यूपी: गांव में बदमाशों ने बोला धावा, ग्रामीणों ने घेरा तो बरसाईं ताबड़तोड़ गोलियां, तीन पकड़े
बलिया जिले में सिकन्दरपुर थाना क्षेत्र के नेमा का टोला गांव में बुधवार की आधी रात लगभग छह डकैतों ने एक घर पर धावा बोला। गांव में जागरण होने से डकैत अपने मंसूबों में सफल नहीं हो सके। इस दौरान गांव वालों ने उन्हें घेरने का प्रयास किया तो डकैतों ने अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी।
गोली लगने से एक ग्रामीण गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए वाराणसी के लिए रेफर किया गया है। उधर, डकैतों की गोलियां खत्म होने के बाद गांव वालों ने एक डकैत को पकड़कर जमकर धुनाई की।
सूचना पाकर पहुंची पुलिस ने पकड़े गए डकैत की निशानदेही पर गांव में ही छुपे दो और डकैतों को पकड़ लिया, इनके अन्य साथी भागने में सफल रहे। उधर, मामले की जानकारी पाते ही पुलिस अधीक्षक देवेंद्रनाथ भी गांव में पहुंचे और मामले की जानकारी लेकर पुलिसकर्मियों को आवश्यक दिशा निर्देश दिया।
नेमा के टोला गांव निवासी केदार चौधरी(50) बुधवार की रात खाना खाकर घर में सो रहे थे। इसी दौरान गांव के किसी व्यक्ति ने केदार के सगे भाई दीना चौधरी के मोबाइल पर फोन कर बताया कि आपके घर के पीछे चार लोग खड़े हैं और इधर-उधर झांक रहे हैं। इसके बाद दीना चौधरी ने परिवार के अन्य सदस्यों को जगाया और उन्हें लेकर बाहर निकले।
तब तीन हथियाबंद डकैत घर के पीछे की दीवार के सहारे छत पर चढ़ गए और और आंगन की जाली हटाकर नीचे घर में उतर गए। दीना अभी परिवार के सदस्यों के साथ बाहर ही थे कि बदमाशों ने हथियार के बल पर घर की महिलाओं को एक कमरे में बंद कर दिया और दूसरे कमरे में रखे बक्सा, आलमारी आदि को तोड़कर सामान समेटना शुरू कर दिया। तभी कमरे में बंद महिलाओं ने चीखना चिल्लाना शुरू कर दिया। शोर सुनकर पूरे गांव के लोग जग गए और सामान आदि तलाश रहे डकैत भी अंधेरे में छुप गए।
गांव के लोगों ने केदार व दीना के साथ लाठी-डंडे आदि लेकर घर को घेर लिया। तभी बाहर खड़े एक डकैत ने साथियों को फंसता देख अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी। गांव के लोग भागकर इधर-उधर छिपते तब तक एक गोली केदार के पेट में जा लगी। गांव वालों ने उन्हें तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सिकंदरपुर पहुंचाया। वहां से उन्हें जिला अस्पताल और फिर वाराणसी के लिए रेफर कर दिया गया।
उधर, गांव में घंटों गांव के लोगों और डकैतों में लुकाछिपी का खेल चलता रहा। गांव वाले जब भी डकैतों को घेरने का प्रयास करते वे फायरिंग शुरू कर दे रहे थे। इस बीच गोलियां खत्म होने के बाद एक डकैत गांव वालों के हत्थे चढ़ गया। इसके बाद गांव के लोगों ने उसकी जमकर पिटाई की।
बलिया के पुलिस अधीक्षक देवेंद्रनाथ ने बताया कि गोली से घायल युवक को उपचार के लिए वाराणसी भेजा गया है। पकड़े गए तीनों बदमाशों से पूछताछ की जा रही है, ताकि उनके अन्य साथियों की पहचान कर उन्हें पकड़ा जा सके। पुलिस को मामले में त्वरित कार्रवाई का निर्देश दिया गया है।