Kashi Vishwanath Dham: सप्तर्षि आरती से पहले गर्भगृह में दर्शनार्थी और सेवादारों के बीच मारपीट, तस्वीर वायरल
श्री काशी विश्वनाथ मंदिर में दर्शन पूजन के दौरान दर्शनार्थी और सेवादारों में मारपीट की तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल है।
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श्री काशी विश्वनाथ मंदिर में दर्शन पूजन के दौरान दर्शनार्थी और सेवादारों में मारपीट हो गई। सीसीटीवी कैमरे में घटना कैद है। तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल है। घटना शनिवार की है। सप्तर्षि आरती के दौरान गर्भगृह में जाने के दौरान दर्शनार्थी और सेवादारों में कहासुनी के बाद मारपीट की नौबत आ गई।
इसके बाद दर्शनार्थी ने चौक थाने में सेवादारों के खिलाफ तहरीर दी है। चौक पुलिस का कहना है कि तहरीर मिली है और जांच की जा रही है। बताया गया कि सप्तर्षि आरती से पहले गर्भगृह को बंद कराया जा रहा था। उसी समय दर्शनार्थियों और मंदिर के सेवादारों के बीच विवाद हो गया।
इस मामले में सेवादारों ने मंदिर के सीईओ को पत्र लिखकर घटना की जानकारी दी कि पुलिस की ओर से सहयोग नहीं किया जा रहा है। सेवादार ने अपनी शिकायत में कहा है कि उसके साथ दर्शनार्थियों ने मारपीट की है। इस दौरान पुलिस ने भी कोई सहयोग नहीं किया। पुलिस ने सहयोग किया होता तो इस तरह की घटना नहीं होती। शिकायत के बाद मामले की जांच कराई जाएगी।
सावन के दूसरे सोमवार पर होगा सोम प्रदोष का संयोग
भूतभावन भगवान आशुतोष के प्रिय माह सावन में दर्शन पूजन करने वालों की कतार लगी हुई है। सावन के दूसरे सोमवार पर सोम प्रदोष का संयोग सर्वसिद्धि कारक योग बन रहा है। सावन के दूसरे सोमवार को जलाभिषेक करने के लिए शनिवार की रात से बनारस में श्रद्धालुओं का आगमन शुरू हो गया। शनिवार को बाबा दरबार में डेढ़ लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने जलाभिषेक किया।
शनिवार को भोर में मंगला आरती के बाद से ही मंदिर में दर्शन पूजन का सिलसिला शुरू हो गया। दूर-दराज से आने वाले कांवरियों ने पहले दशाश्वमेध घाट पर गंगा स्नान किया और उसके बाद जल लेकर बाबा दरबार में जलाभिषेक के लिए कतारबद्ध हो गए।
सबसे अधिक भीड़ गंगा द्वार की तरफ से ही लग रही है। गंगा स्नान के बाद श्रद्धालु सीधे ललिता घाट होते हुए बाबा के धाम में पहुंच रहे हैं। ललिता घाट पर जेटी के डूबने के बाद श्रद्धालुओं के स्नान व जल लेने पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। इसके कारण श्रद्धालु दशाश्वमेध घाट पर स्नान करके बाबा धाम पहुंच रहे हैं। देर रात तक बाबा के दरबार में शिवभक्तों की कतार लगी रही।