वाराणसी: ढाबा संचालक के बेटे का नौकर ने किया अपहरण, फोन कर बोला- बच्चे की सलामती चाहते हो तो तीन लाख भेज दो
वाराणसी में ढाबा संचालक के मासूम बेटे का अपरहण हो गया। सुबह संचालक के पास फोन आया तो उस पर बेटे के रोने की आवाज सुनाई दी। उसने कहा कि वह कहीं जंगल में है।
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वाराणसी के रोहनिया थाना क्षेत्र के मोहनसराय स्थित ढाबा संचालक के अपहरण हुए बेटे को पुलिस ने बरामद कर लिया है। तो वहीं ढाबे पर काम करने वाले अपहरणकर्ता नौकर को भी गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) द्वारा गिरफ्तारी व बरामदगी करने वाली पुलिस टीम को 25,000 रुपये का इनाम दिया गया है।
मोहनसराय निवासी अशोक कुमार गौड़ का मोहनसराय में श्रीकृष्ण अंश ढाबा है। छह साल का बेटा यश कुमार अपने दादा मंगला प्रसाद गौड़ के पास मंगलवार रात में सोया था। बुधवार सुबह जब मंगला उठे तो देखा कि बच्चा पास में नहीं है परिजनों से पूछताछ की, लगा कि शायद किसी कमरे में सोने चला गया होगा। इसके बाद परिजनों ने आसपास तलाशना शुरू किया तो बच्चे का पता नहीं चला।
वहीं, ढाबा पर काम करने वाला नौकर प्रयागराज निवासी मदन लाल पटे भी गायब था। सभी को उसी पर शका था। परिजन बच्चे की खोजबीन में ही जुटे थे, तभी सुबह पिता अशोक के मोबाइल पर फोन आया। फोन पर रोते हुए बच्चे ने कहा कि बचा लीजिए, हम जंगल में हैं।
इतने में फोन कट गया, 9 बजे सुबह दादा मंगला प्रसाद के मोबाइल पर फोन आया और अपहरणकर्ता ने तीन लाख रुपये की मांग की। उसने कहा कि सलामती चाहते हो तो 3 लाख रुपया दे दो।
अपहरण की खबर सुनते ही पुलिस भी सक्रिय हो गई थी। पुलिस अधीक्षक ने क्राइम ब्रांच, सर्विलांस सेल और रोहनिया थाना पुलिस की संयुक्त टीम गठित कर बच्चे को बरामद करने का निर्देश दिया। टीमों ने जगह-जगह खोजबीन शुरू कर दी। पुलिस ने गंगापुर से बच्चे को सकुशल बरामद कर लिया और आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।