शुद्धाद्वैत ब्रह्मवाद निर्गुण पुष्टि भक्तिमार्ग के संस्थापक अखंड भूमंडलाचार्य जगद्गुरु श्रीवल्लभाचार्य महाप्रभुजी के 549वें प्राकट्य महोत्सव पर षष्ठपीठ गोपाल मंदिर चौखंभा में 11 अप्रैल से चार दिवसीय उत्सव शुरू होगा। षष्ठपीठाधीश्वर गोस्वामी श्याममनोहर महाराज ने बृहस्पतिवार को मंदिर में पत्रकारों को बताया कि श्री मुकुंद गोपाल सेवा संस्थान की ओर से महाप्रभु के प्राकट्य पर पहले दिन रूपमंजरी राजा बेटी की सजावट, दूसरे दिन 12 अप्रैल को मंगला दर्शन और पुष्टि ध्वजारोहण होगा।
श्री मुकुंद गोपाल सेवा संस्थान, रोटरी क्लब वाराणसी इलीट और आरजे शंकरा आई हॉस्पिटल की ओर से मंदिर परिसर में निशुल्क मोतियाबिंद जांच एवं ऑपरेशन शिविर लगेगा। शिविर सुबह 9:30 से दिन में एक बजे तक लगेगा। संध्या आरती के बाद वक्तृत्व स्पर्धा होगी। 13 अप्रैल को प्राकट्य दिवस पर सुबह मंगला दर्शन, गिरिराज का दुग्धाभिषेक, सर्वोत्तम स्तोत्र का पाठ एवं नामरत्नाख्य, वल्लभाष्टक, सप्तश्लोकी का पाठ होगा। शाम चार बजे महाप्रभु की शोभायात्रा गोपाल मंदिर से निकलकर ग्वालदास साहू लेन, सोराकुआं, ठठेरी बाजार, जौहरी बाजार, चौखंभा होते हुए पुनः मंदिर आएगी। यहां सभा होगी। सभा में श्रीमहाप्रभु का पंचोपचार पूजन, बधाईगान, विद्वानों के प्रवचन व वरिष्ठ वैष्णवों (दो पुरुष एवं दो महिलाओं) का सम्मान होगा। गोस्वामी श्याममनोहर महाराज एवं प्रियेंदु बाबा का आशीर्वचन होगा। शयन के समय श्री मुकुंद गोपाल प्रभु के मनोरथ के दर्शन होंगे। उन्होंने बताया कि अंतिम दिन 14 अप्रैल को संगीत संध्या का आयोजन होगा। राजेंद्र वैष्णव (जोधपुर) का गायन होगा। इस मौके पर अतुल शाह, मनोज गुजराती, राममोहन दास गुप्ता, रितु आदि मौजूद रहे।