फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   corona virus New cases are decreasing rapidly in Varanasi 239 new covid patient and five death on monday

कोरोना से जंग: वाराणसी में तेजी से कम हो रहे नए मामले, सोमवार को 239 मरीज मिले, पांच मौत

Tue, 18 May 2021 12:29 AM IST
उत्पल कांत न्यूज डेस्क,अमर उजाला,वाराणसी
न्यूज डेस्क,अमर उजाला,वाराणसी Published by: उत्पल कांत Updated Tue, 18 May 2021 12:29 AM IST
सार

वाराणसी में कोरोना संक्रमण की दर लगातार आठवें दिन भी दहाई के नीचे रही। हालांकि बीते 24 घंटे में इलाज के दौरान 5 मरीजों ने दम तोड़ दिया। इधर, जिला प्रशासन ने तीसरी लहर को लेकर तैयारियां शुरू कर दी है। 

विज्ञापन
corona virus New cases are decreasing rapidly in Varanasi 239 new covid patient and five death on monday
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : pixabay

विस्तार

वाराणसी जिले में कोरोना के नये मामलों में गिरावट जारी है। लगातार आठवें दिन कोरोना संक्रमण की दर दहाई के नीचे रही। सोमवार को डेढ़ महीने बाद एक दिन में 239 नए मरीज मिले जबकि  पांच मरीजों की मौत भी हुई है। इसके पहले 4 अप्रैल को 237 मरीज मिले थे। वहीं, सोमवार को  8912 सैंपल की रिपोर्ट आई है।

विज्ञापन


कमिश्नर आवास में चार, आरएसएस ऑफिस पर एक, एडीजी आवास, पीएसी भुल्लनपुर, बीएचयू, डीएलडब्ल्यू, लोहारडीह, मंडुआडीह  समेत अन्य जगहों पर मरीज मिले हैं। बीएचयू ट्रामा सेंटर में भर्ती गांधीनगर नरिया निवासी 49 वर्षीय महिला, बीएचयू में सिगरा निवासी 55 वर्षीय महिला, ईएसआईसी में भर्ती चोलापुर निवासी 65 वर्षीय महिला, हेरिटेज मेडिकल कॉलेज में भर्ती निराला नगर निवासी 42 वर्षीय पुरुष के साथ ही डीआरडीओ अस्पताल में भर्ती काजीसराय निवासी 75 वर्षीय पुरुष की मौत हुई है।
विज्ञापन


इसके अलावा होम आइसोलेशन में रहने वाले 923 लोगों को स्वस्थ घोषित किया गया है, जबकि अस्पताल से 109 लोगों को छुट्टी दी गई है। कुल मरीजों की संख्या 79,317 पहुंच गई है। 72,702 डिस्चार्ज हो चुके हैं। जबकि 698 की मौत हुई है। फिलहाल 5917 एक्टिव मरीज हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


कोविड अस्पतालों में हर दिन अब खाली होने वाले बेडों की संख्या बढ़ती जा रही है। सरकारी और निजी अस्पतालों में मिलाकर अब 1240 बेड खाली हैं। ऐसे में गंभीर मरीजों को इलाज में राहत होगी और परिजनों को भागदौड़ नहीं करनी पड़ेगी। 

तीसरी लहर की तैयारी में जुटा प्रशासन

वाराणसी जिला प्रशासन ने कोरोना के तीसरी लहर को लेकर युद्ध स्तर पर हर संभव तैयारियां शुरू कर दी है। इसके लिए डीएम कौशल राज शर्मा ने पीडियाट्रिक डॉक्टरों के कंसल्टेटिव कमिटी का गठन कर उनसे सुझाव भी मांगे हैं। वहीं अस्पतालों में आईसीयू और एनआईसीयू के बेड बढ़ाने की भी व्यवस्था की जा रही है।

डीएम ने कहा कि प्रशासन दो मोर्चों पर काम कर रहा है। एक ऑक्सीजन वाले बेड बढ़ाए जाएंगे। तीन अस्पतालओं में ऑक्सीजन जेनरेशन प्लांट लग गया है। 4 सरकारी अस्पतालों में और आठ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर ऑक्सीजन प्लांट लगाए जाएंगे।

इसके अलावा निजी अस्पतालों को भी ऑक्सीजन प्लांट लगवाने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। हम लोगों का पूरा प्रयास है कि सिलेंडर पर निर्भरता कम हो और लिक्विड ऑक्सीजन की क्षमता बढ़ाई जाए। प्रशासन आगामी 1 सप्ताह के भीतर तीसरी लहर की तैयारी में जुटा है। 

कबाड़ में सड़ रही चार सरकारी एंबुलेंस

कोविड-19 के इस दौर में जहां एंबुलेंस की सुविधा नहीं मिल पाने से कई लोगों ने दम तोड़ दिया, वहीं यहां चार एंबुलेंस खड़ी होकर सड़ रही हैं। इसकी मरम्मत करने की जहमत भी विभाग ने नहीं उठाई।  
चोलापुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के कैंपस में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हाल ही में एक कार्यक्रम का उद्घाटन किया था।

दो दिन पहले केंद्रीय मंत्री डॉ. महेंद्र नाथ पांडेय ने कोविड-19 सेंटर बनाने की भी बात कही है। वहीं ग्रामीण क्षेत्रों में गंभीर मरीजों को अस्पताल तक ले जाने में जद्दोजहद करनी पड़ती है, वहीं सरकारी एंबुलेंस लोगों की सुविधा के बजाय अस्पताल में एक कोने में खड़ी होकर धूल फांक रही है।

चोलापुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के अधीक्षक डॉ. आरबी यादव ने बताया कि चोलापुर में चार एंबुलेंस खड़ी हैं, दो एंबुलेंस 102 की है जिसकी देखरेख 102 के विभाग के द्वारा किया जाता है। दो साल से खराब होने से खड़ी है। जबकि दो एंबुलेंस जिसे कबाड़ घोषित कर दिया गया है। 

ब्लैक फंगस के मरीजों के लिए बनी कमेटी 

 कोरोना काल में ब्लैक फंगस के मरीजों की बढ़ती संख्या को देखते हुए अब शासन-प्रशासन अलर्ट हो गया है। इधर, बीएचयू में इन मरीजों के इलाज को लेकर विशेषज्ञों की कोआर्डिनेशन कमेटी बनाई गई है। इसमें ईएनटी, नेत्र रोग, चेस्ट डिपार्टमेंट, डेंटल सर्जरी सहित अन्य विभागों के चिकित्सक शामिल हैं। ब्लैक फंगस के मरीजों के इलाज, जांच, ऑपरेशन में इस कमेटी की अहम भूमिका होगी। 
कोरोना की दूसरी लहर में ब्लैक फंगस वाले मरीजों की संख्या अब तेजी से बढ़ती जा रही है। बीएचयू में ही ऐसे 25 से अधिक मरीज आ चुके हैं। 

 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed