UP: IIT की छात्रा से सामूहिक दुष्कर्म का केस, एयरटेल के नोडल अफसर की वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से सुनवाई; मिली डेट
आईआईटी-बीएचयू छात्रा से सामूहिक दुष्कर्म मामले में सोमवार को फास्ट ट्रैक कोर्ट में सुनवाई हुई। एयरटेल के नोडल अधिकारी कौशलेन्द्र त्रिपाठी की वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से गवाही दर्ज की गई। आरोपी आनंद चौहान के अधिवक्ता ने उनसे जिरह की। अभियोजन की अंतिम गवाही का दौर जारी है। अदालत ने अगली सुनवाई 13 अगस्त तय की है।
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Varanasi News: आईआईटी-बीएचयू की छात्रा से सामूहिक दुष्कर्म के मामले में सोमवार को फास्ट ट्रैक कोर्ट (प्रथम) में सुनवाई हुई। इस दौरान एयरटेल लिमिटेड के नोडल अधिकारी कौशलेन्द्र त्रिपाठी की वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से गवाही दर्ज की गई। मामले में अभियोजन पक्ष की ओर से गवाहों की अंतिम गवाही का दौर चल रहा है। अदालत ने अगली सुनवाई के लिए 13 अगस्त की तारीख तय की है।
अभियोजन पक्ष की ओर से सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता मनोज गुप्ता ने गवाह कौशलेन्द्र त्रिपाठी का बयान दर्ज कराया। कौशलेन्द्र त्रिपाठी एयरटेल लिमिटेड के गोमतीनगर, लखनऊ स्थित कार्यालय में नोडल अधिकारी हैं। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिये हुई गवाही के दौरान आरोपी आनंद चौहान के अधिवक्ता ने गवाह से जिरह की। सोमवार को जिरह पूरी नहीं हो सकी और इसे आगे भी जारी रखा जाएगा। सुनवाई के दौरान अन्य आरोपियों के अधिवक्ता भी अदालत में मौजूद रहे।
अभियोजन पक्ष के मुताबिक, मामले में अब गवाहों की अंतिम गवाही का चरण चल रहा है। ऐसे में अदालत की आगामी सुनवाई महत्वपूर्ण मानी जा रही है। 13 अगस्त को होने वाली सुनवाई में गवाह से जिरह की प्रक्रिया आगे बढ़ने की संभावना है।
यह मामला दो नवंबर 2023 की रात का है। आरोप है कि बीएचयू परिसर में आईआईटी की एक छात्रा के साथ बाइक सवार तीन आरोपियों ने सामूहिक दुष्कर्म किया था। घटना के बाद पीड़िता की ओर से लंका थाने में तीन आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी।
पुलिस की विवेचना के दौरान मामले में कुणाल पांडेय, आनंद चौहान उर्फ अभिषेक और सक्षम पटेल के नाम सामने आए। इसके बाद तीनों को मामले में आरोपी बनाया गया। प्रकरण की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में चल रही है। सोमवार की सुनवाई में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से नोडल अधिकारी की गवाही दर्ज होने के साथ ही बचाव पक्ष की ओर से जिरह की गई। अब अदालत में अगली सुनवाई 13 अगस्त को होगी।