{"_id":"5a3d5ee54f1c1b86698c3476","slug":"baba-vishwnath-temple-one-gate-gumbad-put-down","type":"story","status":"publish","title_hn":"काशी विश्वनाथ मंदिर के डेढसी पुल द्वार का गुंबद गिरा, बड़ा हादसा टला","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
काशी विश्वनाथ मंदिर के डेढसी पुल द्वार का गुंबद गिरा, बड़ा हादसा टला
ब्यूरो,अमर उजाला,वाराणसी
Updated Sat, 23 Dec 2017 02:01 PM IST
विज्ञापन
सुरक्षा प्वाइंट पर तैनात जवान समेत दो लोगों को मामूली चोट
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बाबा विश्वनाथ के ढेढ़सीपुल द्वार का गुंबद शुक्रवार की शाम टूटकर गिर गया। करीब चार फीट ऊंचे गुंबद के गिरने से अफरा-तफरी मच गई। जिस समय गुंबद गिरा उस वक्त विश्वनाथ गली खरीदारों और श्रद्धालुओं की भीड़ से भरी थी। इस दौरान एक सुरक्षाकर्मी समेत दो लोगों को मामलू चोट आई। संयोगवश बड़ा हादसा होने से बच गया। इस द्वार का निर्माण हाल में ही करवाया गया था।
विश्वनाथ मंदिर जाने वाले डेढ़सी पुल द्वार का गुंबद शाम करीब छह बजे टूट कर गिरा। कहा जा रहा है कि बंदरों की उछल कूद के चलते गुंबद टूट कर गिरा। वर्षों बाद लाखों रुपये की लागत पंचदशनाम छात्र साधु परिषद की ओर से इस द्वार का निर्माण आठ महीने पहले कराया गया था।
इससे पहले इस द्वार पर लगी आदिशंकराचार्य की प्रतिमा की छतरी भी टेढ़ी हो गई थी। तीन हिस्सों में गुंबद टूटकर नीचे डेढ़सीपुल प्वाइंट पर गिरा। श्याम नामक युवक के अलावा एक जवान को हल्की चोट आई है। हादसे के बाद गुंबद के तीनों हिस्सों को वहां से हटवाया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन
विश्वनाथ मंदिर जाने वाले डेढ़सी पुल द्वार का गुंबद शाम करीब छह बजे टूट कर गिरा। कहा जा रहा है कि बंदरों की उछल कूद के चलते गुंबद टूट कर गिरा। वर्षों बाद लाखों रुपये की लागत पंचदशनाम छात्र साधु परिषद की ओर से इस द्वार का निर्माण आठ महीने पहले कराया गया था।
विज्ञापन
इससे पहले इस द्वार पर लगी आदिशंकराचार्य की प्रतिमा की छतरी भी टेढ़ी हो गई थी। तीन हिस्सों में गुंबद टूटकर नीचे डेढ़सीपुल प्वाइंट पर गिरा। श्याम नामक युवक के अलावा एक जवान को हल्की चोट आई है। हादसे के बाद गुंबद के तीनों हिस्सों को वहां से हटवाया गया।
विज्ञापन