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मिर्जापुर में 498 जोड़ों का हुआ सामूहिक विवाह, सीएम योगी ने दिया आशीर्वाद
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मिर्जापुर
Updated Tue, 24 Apr 2018 08:31 PM IST
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सीएम बोले- दहेज लोभियों पर होगी सख्त कार्रवाई
- फोटो : अमर उजाला
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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को कहा कि दहेज लोभियों पर सरकार सख्त कार्रवाई करेगी। दहेज प्रथा सामाजिक अभिशाप है। इसे दूर करने के लिए सबको आगे आना चाहिए। गरीब श्रमिकों की बेटियों की शादी के लिए श्रम विभाग की ओर से प्रत्येक जिले में सामूहिक विवाह का आयोजन किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री मिर्जापुर के पुतली घर में आयोजित सामूहिक विवाह कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने मंच से ही 498 जोड़ों को आशीर्वाद दिया। दस जोड़ों ने मंच पर एक दूसरे को माला पहनाई। इन्हें मुख्यमंत्री ने शादी का प्रमाणपत्र दिया।
सीएम योगी ने कहा कि बेटे की नौकरी लगने पर लोग उसकी बोली लगाते हैं। उन्होंने कहा, कोई भी बेटी दहेज की भेंट चढ़ी तो दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। केंद्र और प्रदेश सरकार समाज के अंतिम व्यक्ति के बारे में गंभीरता से सोच रही है।
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प्रदेश सरकार श्रमिक के घर में बेटी पैदा होने पर 15 हजार और बेटा पैदा होने पर 12 हजार रुपये देती है। श्रमिकों के बच्चों की पढ़ाई से लेकर उनकी शादी तक में मदद कर रही है। बताया कि सामूहिक विवाह में सरकार पहले 55 हजार रुपये देती थी। इसे बढ़ाकर 65 हजार कर दिया गया है।
उन्होंने कहा, इलाहाबाद, वाराणसी, मिर्जापुर के बाद अब गोरखपुर में 625 जोड़ों का विवाह कराया जाएगा। सरकार जाति और धर्म के आधार पर भेदभाव नहीं करती। इससे पूर्व मुख्यमंत्री यहां दोपहर दो बजे पहुंचे।
केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्य मंत्री अनुप्रिया पटेल, प्रदेश के श्रम एवं सेवायोजन मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य ने उनका स्वागत किया। मुख्यमंत्री साढ़े तीन बजे यहां से चले गए। इस दौरान भदोही के सांसद वीरेंद्र सिंह मस्त, मंडल के तीनों जनपदों के विधायक, भाजपा और अपना दल के जिलाध्यक्ष मौजूद रहे।
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मुख्यमंत्री मिर्जापुर के पुतली घर में आयोजित सामूहिक विवाह कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने मंच से ही 498 जोड़ों को आशीर्वाद दिया। दस जोड़ों ने मंच पर एक दूसरे को माला पहनाई। इन्हें मुख्यमंत्री ने शादी का प्रमाणपत्र दिया।
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सीएम योगी ने कहा कि बेटे की नौकरी लगने पर लोग उसकी बोली लगाते हैं। उन्होंने कहा, कोई भी बेटी दहेज की भेंट चढ़ी तो दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। केंद्र और प्रदेश सरकार समाज के अंतिम व्यक्ति के बारे में गंभीरता से सोच रही है।
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प्रदेश सरकार श्रमिक के घर में बेटी पैदा होने पर 15 हजार और बेटा पैदा होने पर 12 हजार रुपये देती है। श्रमिकों के बच्चों की पढ़ाई से लेकर उनकी शादी तक में मदद कर रही है। बताया कि सामूहिक विवाह में सरकार पहले 55 हजार रुपये देती थी। इसे बढ़ाकर 65 हजार कर दिया गया है।
उन्होंने कहा, इलाहाबाद, वाराणसी, मिर्जापुर के बाद अब गोरखपुर में 625 जोड़ों का विवाह कराया जाएगा। सरकार जाति और धर्म के आधार पर भेदभाव नहीं करती। इससे पूर्व मुख्यमंत्री यहां दोपहर दो बजे पहुंचे।
केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्य मंत्री अनुप्रिया पटेल, प्रदेश के श्रम एवं सेवायोजन मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य ने उनका स्वागत किया। मुख्यमंत्री साढ़े तीन बजे यहां से चले गए। इस दौरान भदोही के सांसद वीरेंद्र सिंह मस्त, मंडल के तीनों जनपदों के विधायक, भाजपा और अपना दल के जिलाध्यक्ष मौजूद रहे।
ऐतिहासिक विवाह का साक्षी बना मिर्जापुर का पुतलीघर
मंत्रोच्चार से गूंजता रहा विवाह स्थल
- फोटो : अमर उजाला
मिर्जापुर के पुतली घर में मंगलवार को सामूहिक विवाह कार्यक्रम में कुल 498 जोड़े परिणय सूत्र में बंधे। इनमें तीन मुस्लिम जोड़े थे। यहां एक तरफ मंत्रोच्चार होता रहा तो दूसरी तरफ काजी ने तीन मुस्लिम जोड़ों का निकाह कराया। मुख्यमंत्री आदित्य नाथ योगी का आशीर्वाद पाकर नवविवाहित जोड़े खुश नजर आए।
सामूहिक विवाह के लिए सोनभद्र के 279, मिर्जापुर के 180 और भदोही के 52 समेत कुल 511 जोड़ों का पंजीकरण हुआ था लेकिन आयोजन में 498 जोड़े ही शामिल हुए। सामूहिक विवाह स्थल को चार ब्लाकों में बांटते हुए नव दंपतियों और परिजनों के बैठने की व्यवस्था की गई थी।
25 पुरोहित सामूहिक रूप से मंत्रोच्चार कर रहे थे जबकि 40 पुरोहित प्रत्येक ब्लॉक में जोड़ों का विवाह करा रहे थे। ब्लॉक ए और बी में एसडीएम चुनार अविनाश त्रिपाठी, ब्लॉक बी और सी में एसडीएम मड़िहान सविता यादव ने विवाह संपन्न कराया और जोड़ों को आशीर्वाद दिया।
उप श्रमायुक्त राकेश द्विवेदी ने बताया कि विंध्याचल मंडल में एक लाख 93 हजार 350 श्रमिक पंजीकृत है। इनमें सोनभद्र में 95 हजार 573, मिर्जापुर में 71 हजार 467 और भदोही में 26 हजार 310 श्रमिक पंजीकृत हैं। शादी के लिए पंजीकृत 511 में से 498 जोड़े पहुंचे, जिनकी शादी कराई गई।
लावा परछन देखकर भावुक
सामूहिक विवाह के दौरान सभी रस्म पूरे कराए गए। भाइयों ने सामूहिक रूप से बहनों की लावा परछाई की। इसे देखकर लोग भावुक हो गए। हिंदू जोड़ों की शादी के दौरान सामूहिक रूप से सिंदूर भराई की गई। जिले में पहली बार इतने बड़े पैमाने पर सामूहिक शादी का आयोजन किया गया। लोगों ने कार्यक्रम की सराहना की।
