गाजीपुर। शहर के लंका से कचहरी जाने वाली प्रमुख सड़क छह महीने से गड्ढों में तब्दील है। बुधवार की दोपहर आधे घंटे के अंतराल पर सड़क से गुजर रहे पांच टोटो और एक स्कूटी पलट गई। हादसे में एक महिला समेत दो लोग घायल हो गए। महिला की हालत गंभीर बनी है। घटना से गुस्साए छात्र नेताओं ने पानी भरे गड्ढे में खड़े होकर प्रदर्शन किया। नारेबाजी करते हुए डीएम कार्यालय पहुंचे, जहां नायब तहसीलदार पत्रक सौंप कार्रवाई की मांग की। साथ ही चेताया कि एक सप्ताह में गड्ढायुक्त सड़कों को ठीक नहीं किया गया तो आंदोलन तेज करेंगे। पूर्व छात्रसंघ उपाध्यक्ष दीपक उपाध्याय ने कहा कि स्थिति यह है कि रोज 500 से अधिक लोग इस मार्ग से होकर कचहरी, विकास भवन और मेडिकल कॉलेज अस्पताल आवागमन करते हैं। बावजूद इस सड़क पर सात से आठ फीट के गड्ढों को आज तक दुरुस्त नहीं किया गया। यहीं नहीं शहर की अन्य सड़कों की हालत भी दयनीय है। बावजूद कोई ध्यान देने वाला तक नहीं है। बुधवार की दोपहर करीब एक बजे आधे घंटे के अंदर पांच टोटो और एक स्कूटी पलट गई। हादसे में एक महिला और एक बच्चा घायल हो गए। क्या जिम्मेदारों को किसी बड़ी दुर्घटना का इंतजार है। पूर्व छात्रसंघ महामंत्री सुधांशु तिवारी ने घटना पर रोष व्यक्त करते हुए कहा कि यह बेहद शर्मनाक है कि एक तरफ सरकार विकास के बड़े-बड़े दावे करती है, लेकिन गाजीपुर जैसे प्रमुख नगर की सड़कों की हालत इतनी दयनीय है। प्रदर्शनकारियों ने एक स्वर में प्रशासन से तत्काल लंका- कचहरी मार्ग को गड्ढा मुक्त करने की मांग करते हुए कहा कि अगर सात दिनों के भीतर इन गड्ढों को भरने और अन्य प्रमुख सड़कों जैसे पीजी कॉलेज से विकास भवन चौराहा, पुलिस लाइन से आरटीआई चौराहा, फुल्लनपुर क्रॉसिंग से रेलवे स्टेशन तक और फुल्लनपुर से चुंगी तक की मरम्मत के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया, तो इसके लिए निर्णायक जन आंदोलन शुरू करने के लिए बाध्य होना पड़ेगा। इस दौरान अमित राय, रवि कुमार, मनीष कुमार, कमलेश कुमार, आसिफ, मुकेश, मनोज, राजकुमार, कमलेश, शिवम राय, रमेश, राहुल, सलमान, तूफानी, सत्येंद्र, रोहित आदि मौजूद थे।