पत्रकार हत्याकांड: सीएम योगी द्वारा आर्थिक मदद के एलान के बाद मंत्री का दौरा, अभी तक छह गिरफ्तार
- बलिया में पत्रकार को बदमाशों ने मारी थी गोली, मौके पर ही हो गई थी मौत
- सीएम योगी आदित्यनाथ ने मामले में संज्ञान लिया है, परिजनों को आर्थिक मदद
विस्तार
उत्तर प्रदेश के बलिया जिले में एक समाचार चैनल के पत्रकार रतन सिंह की हत्या का मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने संज्ञान लिया है। उन्होंने परिजनों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की है। साथ ही सीएम ने मृतक के परिजनों को 10 लाख रुपये की आर्थिक सहायता राशि तत्काल दिए जाने और आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
पत्रकार रतन सिंह की हत्या के बाद मंगलवार दोपहर को यूपी के मंत्री आनंद स्वरूप शुक्ला ने बलिया जिला अस्पताल का दौरा किया। उन्होंने कहा कि बेरहमी से हुई पत्रकार की हत्या के मामले को हम गंभीरता से ले रहे हैं। सीएम योगी से अनुरोध करेंगे कि वह मुआवजा बढ़ाएं और रतन सिंह की पत्नी को नौकरी दें।
मुख्यमंत्री श्री @myogiadityanath जी ने जनपद बलिया में हुई श्री रतन सिंह जी की हत्या का संज्ञान लिया है। उन्होंने शोक संतप्त परिजनों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए दिवंगत आत्मा की शांति हेतु कामना की है।
विज्ञापन विज्ञापन— CM Office, GoUP (@CMOfficeUP) August 25, 2020
जानकारी के अनुसार, एक समाचार चैनल के पत्रकार रतन सिंह(42) पुत्र विनोद सिंह को सोमवार की रात करीब पौने नौ बजे बदमाशों ने गोली मार दी। इससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई थी।
UP Minister Anand Swarup Shukla visits district hospital after journalist Ratan Singh was shot dead in Balia district.
— ANI UP (@ANINewsUP) August 25, 2020
He says, "A journalist has been brutally murdered & we are taking this issue seriously. Will request CM Yogi to increase compensation & give a job to his wife." pic.twitter.com/pNmAqyesGV
सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक देवेंद्र नाथ, अपर पुलिस अधीक्षक संजय कुमार, सीओ सदर चंद्रकेश सिंह, फेफना थानाध्यक्ष शशिमौली पांडेय मौके पर पहुंच गए। उधर, अपर पुलिस महानिदेशक बृज भूषण ने बताया कि रतन सिंह की पट्टीदारी के विवाद में हत्या हुई है। आठ माह से उनका विवाद चल रहा था। इस हत्या का पत्रकारिता से कोई संबंध नहीं है। मामले में छह लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया है।
छह आरोपी गिरफ्तार
अपर पुलिस अधीक्षक संजय यादव ने बताया कि पुलिस ने छह आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इनमें सुशील सिंह, सुनील सिंह, अरविंद सिंह, वीर बहादुर सिंह, दिनेश सिंह और विनय सिंह शामिल हैं।
विनोद सिंह के अनुसार, उनके बेटे रतन सिंह को गांव का ही सोनू सिंह कल रात आठ बजे घर से बुलाकर ले गया था। इस दौरान उसके घर पर पहले से मौजूद लोग लाठी, डंडे और रिवॉल्वर से लैस थे। आरोप लगाया कि इन लोगों ने रतन की हत्या कर दी।
थाना प्रभारी निलंबित
इस मामले में फेफना थाना प्रभारी शशि मौली पांडेय को निलंबित कर दिया गया है। राजीव मिश्रा को नया प्रभारी बनाया गया है।
घटना के पीछे पट्टीदारी का विवाद बताया जा रहा है। दो साल पहले इनके भाई की भी हत्या हो चुकी है। फेफना थाना क्षेत्र के निवासी पत्रकार रतन सिंह का गांव में पुराना मकान है, जहां पट्टीदारों से विवाद है। रतन सिंह का नया मकान रसड़ा-फेफना मार्ग पर बना हुआ है। बताया जा रहा है कि सोमवार की शाम रतन सिंह अपने पुराने मकान पर गए थे, जहां बदमाशों ने दौड़ा लिया।
वहां से वह भागते-भागते फेफना के प्रधान सीमा सिंह के घर में घुसे, लेकिन बदमाशों ने घर में घुसकर उनके सिर में गोली मार दी। जिससे उनकी माौके पर ही मौत हो गई। रतन सिंह के दो पुत्र हैं।