धूमधाम से निकली बारात
सामूहिक विवाह के लिए नगर के सरजू उद्यान से मंगलवार की सुबह दस बजे 498 दूल्हों की बारात धूमधाम से निकली। तहसीलदार लालगंज ओमप्रकाश पांडेय बारात के आगे तो विनोद कुमार बारात के पीछे चल रहे थे। एसडीएम लल्लन राम और जिला कृषि अधिकारी पवन कुमार प्रजापति ने बारातियों की अगवानी की। पहले एक साथ 498 दूल्हों की बारात निकलने की व्यवस्था थी लेकिन बाद में बारी-बारी से बारात निकली।
सामूहिक विवाह के लिए सोनभद्र के 279, मिर्जापुर के 180 और भदोही के 52 समेत कुल 511 जोड़ों का पंजीकरण हुआ था लेकिन आयोजन में 498 जोड़े ही शामिल हुए। सामूहिक विवाह स्थल को चार ब्लाकों में बांटते हुए नव दंपतियों और परिजनों के बैठने की व्यवस्था की गई थी।
25 पुरोहित सामूहिक रूप से मंत्रोच्चार कर रहे थे जबकि 40 पुरोहित प्रत्येक ब्लॉक में जोड़ों का विवाह करा रहे थे। ब्लॉक ए और बी में एसडीएम चुनार अविनाश त्रिपाठी, ब्लॉक बी और सी में एसडीएम मड़िहान सविता यादव ने विवाह संपन्न कराया और जोड़ों को आशीर्वाद दिया।
उप श्रमायुक्त राकेश द्विवेदी ने बताया कि विंध्याचल मंडल में एक लाख 93 हजार 350 श्रमिक पंजीकृत है। इनमें सोनभद्र में 95 हजार 573, मिर्जापुर में 71 हजार 467 और भदोही में 26 हजार 310 श्रमिक पंजीकृत हैं। शादी के लिए पंजीकृत 511 में से 498 जोड़े पहुंचे, जिनकी शादी कराई गई।
लावा परछन देखकर भावुक
सामूहिक विवाह के दौरान सभी रस्म पूरे कराए गए। भाइयों ने सामूहिक रूप से बहनों की लावा परछाई की। इसे देखकर लोग भावुक हो गए। हिंदू जोड़ों की शादी के दौरान सामूहिक रूप से सिंदूर भराई की गई। जिले में पहली बार इतने बड़े पैमाने पर सामूहिक शादी का आयोजन किया गया। लोगों ने कार्यक्रम की सराहना की।
धूमधाम से निकली बारात
सामूहिक विवाह के लिए नगर के सरजू उद्यान से मंगलवार की सुबह दस बजे 498 दूल्हों की बारात धूमधाम से निकली। तहसीलदार लालगंज ओमप्रकाश पांडेय बारात के आगे तो विनोद कुमार बारात के पीछे चल रहे थे। एसडीएम लल्लन राम और जिला कृषि अधिकारी पवन कुमार प्रजापति ने बारातियों की अगवानी की। पहले एक साथ 498 दूल्हों की बारात निकलने की व्यवस्था थी लेकिन बाद में बारी-बारी से बारात निकली।
सरकार ने गरीबों की मुराद पूरी की
पुतलीघर परिसर में सामूहिक विवाह
- फोटो : अमर उजाला
मिर्जापुर का पुतली घर मंगलवार को एक साथ 498 जोड़ों की शादी का गवाह बना। इस दौरान श्रमिक अपनी बेटियों के हाथ पीले होते देख भावुक हो उठे। लाभान्वित श्रमिकों ने सरकार और उनकी कल्याणकारी योजनाओं की सराहना की। सोनभद्र के कोंगा में मजदूरी करने वाले लखन ने कहा कि बेटी राजकुमारी की शादी की चिंता उसे सता रही थी। ऐसे में श्रम विभाग ने विवाह कराकर उसकी जिम्मेदारी पूरी कर दी।
