ब्लैक फंगस : वाराणसी में पहली मौत, बिहार की महिला का 4 दिन पहले हुआ था ऑपरेशन, कई नए मरीज
वाराणसी में ब्लैक फंगस के मामले तेजी से सामने आने लगे हैं. अब तक कई मरीजों को ब्लैक फंगस ने अपना शिकार बनाया है, जिनमें से ऑपरेशन के बाद एक मरीज की मौत हो भी हो गई है। बीएचयू अस्पताल में कई मरीजों की रिपोर्ट का इंतजार भी है.
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वाराणसी में कोरोना के कहर के बीच ब्लैक फंगस के मामले दिन प्रतिदिन बढ़ते जा रहे हैं। ब्लैक फंगस से ग्रसित कोरोना संक्रमित जिस महिला का चार दिन पहले बीएचयू में ऑपरेशन हुआ था,उसकी शनिवार को मौत हो गई। बिहार निवासी 50 वर्षीय महिला का बीएचयू के कोविड आईसीयू में उसका इलाज चल रहा था।
यह वाराणसी में ब्लैक फंगस से होने वाली पहली मौत है। इसके अलावा शनिवार को छह और मरीजो ने परामर्श लिया,जिन्हें इलाज के लिए बीएचयू ईएनटी डिपार्टमेंट बुलाया गया है। बीएचयू ईएनटी डिपार्टमेंट में एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. एसके अग्रवाल ने बताया कि ऑपरेशन के बाद महिला का इलाज कोविड आईसीयू में चल रहा था। उसका ऑक्सीजन सेचुरेशन भी 80 था।
कोरोना संक्रमित होने के साथ साथ पहले से भी कई बीमारियां थी। ब्लैक फंगस का असर उसके मुंह,नाक में अधिक होने की वजह से उसका तत्काल ऑपरेशन किया जाना था। पूरे कोविड प्रोटोकॉल के साथ बुधवार को उसका सफल ऑपरेशन हुआ था। इसमे उसका जबड़ा,एक आँख, गले के नीचे की हड्डी भी निकालनी पड़ी थी। शनिवार को उसकी मौत हो गई।
मरीजों के ऑपरेशन के लिए रिपोर्ट का इंतजार
बीएचयू के ईएनटी विभाग में ब्लैक फंगस से संक्रमित तीन अन्य मरीजों के ऑपरेशन के लिए कोरोना निगेटिव रिपोर्ट का इंतजार है। शुक्रवार की शाम तक इन मरीजों की कोरोना रिपोर्ट नहीं मिल पाने के कारण अब तक इनके ऑपरेशन की तारीख नहीं तय हो पाई है। ये तीनों मरीज 50 वर्ष के अधिक के उम्र के हैं। जानकारी के मुताबिक, इन सभी मरीजों की हालात गंभीर है, पूरे चेहरे पर सूजन है और संक्रमण काफी फैल गया है।