IMS BHU: कार्डियोलॉजी विभाग के किस मामले को लेकर एडीएम-विभागाध्यक्ष में हुई नोकझोंक, पढ़ें- ये खबर
IMS BHU: एडीएम ने विभागाध्यक्ष से डिपार्टमेंट के 45 बेड खाली करके सुपरस्पेशियलिटी ब्लॉक में 41 बेड लेने की बात कही तो प्रो. ओमशंकर ने साफ इन्कार कर दिया। विभागाध्यक्ष का कहना था कि सभी 86 बेड कार्डियोलॉजी डिपार्टमेंट के हैं। इसपर बहस होने लगी। बाद में प्रो. ओमशंकर वहां से निकल कर चले गए।
विस्तार
आईएमएस बीएचयू के कार्डियोलॉजी डिपार्टमेंट के खाली पड़े बेडों के मामले में रार बढ़ती जा रही है। इस मामले की जांच करने बृहस्पतिवार को पहुंचे एडीएम नागरिक आपूर्ति जवाहर लाल श्रीवास्तव और विभागाध्यक्ष प्रो. ओमशंकर के बीच नोकझोंक हुई। जब तकरार हुई, तब बीएचयू अस्पताल की उपकुलसचिव और मुख्य प्रशासनिक अधिकारी रश्मि रंजन भी मौजूद थीं।
यह भी पढ़ें- Varanasi: नदेसर से गायब एक साल का 'बाहुबली' ढाई महीने बाद कोलकाता में मिला, साढ़े तीन लाख रुपये में बेचा था
एडीएम ने विभागाध्यक्ष से डिपार्टमेंट के 45 बेड खाली करके सुपरस्पेशियलिटी ब्लॉक में 41 बेड लेने की बात कही तो प्रो. ओमशंकर ने साफ इन्कार कर दिया। विभागाध्यक्ष का कहना था कि सभी 86 बेड कार्डियोलॉजी डिपार्टमेंट के हैं। इसपर बहस होने लगी। बाद में प्रो. ओमशंकर वहां से निकल कर चले गए।
एडीएम बोले- प्रक्रिया का पाल करें, विभागाध्यक्ष का इन्कार
गुरुवार को अपराह्न सवा तीन बजे सीएमओ डॉ. संदीप चौधरी के साथ एडीएम सुपरस्पेशियलिटी ब्लॉक के पांचवें तल पर पहुंचे। उन्होंने हृदय रोग विभाग के उस वार्ड को देखा, जहां 41 बेड खाली पड़े हैं। इस पर अस्पताल की उपकुलसचिव रश्मि रंजन ने बेड के लिए स्पेस एलोकेशन कमेटी के फैसले की कॉपी दिखाई। इसमें कहा गया कि अस्पताल में 45 बेड पहले से कार्डियोलॉजी विभाग के पास हैं। उसे छोड़कर सुपरस्पेशियलिटी ब्लाॅक में 41 बेड लिए जा सकते हैं। इस पर एडीएम ने प्रो. ओमशंकर से प्रक्रिया का अनुपालन करने को कहा, लेकिन वह मानने को तैयार नहीं हुए। उनका कहना था कि सभी बेड विभाग के पास रहने चाहिए। इसका बंटवारा ठीक नहीं है। इसी बात पर एडीएम व विभागाध्यक्ष के बीच कहासुनी हो गई।
एमएस और डायरेक्टर को पूछते रहे एडीएम
सुपरस्पेशियलिटी ब्लॉक पहुंचने के बाद एडीएम नागरिक आपूर्ति सबसे पहले अस्पताल के एमएस और आइएमएस के डायरेक्टर के आने की जानकारी चाही। वहां मौजूद उपकुलसचिव रश्मि रंजन ने एमएस के मीटिंग में होने की जानकारी दी। बताया कि उन्होंने ही मुझे भेजा है। एडीएम ने कहा कि अगर एमएस मौके पर रहते तो उनसे बातचीत करके मामले का हल निकालने में आसानी होती।विभागाध्यक्ष ने लगाए थे गंभीर आरोप
बीएचयू के हृदय रोग विभाग के अध्यक्ष प्रो. ओमशंकर ने पिछले दिनों पत्रकारों से बात की थी। उनका आरोप था कि सुपरस्पेशियलिटी ब्लॉक में 41 बेड खाली हैं। मरीजों को भर्ती करने की जगह लौटाया जा रहा है। डेढ़ वर्षों में ही करीब 21 हजार मरीजों को लौटा दिया गया। इसके बाद केंद्रीय स्वास्थ्य राज्यमंत्री प्रो. एसपी सिंह बघेल ने इमरजेंसी वार्ड का दौरा किया और खाली बेडों के मामले में जानकारी मांगी थी। अब प्रशासनिक व स्वास्थ्य विभाग के अफसर जांच करने पहुंचे थे।