अतुल राय प्रकरण: आईपीएस अफसर समेत कई पर गिरफ्तारी की तलवार, पुलिसकर्मियों की धड़कनें तेज
घोसी सांसद अतुल राय प्रकरण में एक सीओ की गिरफ्तारी और एएसपी के निलंबन की कार्रवाई ने बनारस से लखनऊ तक पुलिस महकमे को हिलाकर रख दिया है।
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घोसी सांसद अतुल राय और दुष्कर्म पीड़िता मामले में कई पर गिरफ्तारी की तलवार लटक रही है। एक आईपीएस अफसर पर सख्त कार्रवाई के संकेत भी शासन स्तर से मिल रहे हैं। एक सीओ की गिरफ्तारी और एएसपी के निलंबन की कार्रवाई ने बनारस से लखनऊ तक पुलिस महकमे को हिलाकर रख दिया है। कैंट थाने से लेकर लंका थाने तक मामले में विवेचक और कई पुलिसकर्मियों धड़कनें तेज हो गई हैं।
दरअसल, मामले में बलिया निवासी पीड़िता ने वीडियो जारी करते तत्कालीन पुलिस अफसरों पर कई आरोप लगाए थे। 16 अगस्त को आत्मदाह के दौरान भी सोशल मीडिया पर लाइव वीडियो में कई पुलिस अफसरों और कर्मियों के नाम सार्वजनिक करते हुए अतुल राय के पक्ष में खड़ा होना बताया था।
पीड़िता के गवाह साथी ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए थे। इसके बाद जुलाई माह 2021 में कैंट थाने में पीड़िता के खिलाफ ही कूटरचित और धोखाधड़ी मामले में मुकदमा दर्ज कराते हुए एनबीडब्ल्यू जारी हुआ था।
कैंट इंस्पेक्टर और विवेचक घटना के बाद निलंबित
इस मामले में कैंट इंस्पेक्टर राकेश सिंह और विवेचक गिरजाशंकर यादव को घटना के बाद निलंबित कर दिया गया था। वहीं जिस जांच रिपोर्ट पर सीओ को निलंबित किया गया और मुकदमा दर्ज कराकर गिरफ्तारी हुई, उस रिपोर्ट को एक आईपीएस अफसर ने ही मातहतों को फारवर्ड किया था। इसकी जांच शासन स्तर से कराई गई है। इस आधार पर माना जा रहा है कि कार्रवाई उस आईपीएस पर भी संभव है।
जेल में करवटें बदलते बीती निलंबित सीओ की रात
अपराधियों को जेल भेजने वाले डीएसपी अमरेश सिंह बघेल खुद जेल में निरुद्ध हो गए। बृहस्पतिवार को जेल में दाखिल हुए अमरेश सिंह बघेल की रात करवटें बदलते ही बीती। रात के भोजन में सिर्फ डेढ़ रोटी ही खा सके। बैरक के बाहर देर रात तक टहलते रहे। जेल के बंदीरक्षकों के अनुसार देर रात तक जगने के बाद निलंबित सीओ की नींद भी शुक्रवार सुबह जल्दी खुल गई। नित्य क्रिया के बाद सीओ वापस बैरक में सोने चले गए।
बसपा सांसद अतुल राय व दुष्कर्म पीड़िता प्रकरण में पीड़िता और उसके गवाह साथी को आत्महत्या को उकसाने मामले में आरोपित निलंबित सीओ अमरेश सिंह बघेल के चेहरे पर पूरे दिन खामोशी छाई रही। बंदी रक्षकों ने कई बार बात करने का प्रयास किया लेकिन वह मौन रहे। सुबह चाय पीने के बाद दोपहर का भोजन भी हल्का किया और शाम तक बैरक में सोते रहे। वाराणसी क्राइम ब्रांच की टीम ने बुधवार शाम अमरेश सिंह बघेल को बाराबंकी से हिरासत में लिया था।