फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   fight between two kinnar for border dispute in bajdah azamgarh

सीमा विवाद को लेकर आपस में भिड़े किन्नर, मामला सुलझाने के लिए थाने में सुबह से शाम तक चली पंचायत

Wed, 21 Aug 2019 07:39 PM IST
गीतार्जुन गौतम न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आजमगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आजमगढ़ Published by: गीतार्जुन गौतम Updated Wed, 21 Aug 2019 07:39 PM IST
विज्ञापन
fight between two kinnar for border dispute in bajdah azamgarh
सांकेतिक तस्वीर

किन्नरों के बीच चल रहा सीमा विवाद का मामला सुलझाने के लिए बुधवार को आजमगढ़ जिले के बरदह थाने में थानाध्यक्ष की अध्यक्षता में पंचायत आयोजित की गई। काफी प्रयास के बाद भी पुलिस मामले का हल नहीं निकाल सकी। शाम को किन्नर संगठन के बड़े पदाधिकारी थाने पहुंचे और चार माह के लिए राधा किन्नर को जिले से बाहर कर दिया। उनका कहना था कि समय बीतने के बाद राधा का क्या होगा। इस विषय में सोचा जाएगा।

विज्ञापन


देवगांव कोतवाली क्षेत्र के बेरमा विशंभरपुर गांव की पूर्व प्रधान हाजी रेखा किन्नर के यहां काफी संख्या में किन्नर रहते हैं। यहीं पर राधा किन्नर भी रहती थी। किसी बात को लेकर राधा का हाजी रेखा किन्नर से विवाद हो गया। इस दौरान रेखा ने राधा किन्नर को घर से निकाल दिया। वह बरदह थाने के ठेकमा बाजार में किराए का मकान लेकर रहती है।
विज्ञापन


ये भी पढ़ें : वाराणसी-गाजीपुर में भायनक स्थिति, बलिया में लाल निशान पार करने के बाद घरों में घुसा गंगा का पानी
विज्ञापन
विज्ञापन


इस बात की जानकारी रेखा किन्नर को हुई तो वह दो दिन पूर्व राधा के कमरे पर पहुंचे और उसे यहां ना रहने की धमकी दी। पीड़ित राधा किन्नर ने एसपी से गुहार लगाई तो उन्होंने एसओ बरदह को मामले के निस्तारण का निर्देश दिया।

बुधवार को थानाध्यक्ष की मौजूदगी में दोनों पक्षों की पंचायत आयोजित की गई। जिसमें रेखा किन्नर किसी भी कीमत पर राधा को जिले में ना रहने देने की जिद पर अड़ी थी। जबकि राधा आजमगढ़ के ठेकमा में ही रहने की जिद कर रही थी। काफी देर तक चली पंचायत में कोई निर्णय नहीं हो सका।

शाम करीब चार बजे किन्नर संगठन के बड़े पदाधिकारी मौके पर पहुंचे। सभी ने यह फैसला सुनाया कि चार माह तक राधा किन्नर जिले से बाहर रहेगी। समय बीतने के बाद यह सोचा जाएगा कि राधा का क्या होगा। इस फैसले पर विवाद शांत हो गया। सभी लोग अपने-अपने घर चले गए।

ये भी पढ़ें : सीएम योगी के मंत्रिमंडल में काशी के तीन विधायक शामिल, अनिल राजभर-रविंद्र जायसवाल को मिला ये पद

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed