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वाराणसीः गंगा में सीधे नहीं गिरेगा कोई सीवर, अस्सी नाले को जल्द करेंगे टैप
Wed, 29 Jan 2020 12:54 AM IST
दुष्यंत शर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Wed, 29 Jan 2020 12:54 AM IST
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गंगा यात्रा के दूसरे दिन मंगलवार को राजघाट पर हुई स्वागत सभा में उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि गंगा की निर्मलता और अविरलता के रथ को आगे बढ़ाने के लिए पहिये का काम मोदी-योगी की सरकार कर रही है।
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2014 में जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आए थे तो उन्होंने कहा था कि मुझे तो मां गंगा ने बुलाया है। उस समय गंगा की अविरलता, निर्मलता असंभव लग रहा था। लेकिन आज मोदी सरकार ने वह सपना पूरा करने की दिशा में काम किया है। प्रदेश में 52 एसटीपी का निर्माण हुआ है।
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उप मुख्यमंत्री मौर्य ने कहा कि अब गंगा में सीधे कोई सीवर नहीं गिरने देंगे। काशी में अस्सी नाले को छोड़ दिया जाए तो बाकी नालों को टैप किया गया है। अस्सी नाले को भी जल्द टैप करेंगे। वहीं केंद्रीय जलशक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा कि 2014 में भगीरथी भाव लेकर पीएम नरेंद्र मोदी काशी आए थे।
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केंद्रीय मंत्री डा. महेंद्र नाथ पांडेय ने कहा कि दो बजे का कार्यक्रम सात बजे हो रहा है। इसके लिए क्षमा प्रार्थी हूं। गंगा के नाम पर रास्तेभर लोगों ने इतना जबरदस्त स्वागत किया कि आने में विलंबल हुआ। आधुनिक भगीरथ नरेंद्र मोदी जिंदाबाद के नारे लगवाए।
प्रदेश के जलशक्ति मंत्री महेंद्र सिंह ने कहा कि 2014 में पीएम नरेंद्र मोदी को शपथ लेने से पूर्व काशी आए और पहले मां गंगा की आरती की। इसके बाद उन्होंने शपथ ली। उन्हीं के प्रयास से नमामि गंगे योजना है।
27 जिलों से गुजरने वाली गंगा में सीधे सीवर नहीं गिरेगा। पहले उसे तालाब में गिराया जाएगा। इसके बाद उसे साफ करके गंगा में डाला जाएगा। स्वागत सभा के बाद सभी लोगों ने मां गंगा की पूजा अर्चना की और गंगा आरती देखी। पहले गंगा आरती का कार्यक्रम दशाश्वमेध घाट पर था लेकिन देरी के चलते कार्यक्रम स्थगित हो गया है।