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Varanasi News: चार दिन बाद गर्भगृह में विराजमान हुए भगवान जगन्नाथ
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नाथों के नाथ भगवान जगन्नाथ चार दिनों के बाद फिर से गर्भगृह में विराजमान हुए। भगवान जगन्नाथ, सुभद्रा और बलभद्र अब अनवरत 350 दिनों तक भक्तों को दर्शन देंगे। बुधवार को भगवान के मंदिर में विराजमान होते ही दर्शन पूजन के साथ दैनिक अनुष्ठान, आरती और भोग का सिलसिला भी आरंभ हो गया।
बुधवार की भोर में चार बजे भगवान जगन्नाथ, बलराम और सुभद्रा के विग्रहों को रथयात्रा से कार में विराजमान कराकर अस्सी स्थित जगन्नाथ मंदिर तक पहुंचाया गया। भगवान के विग्रहों को विधि-विधान से मंदिर के गर्भगृह में विराजमान कराया गया। भगवान का शृंगार करने के बाद सुबह पांच बजे मंगला आरती आरंभ हुई। आरती पूर्ण होने के बाद मंदिर के कपाट चार दिनों के बाद आम भक्तों के लिए फिर से खुल गए। पूरा मंदिर प्रांगण जय-जय जगन्नाथ, हरे कृष्णा हरे राम और हर-हर महादेव के जयघोष से गूंज उठा।
ट्रस्ट के दीपक शापुरी ने बताया कि तीन दिनों का रथयात्रा मेला शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो गया। 13 दिनों के स्वास्थ्य लाभ के बाद भगवान जगन्नाथ छह जुलाई को मंदिर से डोली में सवार होकर भक्तों से मिलने पहुंचे थे। तीन दिनों तक रथ पर उन्होंने भक्तों को दर्शन दिए। मध्यरात्रि में शयन आरती के बाद भगवान को कार से मंदिर लाया गया। चार दिनों के बाद पुन: गर्भगृह में विराजमान होकर भगवान आम भक्तों को अब अनवरत दर्शन देंगे।
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बुधवार की भोर में चार बजे भगवान जगन्नाथ, बलराम और सुभद्रा के विग्रहों को रथयात्रा से कार में विराजमान कराकर अस्सी स्थित जगन्नाथ मंदिर तक पहुंचाया गया। भगवान के विग्रहों को विधि-विधान से मंदिर के गर्भगृह में विराजमान कराया गया। भगवान का शृंगार करने के बाद सुबह पांच बजे मंगला आरती आरंभ हुई। आरती पूर्ण होने के बाद मंदिर के कपाट चार दिनों के बाद आम भक्तों के लिए फिर से खुल गए। पूरा मंदिर प्रांगण जय-जय जगन्नाथ, हरे कृष्णा हरे राम और हर-हर महादेव के जयघोष से गूंज उठा।
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ट्रस्ट के दीपक शापुरी ने बताया कि तीन दिनों का रथयात्रा मेला शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो गया। 13 दिनों के स्वास्थ्य लाभ के बाद भगवान जगन्नाथ छह जुलाई को मंदिर से डोली में सवार होकर भक्तों से मिलने पहुंचे थे। तीन दिनों तक रथ पर उन्होंने भक्तों को दर्शन दिए। मध्यरात्रि में शयन आरती के बाद भगवान को कार से मंदिर लाया गया। चार दिनों के बाद पुन: गर्भगृह में विराजमान होकर भगवान आम भक्तों को अब अनवरत दर्शन देंगे।
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