रेलवे के GM ने किया सम्मानित: वाराणसी में लाल झंडी के साथ ट्रैक पर दौड़े सहायक लोको पायलट, तब टल सका हादसा
वाराणसी से जम्मूतवी जा रही बेगमपुरा एक्सप्रेस के इंजन से लोहा टकराया था। लोको पायलट ने तुरंत इमरजेंसी ब्रेक लेकर ट्रेन रोक दी। साथ ही वॉकी टॉकी से सामने आ रही ट्रेन के लोको पायलट को इसकी जानकारी दी।
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वाराणसी के शिवपुर रेलवे स्टेशन के पास बेगमपुरा एक्सप्रेस को हादसे से बचाने के लिए चार रेल कर्मियों ने जान की बाजी लगा दी थी। पायलट व सहायक लोको पायलट ने पहले इमरजेंसी ब्रेक लगाकर ट्रेन को रोका, फिर दूसरी तरफ से आने वाली ट्रेनों को रोकने के लिए सहायक लोको पायलट लाल झंडी के साथ रेलवे ट्रैक पर दौड़ पड़े। ट्रैक क्षतिग्रस्त होने की सूचना रेल प्रशासन को दी गई। इसी का नतीजा रहा कि ट्रेनें जहां की तहां खड़ी हो गईं।
अब रेलवे प्रशासन ने बहादुर कर्मियों को सम्मानित किया है। महाप्रबंधक आशुतोष गंगल ने शुक्रवार को कैंट रेलवे स्टेशन के निदेशक कार्यालय में सम्मान पत्र के साथ ही कर्मियों को शाबाशी भी दी। सम्मानित होने वाले कर्मियों ने छह दिसंबर को हुए हादसे की सिलसिलेवार जानकारी दी।
11 फीट क्षतिग्रस्त हुआ था ट्रैक
कर्मियों ने बताया कि डाउन होम सिग्नल के पास वाराणसी से जम्मूतवी जा रही बेगमपुरा एक्सप्रेस के इंजन से लोहा टकराया था। ऐसा लगा कि ट्रेन पटरी से उतर गई, फिर भी इमरजेंसी ब्रेक लगाने का निर्णय लिया गया। इसकी जानकारी आगे भी दी गई। हर स्तर पर सतर्कता बरतकर हादसे को रोका गया। ट्रैक 11 फीट क्षतिग्रस्त हुआ था। ट्रैक टेढ़ा हो गया था।
लगा डिरेल हो गई ट्रेन
मैं, बेगमपुरा एक्सप्रेस ट्रेन लेकर निकला था। शिवपुर रेलवे स्टेेशन पर ट्रेन को कॉशन पर लेकर आगे बढ़ा ही था कि तेज आवाज सुनाई दी और पूरी ट्रेन में कंपन हुआ। पूरी तरह से डर गया। इमरजेंसी ब्रेक लिया। बगल लाइन से आ रही ट्रेन के लोको पायलट को वॉकी टॉकी से तत्काल ट्रेन रोकने व ट्रैक के क्षतिग्रस्त होने की जानकारी दी। इससे बड़ा हादसा होने से बच गया।- सुनील कुमार, लोको पायलट।
लाल झंडी के साथ ट्रैक पर दौड़ पड़ा
ट्रेन में तेज झटका लगा। लोको पायलट ने तुरंत इमरजेंसी ब्रेक लेकर ट्रेन रोक दी। साथ ही वॉकी टॉकी से सामने आ रही ट्रेन के लोको पायलट को इसकी जानकारी दी। तब तक मैं, लाल झंडी लेकर ट्रैक पर दौड़ गया। इससे सामने से आ रही ट्रेन के लोको पायलट ने सजगता दिखाते हुए ट्रेन रोक दी। - दयाशंकर कुशवाहा, सहायक लोको पायलट
गेटमैन को अलर्ट कर ट्रेन रुकवाने को कहा
घटना की जानकारी होने पर मैं, अलर्ट हो गया। दूसरी लाइन से आ रही ट्रेन की लाइन क्लियर हो गई थी। हालांकि ट्रेन कॉशन पर आ रही थी। इसके चलते तत्काल गेटमैन को अलर्ट किया। जानकारी मिलने पर लोको पायलट ने ट्रेन रोक ली। - राहुल सिंह, स्टेशन मास्टर।
हरी झंडी दिखाने के बजाय लाल झंडी दिखाकर ट्रेन रुकवाई
मेरी ड्यूटी गेट नंबर नौ-सी पर थी। ट्रेन आने वाली थी, इसलिए मैं हरी झंडी लेकर गेट पर ही था। तभी स्टेशन मास्टर से घटना की जानकारी मिली। तत्काल लाल झंडी दिखाने को कहा। मैंने, लाल झंडी दिखाने में देरी नहीं की। ट्रेन रुकने पर लोको पाययल को घटना से अवगत कराया। - अनिल कुमार सिंह, गेेटमैन।