कहा कि सरकार श्रमिकों के हित में काम कर रही है। सोनभद्र के ही नंदू बेटी शांति की शादी होता देख भावुक हो उठे। उन्होंने कहा कि वर सुरेंद्र की खोज काफी पहले ही कर ली थी लेकिन धनाभाव के चलते शादी नहीं हो पा करही थी। सरकार ने आज उसकी मुराद पूरी कर दी।
सोनभद्र के म्योरपुर निवासी रामसजीवन ने कहा कि बेटी मानमती के हाथ पीले होते देख उसे सुखद अनुभव हो रहा है। कठोर परिश्रम के बाद भी शादी के लिए पर्याप्त धन की व्यवस्था नहीं हो पाई थी। सरकार की योजना के चलते आज बेटी की शादी हो रही है।
मोती लाल प्रजापति ने कहा कि बेटी को अच्छे घर में विदा करना सभी पिता की इच्छा होती है। वर तो खोज लिया लेकिन कम आमदनी के चलते बेटी के विवाह के लिए धन नहीं जुटा पाया था। सरकार की योजना के तहत बेटी का विवाह होने को लेकर वह बेहद खुश है।
मुख्यमंत्री का आशीर्वाद पाकर प्रफुल्लित हुए
सामूहिक विवाह कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्य नाथ ने 10 नवविवाहित जोड़ों को मंच पर आशीर्वाद दिया। मुख्यमंत्री ने मिर्जापुर के सूरत राम, मंगल, सोनभद्र के बाबूराम, जीतलाल, जगन्नाथ, राम खेलावन, महाप्रसाद, कन्हैयालाल की बेटियों को आशीर्वाद दिया।
सोनभद्र के राम दुलार ने कहा कि मुख्यमंत्री का आशीर्वाद मिलना किसी सपने से कम नहीं है। सोनभद्र के पिपरी की अफसाना बेगम और उनके पति मोहम्मद रुखशाद भी आशीर्वाद और प्रमाण पत्र मिलने से खुश नजर आए। उन्होंने कहा कि हमने कभी सोचा भी न था कि मुख्यमंत्री का उन्हें आशीर्वाद मिलेगा।
कहा कि सरकार श्रमिकों के हित में काम कर रही है। सोनभद्र के ही नंदू बेटी शांति की शादी होता देख भावुक हो उठे। उन्होंने कहा कि वर सुरेंद्र की खोज काफी पहले ही कर ली थी लेकिन धनाभाव के चलते शादी नहीं हो पा करही थी। सरकार ने आज उसकी मुराद पूरी कर दी।
सोनभद्र के म्योरपुर निवासी रामसजीवन ने कहा कि बेटी मानमती के हाथ पीले होते देख उसे सुखद अनुभव हो रहा है। कठोर परिश्रम के बाद भी शादी के लिए पर्याप्त धन की व्यवस्था नहीं हो पाई थी। सरकार की योजना के चलते आज बेटी की शादी हो रही है।
मोती लाल प्रजापति ने कहा कि बेटी को अच्छे घर में विदा करना सभी पिता की इच्छा होती है। वर तो खोज लिया लेकिन कम आमदनी के चलते बेटी के विवाह के लिए धन नहीं जुटा पाया था। सरकार की योजना के तहत बेटी का विवाह होने को लेकर वह बेहद खुश है।
मुख्यमंत्री का आशीर्वाद पाकर प्रफुल्लित हुए
सामूहिक विवाह कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्य नाथ ने 10 नवविवाहित जोड़ों को मंच पर आशीर्वाद दिया। मुख्यमंत्री ने मिर्जापुर के सूरत राम, मंगल, सोनभद्र के बाबूराम, जीतलाल, जगन्नाथ, राम खेलावन, महाप्रसाद, कन्हैयालाल की बेटियों को आशीर्वाद दिया।
सोनभद्र के राम दुलार ने कहा कि मुख्यमंत्री का आशीर्वाद मिलना किसी सपने से कम नहीं है। सोनभद्र के पिपरी की अफसाना बेगम और उनके पति मोहम्मद रुखशाद भी आशीर्वाद और प्रमाण पत्र मिलने से खुश नजर आए। उन्होंने कहा कि हमने कभी सोचा भी न था कि मुख्यमंत्री का उन्हें आशीर्वाद मिलेगा।