वाराणसी-प्रयागराज हाईवे पर लगे पांच किमी जाम ने यात्रियों को रुलाया, इस वजह से और बढ़ गई परेशानी
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सहालग के सीजन में भीड़ बढ़ने के कारण सड़कों पर यातायात का दबाव बढ़ गया है। इससे हर तीसरे दिन दोपहर बाद जाम लग जा रहा है। रविवार को हाईवे पर सुबह ही जाम लग गया और यह सिलसिला पूरे दिन चलता रहा। दोपहर तीन बजे के बाद थोड़ी राहत मिली, लेकिन शाम को पांच बजे के आसपास हालात बेहद कठिन हो गए।
गोपीगंज में पड़ाव से लेकर लालानगर टोल प्लाजा तक वाहनों की कतार लगी रही। इस दौरान बड़े से लेकर छोटे वाहन रेंगते नजर आए। उधर बाबूसराय क्षेत्र में कटका से लेकर बाबूसराय बाजार तक जाम सुबह ही लग गया था। इसमें निर्माणाधीन ओवरब्रिज के कार्य की भी भूमिका रही। तड़के शुरू हुए जाम के कारण 10 बजे के बाद तक वाहनों के पहिये नहीं हिल सके। सर्विस लेन संकरी होने के कारण जाम की समस्या बढ़ गई है।
खास बात यह कि जाम में घंटों खड़े होकर झेल रहे लोगों की मदद में कहीं भी पुलिस के जवान नहीं दिखे। यात्री और चालक हांफते रहे। खास बात यह कि जाम में एंबुलेंस वाहन भी फंसे दिखे। शाम को पांच बजे के बाद गोपीगंज बाजार में सांसत बढ़ गई है। छोटे वाहनों को भी निकलना कठिन हो गया। बाइक सवार भी जाम में फंस कर विवश दिखे। जाम की स्थिति रुक-रुक कर पूरे दिन बनी रही। देर रात तक हाईवे पर यातायात पूरी तरह सुगम नहीं हो पाया था।
अतिक्रमण के चलते लग रहा जाम
जाम की समस्या में सड़कों पर अतिक्रमण बड़ी भूमिका निभा रहा है। रविवार को हाईवे पर लगे जाम के पीछे भी सड़कों पर अतिक्रमण ही मुख्य वजह रहा। गोपीगंज से लेकर पूर्व में बाबूसराय और पश्चिम में ऊंज सीमा तक के विभिन्न बाजारों में जगह-जगह अस्थायी दुकानों, ठेले-खोमचे और वाहनों की बेतरतीब पार्किंग की बड़ी समस्या है। इसे पुलिस कभी दुरुस्त नहीं करा पाई। ज्यादातर बाजारों में सर्विस लेन अतिक्रमण से सिकुड़े हुए हैं। इसी को लेकर रविवार को जाम लगा था।