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काशी विद्यापीठ: पीएचडी, एमफिल में दाखिले के लिए करना होगा इंतजार
ब्यूरो,अमर उजाला,वाराणसी
Updated Mon, 08 May 2017 02:30 PM IST
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महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ।
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महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ में पीएचडी, एमफिल में दाखिले के लिए अभ्यर्थियों को लंबा इंतजार करना पड़ता है। कुलसचिव की ओर से विभागाध्यक्षों से सीटों का जो ब्योरा मांगा गया था, वह मिल तो गया है लेकिन दाखिले की प्रक्रिया कब से शुरू होगी इस पर अभी तक कोई फैसला नहीं लिया जा सका है।
इस बीच अभ्यर्थी प्रतिदिन कुलसचिव कार्यालय का चक्कर लगा रहे हैं।
18 अप्रैल को जारी एक पत्र के तहत कुलसचिव ने विभागाध्यक्षों से एमफिल और पीएचडी के मानकों की जानकारी देने के साथ ही रिपोर्ट मांगी थी। इसमें उन्होंने असिस्टेंट प्रोफेसर से लेकर प्रोफेसर तक पीएचडी और एमफिल कराने के नियमों का पूरा ब्योरा दिया था।
विश्वविद्यालय प्रशासन को जो विभागवार जानकारी मिली है, उसमें ललित कला, पत्रकारिता विभाग सहित कुछ ऐसे विभाग हैं, जिसमें एमफिल में दाखिला होना आसान नहीं लगता है। वैसे जो भी हो विश्वविद्यालय जिस तरह से दाखिले में लेटलतीफी कर रहा है, उससे छात्रों की परेशानी बढ़ती जा रही है।
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पिछले दिनों छात्रनेताओं ने धरना-प्रदर्शन कर जल्द दाखिले की मांग की थी। कुलसचिव ने बताया कि विभागों से रिपोर्ट आने के बाद जल्द ही प्रवेश प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
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इस बीच अभ्यर्थी प्रतिदिन कुलसचिव कार्यालय का चक्कर लगा रहे हैं।
18 अप्रैल को जारी एक पत्र के तहत कुलसचिव ने विभागाध्यक्षों से एमफिल और पीएचडी के मानकों की जानकारी देने के साथ ही रिपोर्ट मांगी थी। इसमें उन्होंने असिस्टेंट प्रोफेसर से लेकर प्रोफेसर तक पीएचडी और एमफिल कराने के नियमों का पूरा ब्योरा दिया था।
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विश्वविद्यालय प्रशासन को जो विभागवार जानकारी मिली है, उसमें ललित कला, पत्रकारिता विभाग सहित कुछ ऐसे विभाग हैं, जिसमें एमफिल में दाखिला होना आसान नहीं लगता है। वैसे जो भी हो विश्वविद्यालय जिस तरह से दाखिले में लेटलतीफी कर रहा है, उससे छात्रों की परेशानी बढ़ती जा रही है।
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पिछले दिनों छात्रनेताओं ने धरना-प्रदर्शन कर जल्द दाखिले की मांग की थी। कुलसचिव ने बताया कि विभागों से रिपोर्ट आने के बाद जल्द ही प्रवेश प्रक्रिया शुरू की जाएगी।