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बयान: 'गैर सनातनी दुकानदारों से सामान खरीदना अपवित्र', डॉ. नागेंद्र ने योगी सरकार के फैसले का किया स्वागत
Sat, 20 Jul 2024 09:57 AM IST
अमन विश्वकर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी
Published by: अमन विश्वकर्मा
Updated Sat, 20 Jul 2024 09:57 AM IST
सार
Varanasi News: सावन माह को लेकर जिला प्रशासन के साथ योगी सरकार भी गंभीर है। कांवड़ियों के साथ आम भक्तों को लेकर भी एहतियात बरतें जा रहे हैं। इसी के मद्देनजर दुकानदारों को भी निर्देश जारी किया गया है। वे अपनी दुकान के बाहर अपना नाम भी लिखेंगे। योगी सरकार के इस फैसले को हिन्दू धर्म के लोग काफी सराहना कर रहे हैं।
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श्री काशी विश्वनाथ मंदिर ट्रस्ट के अध्यक्ष प्रो. नागेंद्र पांडेय।
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
सावन में कांवड़ यात्रा के दौरान मार्ग में पड़ने वाली दुकानों के आगे प्रोपराइटर का नाम लिखने के मामले में श्री काशी विश्वनाथ मंदिर ट्रस्ट के अध्यक्ष प्रो. नागेंद्र पांडेय का बयान आया है। उन्होंने कहा कि काशी विश्वनाथ धाम के अंदर मौजूद दुकानदारों को बोर्ड पर अपना नाम लिखना होगा। कहा कि गैर सनातनी दुकानदारों से कुछ भी खरीदना अपवित्र हो जाता है।
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उन्होंने योगी सरकार के फैसले का स्वागत किया है। उन्होंने कहा कि वह जल्द ही काशी विश्वनाथ धाम के अंदर मौजूद दुकानों के लिए भी नई व्यवस्था लागू करने जा रहे हैं। इसके तहत दुकानदारों को अपने बोर्ड पर नाम लिखना होगा। इसके अलावा मंदिर के बाहर भी मौजूद अन्य दुकानों के लिए प्रशासन को सुझाव देंगे।
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उनका तर्क है कि भगवान को चढ़ाने वाले प्रत्येक प्रसाद की स्वच्छता जरूरी है। जो भक्त आते हैं वे स्नान ध्यान कर कपड़े बदलकर मंदिर में दर्शन करने जाते हैं। पुष्प माल्य का समर्पण करते हैं। जहां से सामान ला रहे हैं यदि वह अपवित्र हाथों से दिया जा रहा है तो निश्चित रूप से ये उचित नहीं है।
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जैसे कोई दुकानदार दुकान खोलता है तो वह स्नान करके आता है। दुकान में धूप जलाता है। आरती करता है। अपने भगवान की पूजा करता है। इसके बाद वह दुकानदारी करता है। गैर सनातनी ऐसा नहीं करते।
भगवान और भक्त के बीच स्वच्छता का होना अनिवार्य है। सनातनियों की पूजा पाठ की एक जरूरी प्रक्रिया है। वातावरण के साथ सामान का भी शुद्ध होना अनिवार्य है। पूजा पाठ में पवित्रता का होना आवश्यक है।