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मुन्ना बजरंगी की तेरहवीं के दौरान रही कड़ी सुरक्षा, कई राज्यों के लोग हुए शामिल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जौनपुर
Updated Mon, 23 Jul 2018 10:22 AM IST
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मुन्ना बजरंगी की तेरहवीं
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माफिया मुन्ना बजरंगी की तेरहवीं शनिवार को कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच सम्पन्न हुई। यूपी के जौनपुर में पैतृक गांव पूरे दयाल कशेरू में सुरक्षा के लिहाज से आठ थानों की फोर्स और एक प्लाटून पीएसी के जवान तैनात किए गए थे। दोपहर से ही लोगों के आने जाने का सिलसिला शुरू हो गया था, जो देर शाम तक चलता रहा।
तेरहवीं में पूर्वांचल के कई जिलों के अलावा दिल्ली, हरियाणा, उत्तराखंड, महाराष्ट्र, बिहार, झारखंड से भी लोग शामिल होने के लिए पहुंचे थे। बाबतपुर एयरपोर्ट से गांव तक लक्जरी गाड़ियों का तांता लगा रहा। करणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुखदेव सिंह गोगामेड़ी भी पहुंचे।
प्रेम प्रकाश उर्फ मुंन्ना बजरंगी की नौ जुलाई को बागपत जेल में गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। माफिया की तेरहवीं के लिए परिवार वालों की ओर से 15 हजार कार्ड बांटे गए थे। इसके अलावा व्हाट्सएप के जरिए भी तमाम लोगों को संदेश भेजा गया था।
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एलआईयू ने बजरंगी की तेरहवीं में भारी भीड़ जुटने की सूचना जिला प्रशासन को दी थी। प्रशासन पूरी तरह से चौकस था। बजरंगी के आवास समेत मडिय़ाहूं से लेकर जगह जगह रास्ते में भी पुलिस फोर्स तैनात की गई थी। आठ थानों की पुलिस फोर्स के अलावा पीएसी की जवान भी तैनात रहे।
बारिश को देखते हुए बजरंगी के घर पर वाटरप्रू्फ टेंट में बड़ा पंडाल बनाया गया था। दरवाजे पर बजरंगी की बड़ी तस्वीर रखी गई थी। दोपहर में बारिश बंद होने के बाद से यहां लोगों के आने जाने का सिलसिला शुरू हुआ तो देर शाम तक चलता रहा। हर आने वाले पुलिस की निगाह बनी रही।
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तेरहवीं में पूर्वांचल के कई जिलों के अलावा दिल्ली, हरियाणा, उत्तराखंड, महाराष्ट्र, बिहार, झारखंड से भी लोग शामिल होने के लिए पहुंचे थे। बाबतपुर एयरपोर्ट से गांव तक लक्जरी गाड़ियों का तांता लगा रहा। करणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुखदेव सिंह गोगामेड़ी भी पहुंचे।
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प्रेम प्रकाश उर्फ मुंन्ना बजरंगी की नौ जुलाई को बागपत जेल में गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। माफिया की तेरहवीं के लिए परिवार वालों की ओर से 15 हजार कार्ड बांटे गए थे। इसके अलावा व्हाट्सएप के जरिए भी तमाम लोगों को संदेश भेजा गया था।
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एलआईयू ने बजरंगी की तेरहवीं में भारी भीड़ जुटने की सूचना जिला प्रशासन को दी थी। प्रशासन पूरी तरह से चौकस था। बजरंगी के आवास समेत मडिय़ाहूं से लेकर जगह जगह रास्ते में भी पुलिस फोर्स तैनात की गई थी। आठ थानों की पुलिस फोर्स के अलावा पीएसी की जवान भी तैनात रहे।
बारिश को देखते हुए बजरंगी के घर पर वाटरप्रू्फ टेंट में बड़ा पंडाल बनाया गया था। दरवाजे पर बजरंगी की बड़ी तस्वीर रखी गई थी। दोपहर में बारिश बंद होने के बाद से यहां लोगों के आने जाने का सिलसिला शुरू हुआ तो देर शाम तक चलता रहा। हर आने वाले पुलिस की निगाह बनी रही।
करणी सेना ने सरकार को दी 90 दिन की मोहलत
मुन्ना बजरंगी के घर पहुंचे करणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुखदेव सिंह गोगामेड़ी
- फोटो : अमर उजाला
करणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुखदेव सिंह गोगामेड़ी ने मुन्ना बजरंगी हत्याकांड के खुलासे के लिए प्रदेश सरकार को 90 दिन का समय दिया। हत्या का खुलासा नहीं हुआ तो करणी सेना सड़क पर उतरेगी। उन्होंने सीबीआई जांच की मांग की।
उन्होंने कहा कि मुन्ना बजरंगी आरोपी था, सजायाफ्ता नहीं। जेल में उनकी सुरक्षा की जिम्मेदारी प्रदेश सरकार की थी। प्रदेश सरकार की कैसी सुरक्षा थी कि जेल के अंदर गोली मारकर हत्या कर दी गई। प्रदेश सरकार को इस हत्याकांड का खुलासा करना चाहिए। सरकार 90 दिन में खुलासा नहीं करती करती तो मान लिया जाएगा कि सरकार ही गुनहगार है।
मुकदमे की पैरवी करने के लिए बजरंगी के परिवार को भी सुरक्षा व्यवस्था मुहैया कराया जाना चाहिए नहीं तो इनके परिवार के साथ भी कोई अप्रिय घटना घट सकती हैं। उन्होंने मामले की सीबीआई को जांच की मांग की। ऐसा नहीं होता तो लाखों की संख्या में लखनऊ की सड़कों पर उत्तर कर आंदोलन करेंगे।
बजरंगी की पत्नी सीमा सिंह ने सरकार के इशारे पर पति की हत्या का आरोप लगाया। जेल में किस तरीके से उनकी हत्या की गई। हत्या किसने कराई इसकी सीबीआई जांच होनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि मुन्ना बजरंगी आरोपी था, सजायाफ्ता नहीं। जेल में उनकी सुरक्षा की जिम्मेदारी प्रदेश सरकार की थी। प्रदेश सरकार की कैसी सुरक्षा थी कि जेल के अंदर गोली मारकर हत्या कर दी गई। प्रदेश सरकार को इस हत्याकांड का खुलासा करना चाहिए। सरकार 90 दिन में खुलासा नहीं करती करती तो मान लिया जाएगा कि सरकार ही गुनहगार है।
मुकदमे की पैरवी करने के लिए बजरंगी के परिवार को भी सुरक्षा व्यवस्था मुहैया कराया जाना चाहिए नहीं तो इनके परिवार के साथ भी कोई अप्रिय घटना घट सकती हैं। उन्होंने मामले की सीबीआई को जांच की मांग की। ऐसा नहीं होता तो लाखों की संख्या में लखनऊ की सड़कों पर उत्तर कर आंदोलन करेंगे।
बजरंगी की पत्नी सीमा सिंह ने सरकार के इशारे पर पति की हत्या का आरोप लगाया। जेल में किस तरीके से उनकी हत्या की गई। हत्या किसने कराई इसकी सीबीआई जांच होनी चाहिए।