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बनारसः सीटीईटी परीक्षा में पेपर से ज्यादा केंद्र तलाशने में हुई परेशानी
न्यूज डेस्क,अमर उजाला,वाराणसी
Updated Sun, 09 Dec 2018 09:53 PM IST
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परीक्षा देने के बाद निकलते परीक्षार्थी
- फोटो : amar ujala
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सीबीएसई की ओर से रविवार को कराई गई सेंट्रल टीचर एलिजबिलिटी टेस्ट (सीटीईटी) देने आए अभ्यर्थियों को केंद्र तलाशने में परेशानी का सामना करना पड़ा। बनारस शहर के साथ ही इस बार ग्रामीण इलाकों में दूर-दूर केंद्र होने और जगह-जगह जाम की समस्या से परेशान छात्र किसी तरह पहुंचे। 135 केंद्रों पर हुई परीक्षा में पंजीकृत 1.19 लाख में से 90 प्रतिशत अभ्यर्थियों की उपस्थिति रही।
पहली पाली में साढ़े नौ से बारह बजे तक कक्षा छह, सात व आठ में अध्यापक भर्ती के लिए जबकि दूसरी पाली में कक्षा पांच वालों के लिए दोपहर दो बजे से साढ़े चार बजे परीक्षा कराई गई। इसमें बनारस आजमगढ़, जौनपुर, भदोही, चंदौली आदि जिलों के अभ्यर्थियों का केंद्र भी बनारस में था।
एक केंद्र बीएचयू महिला महाविद्यालय में भी बनाया गया। ऐसे में अधिकांश अभ्यर्थी सुबह छह बजे ही रेलवे, बस स्टेशन पर आ गए थे। बाहर से आए अभ्यर्थियों को ग्रामीण इलाकों के केंद्र तलाशने में परेशानी हुई। कुछ तो परीक्षा से पहले एक घंटा पहले पहुंच गए तो कुछ आधे घंटे पहले किसी तरह पहुंचे। सबसे अधिक परेशानी दोपहर पाली वालों को हुई, उन्हें केंद्र तक पहुंचने में जाम से जूझना पड़ा।
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नोडल अधिकारी और सीबीएसई के सिटी कोआर्डिनेटर वीके मिश्रा ने बताया कि परीक्षा में 90 प्रतिशत उपस्थित रही। बताया कि अभ्यर्थियों की संख्या अधिक होने की वजह से ही गांवों में केंद्र बनाया गया था। कहीं भी किसी तरह की समस्या नहीं हुई।
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पहली पाली में साढ़े नौ से बारह बजे तक कक्षा छह, सात व आठ में अध्यापक भर्ती के लिए जबकि दूसरी पाली में कक्षा पांच वालों के लिए दोपहर दो बजे से साढ़े चार बजे परीक्षा कराई गई। इसमें बनारस आजमगढ़, जौनपुर, भदोही, चंदौली आदि जिलों के अभ्यर्थियों का केंद्र भी बनारस में था।
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एक केंद्र बीएचयू महिला महाविद्यालय में भी बनाया गया। ऐसे में अधिकांश अभ्यर्थी सुबह छह बजे ही रेलवे, बस स्टेशन पर आ गए थे। बाहर से आए अभ्यर्थियों को ग्रामीण इलाकों के केंद्र तलाशने में परेशानी हुई। कुछ तो परीक्षा से पहले एक घंटा पहले पहुंच गए तो कुछ आधे घंटे पहले किसी तरह पहुंचे। सबसे अधिक परेशानी दोपहर पाली वालों को हुई, उन्हें केंद्र तक पहुंचने में जाम से जूझना पड़ा।
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नोडल अधिकारी और सीबीएसई के सिटी कोआर्डिनेटर वीके मिश्रा ने बताया कि परीक्षा में 90 प्रतिशत उपस्थित रही। बताया कि अभ्यर्थियों की संख्या अधिक होने की वजह से ही गांवों में केंद्र बनाया गया था। कहीं भी किसी तरह की समस्या नहीं हुई।
बोले परीक्षार्थी
परीक्षार्थी
- फोटो : amar ujala
-भाषा का चयन करने में कोई परेशानी हुई लेकिन कुल मिलाकर पेपर सही हुआ। पहला पेपर तो ठीक रहा लेकिन दूसरा पेपर कठिन होने की वजह से थोड़ी परेशानी हुई।
श्वेता मौर्य
-सामान्य ज्ञान के सवाल कुछ ज्यादा कठिन लग रहे थे। इस वजह से ही अधिक समय लगा। कुल मिलाकर पेपर बढ़िया हुआ।
अदिति
-पेपर आसान रहा, इस वजह से कोई परेशानी नहीं हुई। परीक्षा केंद्र पर समय से पहुंच जाए और जाम से न जूझना पड़े, इसलिए घंटा भर पहले ही केंद्र पहुंच गए।
अमरजीत
-कुल मिलाकर पेपर ठीक रहा। कुछ लंबे सवालों की वजह से अधिक समय लगा। संस्कृत के प्रश्न कुछ कठिन थे।
अमर
-कुछ सवालों ने जरूर परेशान किया लेकिन बाकी सवाल ठीक थे। उम्मीद है कि बढ़िया नंबर मिलेगा।
स्वाती श्रीवास्तव
श्वेता मौर्य
-सामान्य ज्ञान के सवाल कुछ ज्यादा कठिन लग रहे थे। इस वजह से ही अधिक समय लगा। कुल मिलाकर पेपर बढ़िया हुआ।
अदिति
-पेपर आसान रहा, इस वजह से कोई परेशानी नहीं हुई। परीक्षा केंद्र पर समय से पहुंच जाए और जाम से न जूझना पड़े, इसलिए घंटा भर पहले ही केंद्र पहुंच गए।
अमरजीत
-कुल मिलाकर पेपर ठीक रहा। कुछ लंबे सवालों की वजह से अधिक समय लगा। संस्कृत के प्रश्न कुछ कठिन थे।
अमर
-कुछ सवालों ने जरूर परेशान किया लेकिन बाकी सवाल ठीक थे। उम्मीद है कि बढ़िया नंबर मिलेगा।
स्वाती श्रीवास्तव