फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   Expired fire extinguisher found in divisional hospital varanasi

खतरे को दावत: मंडलीय अस्पताल में मिला एक्सपायर अग्निशमन यंत्र, BHU समेत सरकारी अस्पतालों में पहुंची फायर टीम

Tue, 19 Nov 2024 03:46 PM IST
प्रगति चंद अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी। Published by: प्रगति चंद Updated Tue, 19 Nov 2024 03:46 PM IST
सार

झांसी मेडिकल कॉलेज के एनआईसीयू में आग लगने की घटना से भी वाराणसी के सरकारी अस्पतालों ने सबक नहीं लिया। फायर टीम बीएचयू समेत अन्य सरकारी अस्पतालों में पहुंची। इस दौरान मंडलीय अस्पताल में अग्निशमन यंत्र एक्सपायर मिला। 

विज्ञापन
Expired fire extinguisher found in divisional hospital varanasi
निरीक्षण करती फायर टीम। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

झांसी मेडिकल कॉलेज के एनआईसीयू में आग लगने की घटना के बाद अग्निशमन विभाग सतर्क हो गया है। रविवार को बीएचयू समेत सरकारी और निजी अस्पतालों में फायर सेफ्टी ऑडिट शुरू हो गई है। कबीरचौरा स्थित महिला और मंडलीय अस्पताल में अग्निशमन विभाग की टीम ने आग से बचाव के लिए लगे उपकरणों की जांच की। इस दौरान महिला अस्पताल में लगे दो अग्निशमन यंत्र में गैस कम मिली। वहीं, कुछ जगहों पर पानी की पाइप भी बेतरतीब रखे मिले। इस पर कमियों को दुरुस्त करने को कहा गया।

विज्ञापन


रविवार को दीनदयाल उपाध्याय जिला अस्पताल, जिला महिला अस्पताल कबीरचौरा, मंडलीय अस्पताल में अग्निशमन विभाग की ओर से फायर ऑफिसर श्रीलाल गुप्ता के नेतृत्व में टीम ने जांच की।
विज्ञापन


फायर ऑफिसर ने बताया कि महिला अस्पताल में दो अग्निशमन यंत्र में आघी ही गैस मिली। कर्मचारियों को तुरंत गैस भरवाने को कहा गया है। टीम ने बॉक्स और वाटर पंप को चलाकर पानी निकलने की जांच की। मुख्य अग्निशमन अधिकारी आनंद सिंह राजपूत ने बताया कि अस्पतालों में जिन जगहों पर कमियां मिली है, उसे दुरुस्त करवाने को कहा गया है। साथ ही इसके लिए अलग से कर्मचारी की तैनाती के लिए कहा गया है।

विज्ञापन
विज्ञापन

फायर एनओसी न मिलने से 400 अस्पतालों का पंजीकरण लटका

सरकारी अस्पतालों में बीएचयू अस्पताल की पुरानी बिल्डिंग और स्वामी विवेकानंद अस्पताल में आग से बचाव के मानक पूरे नहीं हैं। इसके अलावा करीब 400 निजी अस्पतालों का पंजीकरण/नवीनीकरण भी फायर एनओसी न मिलने से लटका है। अब झांसी मेडिकल कॉलेज में घटना के बाद सरकारी और निजी अस्पतालों में व्यवस्था की जांच की जा रही है। सीएमओ डॉ. संदीप चौधरी का कहना है कि पंजीकरण/नवीनीकरण के लिए 960 अस्पतालों ने ऑनलाइन आवेदन किया है। इसमें करीब 560 ने फायर एनओसी लगाई है। 400 अस्पतालों की ओर से एनओसी वेबसाइट पर अपलोड नहीं की गई है। फायर विभाग की एनओसी के बिना पंजीकरण/नवीनीकरण नहीं किया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed