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किर्गिस्तान में फंसे हैं तीन हजार से अधिक मेडिकल छात्र, सोशल मीडिया पर लगा रहे हैं लोगों से गुहार

Fri, 24 Jul 2020 11:42 PM IST
गीतार्जुन गौतम न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी Published by: गीतार्जुन गौतम Updated Fri, 24 Jul 2020 11:42 PM IST
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More than three thousand medical students are stranded in Kyrgyzstan, are calling on people on social media
मेडिकल स्टूडेंटस। - फोटो : demo pic

किर्गिस्तान में अभी भी प्रदेश सहित अन्य राज्यों के करीब तीन हजार से अधिक लोग फंसे हुए हैं। इसमें अधिकतर मेडिकल छात्र हैं। उनके पास किराया का पैसा तक नहीं है। ऐसे लोग दूतावास से लेकर अन्य लोगों से सोशल मीडिया पर गुहार लगा रहे हैं।

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बृहस्पतिवार की रात किर्गिस्तान से स्पाइस जेट के चार्टर विमान से आए मेडिकल छात्रों ने वहां की भयावहता की स्थिति को साझा किया। मेडिकल छात्र अभिनेता सोनू सूद का आभार जताया कि उनकी बदौलत घर पहुंच गए। किर्गिस्तान में मेडिकल कॉलेज के छात्र और हरहुआ निवासी मार्कंडेय चौबे ने बताया कि किराया तक का पैसा छात्रों के पास नहीं रह गया है।

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किर्गिस्तान से वाराणसी का किराया इस समय 40 से 45 हजार है। सोनू सूद से ट्विटर पर गुहार लगाई गई तो उन्होंने स्पाइस जेट का चार्टर विमान बुक कराया। इसमें 24 हजार रुपये छात्र और 15 से 18 हजार रुपये सोनू सूद ने खुद वहन किए। इस वजह से हम सभी 135 छात्र-छात्राएं अपने-अपने घर पहुंचे। 

संतकबीरनगर के रहने वाले अबू सुफयान ने बताया कि किर्गिस्तान से वापस घर आने के लिए लोग बेताब और परेशान हैं। हम अपने को भाग्यशाली मानते हैं कि घर पहुंच गए। अभी भी दो से तीन हजार छात्र भारत आने के लिए परेशान हैं। 

दो दिन से भूखे छात्र को क्वारन्टीन सेंटर में नहीं मिला अन्न 

मेडिकल के छात्र मार्कंडेय बाबतपुर एयरपोर्ट पर उतरे तो उन्हें परमानंदपुर स्थित एक क्वारंटीन सेंटर में रखा गया। मार्कंडेय के अनुसार रात में एयरपोर्ट से सीधे सेंटर पहुंचे लेकिन भोजन व पानी नहीं मिला। 
जब एयरपोर्ट पर हमारे एक मिलने वाले भोजन लेकर आए तो यह कह कर भोजन नहीं करने दिया गया कि क्वारंटीन सेंटर में भोजन मिलेगा। दो दिन से बिना कुछ खाए पिए किर्गिस्तान से वाराणसी पहुंचा था, यहां भी भूखे रख दिया गया। इसलिए शुक्रवार की सुबह नोडल अधिकारी से वार्ता कर खुद को होम क्वारंटीन कर लिया हूं।

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