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प्रबोधनी एकादशी: लोकहित के लिए जागेंगे भगवान विष्णु, होगा तुलसी से विवाह
ब्यूरो,अमर उजाला,वाराणसी
Updated Tue, 31 Oct 2017 10:54 AM IST
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क्षीरसागर में छह महीने शयन के बाद हरिप्रबोधिनी एकादशी में भगवान विष्णु जगत के कल्याण के लिए जागेंगे। हरि को जगाने के लिए कार्तिक मास में महीने भर से दीपदान, पूजन-अर्चन और अनुष्ठान के जतन चल रहे हैं।
31 अक्तूबर को भगवान विष्णु का तुलसी से विवाह होगा। इसके कुछ दिन बाद ही सहालग में शहनाइयां बजनी शुरू हो जाएंगी। विवाह मुहूर्त का इंतजार कर रहे घरों में शादियों की तैयारियां शुरू हो गई हैं। इस बार 31 अक्तूबर को हरिप्रबोधिनी एकादशी है लेकिन वैवाहिक मुहूर्त 19 नवंबर से शुरू हो रहे हैं।
ज्योतिष के जानकार आचार्यों का कहना है कि मुहूर्त देरी से शुरू होने की वजह गुरु व शुक्र ग्रहों का अस्त रहना है। ये दोनों ग्रह विवाह के कारक ग्रह हैं। नवंबर-दिसंबर में विवाह के कुल 15 शुभ मुहूर्त हैं। बाजार में शादियों की खरीदारी शुरू हो गई है।
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31 अक्तूबर को भगवान विष्णु का तुलसी से विवाह होगा। इसके कुछ दिन बाद ही सहालग में शहनाइयां बजनी शुरू हो जाएंगी। विवाह मुहूर्त का इंतजार कर रहे घरों में शादियों की तैयारियां शुरू हो गई हैं। इस बार 31 अक्तूबर को हरिप्रबोधिनी एकादशी है लेकिन वैवाहिक मुहूर्त 19 नवंबर से शुरू हो रहे हैं।
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ज्योतिष के जानकार आचार्यों का कहना है कि मुहूर्त देरी से शुरू होने की वजह गुरु व शुक्र ग्रहों का अस्त रहना है। ये दोनों ग्रह विवाह के कारक ग्रह हैं। नवंबर-दिसंबर में विवाह के कुल 15 शुभ मुहूर्त हैं। बाजार में शादियों की खरीदारी शुरू हो गई है।
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विवाह के लिए इस दिन विशेष शुभ मुहूर्त
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सूर्य के 17 नवंबर को वृश्चिक राशि में प्रवेश के बाद 19 नवंबर से शुरू होकर 12 दिसंबर तक वैवाहिक मुहूर्त रहेगा। दो माह में कुल 15 दिन ही शुभ मुहूर्त रहेंगे। पं. कैलाश नाथ उपाध्याय ने बताया इस वर्ष तीन जुलाई को विवाह का आखिरी मुहूर्त था।
अब 19 नवंबर से सहालग शुरू होगा। इसके बाद वर्ष 2018 में मकर संक्रांति के बाद विवाह मुहूर्त प्रारंभ होंगे जो मार्च में होलाष्टक प्रारंभ होने तक रहेंगे। 23 नवंबर को विवाह पंचमी है। इस दिन को विवाह के लिए अति शुभ माना गया है।
इसी तरह 25 नवंबर को त्रिपुष्कर योग रहेगा जबकि 28 और 30 नवंबर के मुहूर्त भी विशेष शुभ रहेंगे। दोनों दिन सूर्यास्त से शुरू होकर रात तक सर्वार्थ सिद्धि योग रहेगा।
इन दोनों तिथियों के बीच 29 नवंबर को मोक्षदा एकादशी व गीता जयंती और तीन दिसंबर को पूर्णिमा व 10 दिसंबर को रुक्मणी अष्टमी का दिन भी विवाह के लिए मंगलकारी योग में शामिल हैं।
अब 19 नवंबर से सहालग शुरू होगा। इसके बाद वर्ष 2018 में मकर संक्रांति के बाद विवाह मुहूर्त प्रारंभ होंगे जो मार्च में होलाष्टक प्रारंभ होने तक रहेंगे। 23 नवंबर को विवाह पंचमी है। इस दिन को विवाह के लिए अति शुभ माना गया है।
इसी तरह 25 नवंबर को त्रिपुष्कर योग रहेगा जबकि 28 और 30 नवंबर के मुहूर्त भी विशेष शुभ रहेंगे। दोनों दिन सूर्यास्त से शुरू होकर रात तक सर्वार्थ सिद्धि योग रहेगा।
इन दोनों तिथियों के बीच 29 नवंबर को मोक्षदा एकादशी व गीता जयंती और तीन दिसंबर को पूर्णिमा व 10 दिसंबर को रुक्मणी अष्टमी का दिन भी विवाह के लिए मंगलकारी योग में शामिल हैं।
दिवाली बाद भी बाजार में रौनक बरकरार
खरीदारी करते लोग
- फोटो : amar ujala
सहालग करीब आने से दिवाली के बाद भी बाजार में रौनक बनी हुई है। ग्राहकों को तमाम ऑफर भी दिए जा रहे हैं। कई कंपनियां नई टेक्नोलॉजी के साथ आकर्षक और लुभावनी स्कीमें लेकर आई हैं। इस बार शादियों के सीजन में कारोबारी बाजार में बंपर खरीदारी की उम्मीद लगा रहे हैं।
कपड़ा बाजार, बर्तन, जेवरात, इलेक्ट्रॉनिक्स की दुकानों पर खरीदारों की भीड़ उमड़ रही है। ऑनलाइन शॉपिंग भी ग्राहकों के लिए बेहतर विकल्प बना हुआ है। जिन परिवारों में युवक-युवतियों के विवाह की तिथियां तय हो चुकी हैं, उन्होंने मैरिज लॉन, धर्मशालाएं व कैटरिंग की बुकिंग कर ली है।
कैटरर्स के मुताबिक कम विवाह मुहूर्त की वजह से एक दिन में दो-दो शादियों के ऑर्डर मिल रहे हैं। यही हाल बैंड और बग्घियों का है। एक दिन में दो-दो बारातों के ठेके लिए गए हैं।
शादियों के सीजन में बिक्री का अनुमान
कपड़ा 50 करोड़
बरतन 05 करोड़
मोबाइल 07 करोड़
ऑटोमोबाइल 29 करोड़
इलेक्ट्रॉनिक 20 करोड़
ज्वैलरी 35 करोड़
कपड़ा बाजार, बर्तन, जेवरात, इलेक्ट्रॉनिक्स की दुकानों पर खरीदारों की भीड़ उमड़ रही है। ऑनलाइन शॉपिंग भी ग्राहकों के लिए बेहतर विकल्प बना हुआ है। जिन परिवारों में युवक-युवतियों के विवाह की तिथियां तय हो चुकी हैं, उन्होंने मैरिज लॉन, धर्मशालाएं व कैटरिंग की बुकिंग कर ली है।
कैटरर्स के मुताबिक कम विवाह मुहूर्त की वजह से एक दिन में दो-दो शादियों के ऑर्डर मिल रहे हैं। यही हाल बैंड और बग्घियों का है। एक दिन में दो-दो बारातों के ठेके लिए गए हैं।
शादियों के सीजन में बिक्री का अनुमान
कपड़ा 50 करोड़
बरतन 05 करोड़
मोबाइल 07 करोड़
ऑटोमोबाइल 29 करोड़
इलेक्ट्रॉनिक 20 करोड़
ज्वैलरी 35 करोड़