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मुगलसराय में व्यवसायी ने पहले पत्नी को फिर खुद को मारी गोली, दोनों की मौत
ब्यूरो,अमर उजाला,मुगलसराय
Updated Fri, 08 Sep 2017 07:37 PM IST
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पति-पत्नी की फाईल फोटो
- फोटो : अमर उजाला
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यूपी के मुगलसराय में एक बड़े व्यवसायी ने शुक्रवार की दोपहर अफीम कोठी रोड स्थित आवास में अपनी लाइसेंसी रिवाल्वर से पत्नी को गोली मारने के बाद को गोली मार ली। दोनों की मौत मौके पर ही हो गई। सूचना मिलते ही चंदौली एसपी सहित कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंच गई और मामले की छानबीन में जुट गई।
वहीं कुछ देर बाद मौके पर पहुंची फारेंसिक टीम ने भी घटना स्थल से साक्ष्य जुटाए। आवश्यक कार्यवाही के बाद पुलिस ने पंचनामा कर दोनों शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला चिकित्सालय भेज दिया।
मोबाइल के थोक व्यवसायी संजय क्वात्रा (42) पुत्र सूरज क्वात्रा अपनी पत्नी सोनिया क्वात्रा (38) अपने बेटे (12) और बेटी हर्षिता (14) के साथअफीम कोठ रोड स्थित मकान में रहते थे। मकान के एक हिस्से में संजय के माता पिता रहते हैं।
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बिल्डिंग के एक हिस्से में संजय का मोबाइल का शोरूम भी है। कर्मचारियों के मुताबिक, हर रोज की भांति शुक्रवार की सुबह संजय सुबह करीब 11बजे शोरूम में आये। फिर किसी काम से ऊपर अपने कमरे में चले गए। कर्मचारियों ने बताया कि कुछ देर बाद शोरूम से इंटरकाम के जरिए उनको फोन मिलाया गया लेकिन फोन नहीं उठा।
बताया कि लगभग एक बजे उनके दोनों बच्चे जब स्कूल से लौटे तो बेडरूम का दरवाजा बंद देख उसे खुलवाने का प्रयास किया। दरवाजा नहीं खुला तो बच्चों ने इसकी जानकारी शोरूम के स्टाफ को दी। बाद में एक कर्मचारी बच्चों के साथ ऊपर गया और कमरे का दरवाजा खुलवाने लगा।
कोई भी आवाज नहीं आने पर जोर से धक्का देकर दरवाजा खोला तो देखा कि सोनिया बिस्तर पर और संजय जमीन पर खून से लथपथ पड़े हुए हैं। सूचना पर सबसे पहले सीओ सदर मौके पर पहुंच गए।
बाद में कोतवाल एसपी सिंह मय फोर्स मौके पर पहुंचे और छानबीन में जुट गए। इस संबंध में पुलिस अधीक्षक संतोष सिंह ने बताया कि प्रथम दृष्टया संजय ने पहले पत्नी को गोली मारी होगी इसके बाद खुद की कनपटी पर रिवाल्वर से गोली मारकर आत्महत्या कर ली।
बताया कि संजय के दाहिने हाथ में रिवाल्वर फंसी हुई थी फिलहाल मामले की जांच की जा रही है।
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वहीं कुछ देर बाद मौके पर पहुंची फारेंसिक टीम ने भी घटना स्थल से साक्ष्य जुटाए। आवश्यक कार्यवाही के बाद पुलिस ने पंचनामा कर दोनों शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला चिकित्सालय भेज दिया।
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मोबाइल के थोक व्यवसायी संजय क्वात्रा (42) पुत्र सूरज क्वात्रा अपनी पत्नी सोनिया क्वात्रा (38) अपने बेटे (12) और बेटी हर्षिता (14) के साथअफीम कोठ रोड स्थित मकान में रहते थे। मकान के एक हिस्से में संजय के माता पिता रहते हैं।
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बिल्डिंग के एक हिस्से में संजय का मोबाइल का शोरूम भी है। कर्मचारियों के मुताबिक, हर रोज की भांति शुक्रवार की सुबह संजय सुबह करीब 11बजे शोरूम में आये। फिर किसी काम से ऊपर अपने कमरे में चले गए। कर्मचारियों ने बताया कि कुछ देर बाद शोरूम से इंटरकाम के जरिए उनको फोन मिलाया गया लेकिन फोन नहीं उठा।
बताया कि लगभग एक बजे उनके दोनों बच्चे जब स्कूल से लौटे तो बेडरूम का दरवाजा बंद देख उसे खुलवाने का प्रयास किया। दरवाजा नहीं खुला तो बच्चों ने इसकी जानकारी शोरूम के स्टाफ को दी। बाद में एक कर्मचारी बच्चों के साथ ऊपर गया और कमरे का दरवाजा खुलवाने लगा।
