जेल निरीक्षण के दौरान बंदी के पास मिला प्रेमिका का पत्र और सिंदूर की डिब्बी, डीएम-एसपी भी हैरान
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर में डीएम और एसपी ने जिला जेल का निरीक्षण किया। इस दौरान अफसरों को बैरकों में ऐसी-ऐसी चीजें मिली कि वे भी हैरान हो गए। डीएम को एक कैदी के पास से प्रेमिका का लिखा प्रेम पत्र मिला। वहीं, एक बंदी के पास से सिंदूर की डिब्बी मिली।
मिर्जापुर के डीएम अनुराग पटेल, एसपी अवधेश पांडेय ने सोमवार की दोपहर जिला कारागार का निरीक्षण किया। डीएम और एसपी ने सबसे पहले बैरक नंबर पांच व छह का निरीक्षण किया। बैरक में एक बंदी के कागजात का निरीक्षण करते समय उसमें से उसकी प्रेमिका का लिखा हुआ प्रेम पत्र निकला। जिसे डीएम ने बिना कुछ कहे वापस कर दिया।
वहीं, एक बंदी के पास सिंदूर की डिब्बी मिली। पूछने पर कैदी ने बताया कि सिंदूर की डिब्बी पूजा करने के लिए रखी गई है। तन्हाई कक्ष तीन में पुदीना, बाल्टी, मग और बैडमिंटन पाया गया। कक्ष चार, पांच व छह में निरीक्षण करने पर साबुन, पेस्ट, तेल व शैंपू पाया गया।
एक कैदी के पास से पांच किलो प्याज, एक किलो सोयाबीन, दो किलो चावल और लहसुन पाया गया। डीएम ने कहा कि जो सामान जेल में भोजन के साथ मिल रहा है, उसे रखने की अनुमति नहीं है। अफसरों के आदेश पर सामान जब्त कर जेलर को सौंप दिया गया।
एक कैदी के पास से मिली माचिस की डिब्बियां
बैरक नंबर नौ में एक कैदी के पास से तीन माचिस की डिब्बियां मिली। पूछने पर बताया कि उसने पूजा के दौरान अगरबत्ती जलाने के लिए रखी है। डीएम ने माचिस रखने की अनुमति न होने की बात कहकर माचिस जमा करा ली। इस दौरान अस्पताल में भर्ती बंदियों से मिलकर उनके इलाज की जानकारी ली।
डीएम ने बंदियों से मिलकर उनके पैरवी के बारे में भी जानकारी ली। महिला पुलिसकर्मियों ने महिला बैरक का निरीक्षण कराया। डीएम ने उनके बच्चों को मिलने वाले दूध, फल आदि दिए जाने की जानकारी ली।
जेल में 332 के सापेक्ष 836 कारागार में बंद मिले। इसमें 83 महिला बंदी थी। इस दौरान नगर मजिस्ट्रेट सुशील लाल श्रीवास्तव, सीओ सिटी सुधीर कुमार, जेल अधीक्षक अनिल राय, जेलर उमेश मिश्रा आदि रहे।