गाजीपुर बोलेरो हादसा: घायल नौ मजदूरों का आरोप, पैसे लेकर बाहर से मंगाई दवा
गाजीपुर जिले में सुहवल थाने के बहलोलपुर गांव के पास हुए सड़क हादसे में घायल मजदूरों से दवा के नाम पर पैसा वसूले जाने का मामला सामने आया है। इमरजेंसी में तैनात कर्मचारियों ने दो मजदूरों से 500-500 रुपये लेकर बाहर से दवाएं मंगाई। तब जाकर इलाज शुरू किया।
मजदूरों ने यह भी आरोप लगाया कि तड़के साढ़े 3 बजे से लेकर सुबह साढ़े 8 बजे तक कोई चिकित्सक उन्हें देखने तक नहीं आया। केवल फार्मासिस्ट और वार्ड बॉय के सहारे हम लोगों को छोड़ दिया गया था। घायल मजदूरों ने बाहर से लिखी गई दवाओं की पर्ची दिखाते हुए बताया कि जिला अस्पताल पहुंचने के बाद यहां के कर्मचारियों ने दवा व इंजेक्शन न होने की बात कही, इसके बाद घायलों से पैसा लिया गया।
अस्पताल के आपातकालीन कक्ष में तैनात डॉ रोहित कुमार सोनी का कहना है कि यह सारे आरोप बेबुनियाद हैं। जिला अस्पताल में सभी दवाएं उपलब्ध हैं और घायलों का इलाज जिला अस्पताल में ही किया गया है।
पेड़ से टकराई थी बोलेरो
उत्तर प्रदेश के गाजीपुर जिले में मध्य प्रदेश के रीवा से मुजफ्फरपुर (बिहार) डाला छठ करने जा रहे मजदूरों की बोलेरो अनियंत्रित हो पेड़ से टकरा गई थी। हादसे में दो मजदूरों की मौत हो गई, जबकि नौ लोग गंभीर रूप से घायल हो गए।
हादसा गाजीपुर में सुहवल थाना क्षेत्र के बहलोलपुर गांव स्थित महुआ बाबा मंदिर के मोड के पास हुआ। उस समय चालक को अचानक झपकी आ गई। घटना के बाद थानाध्यक्ष बिंद कुमार पुलिसकर्मियों के साथ मौके पर पहुंच गए और घायलों को चार एंबुलेंस से जिला अस्पताल भेजा। मृतकों के शव को कब्जे में ले लिया गया।