कोई भी आवाज नहीं आने पर जोर से धक्का देकर दरवाजा खोला तो देखा कि सोनिया बिस्तर पर और संजय जमीन पर खून से लथपथ पड़े हुए हैं। सूचना पर सबसे पहले सीओ सदर मौके पर पहुंच गए।
बाद में कोतवाल एसपी सिंह मय फोर्स मौके पर पहुंचे और छानबीन में जुट गए। इस संबंध में पुलिस अधीक्षक संतोष सिंह ने बताया कि प्रथम दृष्टया संजय ने पहले पत्नी को गोली मारी होगी इसके बाद खुद की कनपटी पर रिवाल्वर से गोली मारकर आत्महत्या कर ली।
बताया कि संजय के दाहिने हाथ में रिवाल्वर फंसी हुई थी फिलहाल मामले की जांच की जा रही है।
बूढे कंधों पर है अब पोता-पोती को संभालने का बोझ
घर के बाहर जमा भीड़
- फोटो : अमर उजाला
जब दोनों बच्चों ने मां बाप का कमरे में शव पड़ा देखा तो उनका रो- रोकर बुरा हाल हो गया। उधर पिता सूरज का भी हाल बुरा रहा जबकि मां की तबीयत खराब होने कारण वह बिस्तर पर ही पड़ी रही।
बड़े भाई की पांच वर्ष पहले ही बीमारी के कारण मौत हो चुकी थी और भाइयों में आपसी विवाद के चलते दोनों परिवार अलग अलग रहते थे। इस घटना के बाद से दोनों बच्चों को संभालने का बोझ अब बूढ़े कंधों पर आ गया है।
मुगलसराय के कोल व्यवसायी सूरज क्वात्रा के दो पुत्र थे। जिससे में राजू क्वात्रा बड़ा व संजय क्वात्रा छोटा पुत्र था। व्यवसाय को लेकर दोनों भाइयों में काफी समय पहले विवाद हो गया जिसके बाद दोनों अलग-अलग रहने लगे।
राजू की लगभग पांच वर्ष पहले बीमारी के कारण मौत हो गई। संजय से विवाद के चलते उसके भाई राजू का परिवार कृष्णा नगर कालोनी में रह रहा है। वहीं बुजुर्ग मां-बाप अफीम कोठी रोड स्थित मकान में ही रहते हैं। इसी मकान के एक हिस्से में संजय भी परिवार के साथ रहता था।
इसका भी कारोबार काफी अच्छा चल रहा था। लोगों ने बताया कि संजय की उसके पिता सूरज से कई वर्षों से बातचीत नहीं होती थी। इसके चलते बड़े बेटे राजू का बेटा ही दादा-दादी की देखभाल करता है।
शुक्रवार की घटना के बाद पिता सूरज परिस्थितियों के आगे पूरी तरह से बेबस नजर आया। एक तरफ बेटे और बहू की मौत का दर्द तो दूसरी तरफ बच्चों की जिम्मेदारी का ख्याल बुजुर्ग के हौसले को तोड़ता नजर आया। फिलहाल परिवार की परिस्थतियां ऐसी हैं कि परिवार में धन की कमी तो नहीं लेकिन रिश्ते दूर-दूर तक नजर नहीं आ रहे हैं।
बड़े भाई की पांच वर्ष पहले ही बीमारी के कारण मौत हो चुकी थी और भाइयों में आपसी विवाद के चलते दोनों परिवार अलग अलग रहते थे। इस घटना के बाद से दोनों बच्चों को संभालने का बोझ अब बूढ़े कंधों पर आ गया है।
मुगलसराय के कोल व्यवसायी सूरज क्वात्रा के दो पुत्र थे। जिससे में राजू क्वात्रा बड़ा व संजय क्वात्रा छोटा पुत्र था। व्यवसाय को लेकर दोनों भाइयों में काफी समय पहले विवाद हो गया जिसके बाद दोनों अलग-अलग रहने लगे।
राजू की लगभग पांच वर्ष पहले बीमारी के कारण मौत हो गई। संजय से विवाद के चलते उसके भाई राजू का परिवार कृष्णा नगर कालोनी में रह रहा है। वहीं बुजुर्ग मां-बाप अफीम कोठी रोड स्थित मकान में ही रहते हैं। इसी मकान के एक हिस्से में संजय भी परिवार के साथ रहता था।
इसका भी कारोबार काफी अच्छा चल रहा था। लोगों ने बताया कि संजय की उसके पिता सूरज से कई वर्षों से बातचीत नहीं होती थी। इसके चलते बड़े बेटे राजू का बेटा ही दादा-दादी की देखभाल करता है।
शुक्रवार की घटना के बाद पिता सूरज परिस्थितियों के आगे पूरी तरह से बेबस नजर आया। एक तरफ बेटे और बहू की मौत का दर्द तो दूसरी तरफ बच्चों की जिम्मेदारी का ख्याल बुजुर्ग के हौसले को तोड़ता नजर आया। फिलहाल परिवार की परिस्थतियां ऐसी हैं कि परिवार में धन की कमी तो नहीं लेकिन रिश्ते दूर-दूर तक नजर नहीं आ रहे हैं।