फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   Gazipur BJP legislator supporters and businessman mayhem

गाजीपुर में भाजपा विधायक समर्थकों और व्यापारी पक्ष में हाथापाई

Thu, 06 Jul 2017 11:07 AM IST
ब्यूरो, अमर उजाला, गाजीपुर
ब्यूरो, अमर उजाला, गाजीपुर Updated Thu, 06 Jul 2017 11:07 AM IST
विज्ञापन
Gazipur BJP legislator supporters and businessman mayhem
झगड़ा करते दोनों पक्ष - फोटो : अमर उजाला

गाजीपुर में एक टीवी चैनल के मालिक और प्रमुख व्यवसायी के बीच चल रहे मकान के विवाद में कहासुनी के बाद मारपीट हो गई। चैनल मालिक पीके तिवारी अपने पक्ष में रामपुर देवरिया के भाजपा विधायक कमलेश शुक्ला के साथ महुआबाग के मकान पर पहुंचे थे।

विज्ञापन


विधायक का आरोप है कि उनके पक्ष के साथ हाथापाई की गई। वहीं, मारपीट में व्यवसायी रिंकू अग्रवाल का कर्मचारी संदीप कुमार घायल हो गया। बाद में पुलिस दोनों पक्षों को कोतवाली ले गई। रात तक दोनों पक्षों में बातचीत चल रही थी।
विज्ञापन


शहर के महुआबाग स्थित एक मकान को लेकर टीवी चैनल के मालिक पीके तिवारी और प्रमुख व्यवसायी रिंकू अग्रवाल के बीच विवाद चल रहा है। रिंकू ने आरोप लगाया कि पिछले साल 23 फरवरी को उन्होंने पीके तिवारी के बेटे सौरभ तिवारी से इस मकान को खरीदने का एग्रीमेंट कराया।
विज्ञापन
विज्ञापन


उसके एवज में 15 लाख 35 हजार रुपये का स्टांप शुल्क भी वह जमा कर चुके हैं। इसके अलावा तिवारी बंधुओं के मैनेजर अरुण मिश्र ने 15 लाख रुपया अलग से लिया है। मकान पीके तिवारी के भाई विजय शंकर तिवारी के नाम है जिसमें पीके तिवारी का भी हिस्सा बनता है।

कहा कि जब से उसने मकान पर कब्जा लिया है उसके बाद से तिवारी बंधुओं की नीयत बिगड़ गई और उन्होंने सिविल कोर्ट में मकान पर मालिकाना हक जताते हुए उनके खिलाफ मुकदमा दायर कर दिया है।

बुधवार को मुकदमे की सुनवाई के दिन पीके तिवारी, विजय शंकर तिवारी, भाजपा विधायक कमलेश शुक्ला तथा उनके गनर सहित पांच गाड़ियों पर लोग आए और जबरिया मकान का ताला तोड़कर उस पर कब्जा जमा लिया। उनका कर्मचारी संजीव कुमार आपत्ति करने मौके पर पहुंचा तो उन लोगों ने उसे मारापीटा ।

मकान के विवाद में एक पक्ष की ओर से पहुंचे थे भाजपा विधायक

Gazipur BJP legislator supporters and businessman mayhem
भाजपा विधायक पुलिस के समक्ष अपना पक्ष रखते हुए - फोटो : अमर उजाला

उधर, पीके तिवारी का कहना था कि मकान मेरे भाई विजय शंकर तिवारी के नाम है। पिछले साल 22 अगस्त को मकान के कैंपस का डेढ़ बिस्वा भूखंड उन्होंने अपनी पत्नी को बेचा है। नगर पालिका में उसका दाखिल-खारिज भी हो चुका है।

जहां तक मेरे बेटे सौरभ की ओर से रिंकू अग्रवाल के पक्ष में मकान का एग्रीमेंट करने की बात है तो सौरभ को इसका कोई अधिकार नहीं है। न ही मैंने उसे कोई पावर ऑफ एटार्नी ही दी है। लिहाजा सौरभ से एग्रीमेंट की बात सरासर गलत है।

भाजपा विधायक कमलेश शुक्ला ने बताया कि मैं तो अपने रिश्तेदार से मिलने के लिए आया था। जैसे ही मकान में घुसा व्यवसायी पक्ष के लोग हो-हल्ला करते हुए हाथापाई करने लगे और मारपीट पर उतारू हो गए।

विधायक ने मुझसे और डीएम से मिलकर प्रकरण की जानकारी दी थी। इसके बाद उन लोगों ने उक्त मकान पर जाकर विवाद कर लिया। किसी पक्ष ने तहरीर नहीं दी है। कोतवाली में दोनों पक्षों में बातचीत चल रही है। - सोमेन वर्मा, एसपी

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed