पी आदि मौजूद रहे।
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