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वाराणसी: यूपी कॉलेज में 20 साल बाद प्रवेश में मिला फर्जीवाड़ा, छात्र ने उत्तर प्रदेश का दिखाया पता, अब अपने राज्य बिहार में कर रहा नौकरी
Sat, 04 Sep 2021 10:28 AM IST
गीतार्जुन गौतम
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
Published by: गीतार्जुन गौतम
Updated Sat, 04 Sep 2021 10:28 AM IST
सार
यूपी कॉलेज में 20 साल बाद प्रवेश में फर्जीवाड़ा मिला है। बिहार के रहने वाले छात्र ने फर्जी तरीके से उत्तर प्रदेश के पते पर दाखिला लिया था। अब वह बिहार में सरकारी नौकरी कर रहा है। प्रशासन ने इस पर जांच बैठाई है।
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यूपी कॉलेज वाराणसी।
- फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
वाराणसी के उदय प्रताप (यूपी) कॉलेज में 20 साल बाद प्रवेश में फर्जीवाड़े का मामला सामना आया है। छात्र ने बिहार का मूल निवासी होने के बाद यूपी के कोटे से 2001 में स्नातक कृषि में प्रवेश लिया था। छात्र वर्तमान में बिहार में कृषि समन्वयक के पद पर तैनात है।
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प्राचार्य डॉ. एसके सिंह ने बताया कि मामले की शिकायत मिली है। छात्र से एक सप्ताह के अंदर जवाब तलब किया है। जवाब मिलने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। वहीं बिहार सरकार ने भी इस मामले को संज्ञान में लिया है।
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छात्र ने हाईस्कूल की परीक्षा बिहार बोर्ड से उत्तीर्ण की थी। उस पर छात्र का बिहार का पता दर्ज था। महाविद्यालय में प्रवेश के समय छात्र ने महाविद्यालय के पूर्व प्राचार्य का स्थायी पता अंकित कर दिया। प्रवेश के समय प्रवेश सेल ने इस अनियमितता पर ध्यान नहीं दिया।
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2013 में निवर्तमान प्राचार्य डॉ. गुलाबचंद सिंह ने भी इस प्रकरण का संज्ञान लेते हुए आरोपी छात्र को नोटिस जारी किया था। इस मामले में अनियमितता की शिकायत आरटीआई एक्टिविस्ट सुधांशु कुमार सिंह ने प्राचार्य से की।