फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   jbzdsj shg hklghkl kldhklzd fklh

Varanasi News: बास्केटबॉल खिलाड़ी की मौत का मामला

Thu, 06 Apr 2023 07:04 PM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Thu, 06 Apr 2023 07:04 PM IST
विज्ञापन
jbzdsj shg hklghkl kldhklzd fklh
फोटो...
विज्ञापन

फुटबॉल खेलने के दौरान बास्केटबॉल खिलाड़ी की मौत
- बरेका इंटर कॉलेज के खेल मैदान की घटना, परिजन और करीबी स्तब्ध
संवाद न्यूज एजेंसी
वाराणसी। बनारस रेल इंजन कारखाना (बरेका) के बॉस्केटबॉल खिलाड़ी अजय कुमार सिंह (40) की बृहस्पतिवार को फुटबॉल खेलने के दौरान मौत हो गई। अजय की मौत की वजह हृदय गति का रुकना बताया गया है। अजय की असामयिक मौत से उनके परिजन और करीबी स्तब्ध हैं। इसके साथ ही बरेका के खिलाड़ियों में शोक की लहर व्याप्त है। वहीं, अजय की मौत की सूचना पाकर मंडुवाडीह थाने की पुलिस ने उनका शव पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया।
बरेका परिसर स्थित सरकारी आवास में रहने वाले अजय लोको असेंबली शॉप में फिटर के पद पर तैनात थे। बरेका के क्रीड़ा अधिकारी बहादुर प्रसाद ने बताया कि सुबह के समय अजय इंटर काॅलेज के खेल मैदान में फुटबॉल खेल रहे थे। उसी दौरान वह अचानक गश खाकर गिर पड़े। अस्पताल ले जाने के दौरान रास्ते में उनकी मौत हो गई। पोस्टर्माटम के बाद उनका शव परिवार को सौंप दिया गया है। वहीं, अजय की मौत के बाद उनकी पत्नी स्मिता, बेटे अमिताभ व शिवांश, बेटी सौम्या और पिता कमला पहलवान की हालत बेसुधों के जैसी थी। बरेका कर्मी और रिश्तेदार बड़ी ही मुश्किल से अजय के परिजनों को संभाले हुए थे।
विज्ञापन

----------------------------------------
विज्ञापन
विज्ञापन

खिलाड़ियों के सेहत की स्क्रीनिंग जरूरी - प्रो. ओमशंकर
बीएचयू के हृदय रोग विभाग के अध्यक्ष प्रो. ओमशंकर का कहना है कि इस तरह के मामलों में यह देखने को मिलता है कि संबंधित व्यक्ति में कई तरह की बीमारियां होती हैं। विदेशों में स्क्रीनिंग प्रोग्राम के तहत खिलाड़ियों के सेहत की स्क्रीनिंग होती है। जिस तरह की घटना बरेका में खिलाड़ी के साथ हुई, उसे चिकित्सकीय भाषा में लांग क्यूटी सिंड्रोम बोलते हैं। इसमें शरीर में बांयी तरफ के वाल्व में सिकुड़न हो जाती है और खून में रुकावट आ जाती है। तेजी से दिल धड़कने लगता है। इसमें हार्ट अटैक होने की संभावना अधिक रहती है। प्रो. ओमशंकर ने कहा कि जिस भी जगह पर स्पोर्ट कांप्लेक्स बना है, वहां लोगों को सीपीआर की जानकारी होनी चाहिए। इस तरह की घटनाओं में तुरंत सीपीआर भी अधिक उपयोगी होती है। इसके अलावा डिफेबलेटेर मशीन भी स्पोर्ट्स कांप्लेक्स में कई जगहों पर रहती है। इससे इस तरह की घटना के समय शॉक देकर धड़कन को नियंत्रित किया जा सकता है। कार्डियोमायोपैथी भी एक वजह हो सकती है। इस तरह की मौत के मामलों में पोस्टमार्टम होना चाहिए, जिससे कि बीमारी की सही वजह की जानकारी मिलेगी। बताया कि कोरोना वैक्सीन लगवाने के बाद हृदय रोग के कई मामले सामने आ रहे हैं।

----------------------------------
पिछले साल छात्रा और युवक की हुई थी मौत
बीएचयू के फिजियोलॉजी डिपार्टमेंट की शोध छात्रा अनुभा उपाध्याय की योग करने के दौरान 27 अक्तूबर 2022 को मौत हो गई थी। उससे पहले अनुभा पूरी तरह से फिट थी। इसके बाद 25 नवंबर 2022 को मनोज विश्वकर्मा एक शादी समारोह में चेतगंज क्षेत्र में गए थे। डांस करते समय वह गिरे और मौके पर ही उनकी मौत हो गई थी। दोनों की मौत की वजह डॉक्टरों ने हृदय गति का रुकना बताया था।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed