वाराणसी: ज्ञानवापी में एएसआई सर्वे रोकने की अर्जी खारिज, अदालत ने कहा- मसाजिद कमेटी चाहे तो सुप्रीम कोर्ट जाए
Gyanvapi Masjid Case: वाराणसी के ज्ञानवापी परिसर में जारी एएसआई सर्वे को रोकने संबंधी मसाजिद कमेटी की अर्जी को जिला जज की अदालत ने खारिज कर दी। अदालत ने कहा कि सर्वे में मिल रहे साक्ष्यों को सुरक्षित रखने का आदेश पहले ही डीएम को दे चुके हैं।
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Gyanvapi ASI Survey: वाराणसी के ज्ञानवापी परिसर में भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई) का सर्वे रोकने की मांग वाली अंजुमन इंतेजामिया मसाजिद कमेटी की अर्जी गुरुवार को खारिज कर दी गई। जिला जज डॉ. अजय कृष्ण विश्वेश की अदालत ने कहा कि यह मसला पहले भी इलाहाबाद हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट के सामने उठाया जा चुका है। तब भी सर्वे रोकने की मांग खारिज की गई दी थी। मसाजिद कमेटी चाहे तो सुप्रीम कोर्ट जा सकती है।
ज्ञानवापी में एएसआई सर्वे रोकने के लिए मसाजिद कमेटी ने बीते नौ अगस्त को अर्जी दी थी। कमेटी ने कहा था कि सर्वे में आ रहे खर्च की फीस नहीं जमा की गई है। इसके बगैर सर्वे कानून के खिलाफ है। सर्वे के लिए एएसआई को रिट नहीं जारी की गई और न लिखित रूप से जानकारी दी गई।
सामान्य नियम और सिविल प्रक्रिया संहिता के तहत दिए गए प्रावधानों का पालन किए बगैर जो सर्वे किया जा रहा है, उसे रोका जाए। जिला जज की अदालत ने मसाजिद कमेटी की मां खारिज करते हुए उसकी अर्जी का निस्तारण कर दिया।
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राखी सिंह के मामले में अदालत ने पहले ही दिया था आदेश
मां श्रृंगार गौरी मुकदमे की वादिनी सीता साहू, रेखा पाठक, मंजू व्यास और लक्ष्मी देवी ने जिला जज की अदालत से हिंदू धर्म से संबंधित साक्ष्यों को संरक्षित कर जिलाधिकारी को सौंपने का अनुरोध किया था। इसका निस्ताण भी जिला जज की अदालत ने कर दिया। अदालत ने कहा कि इस मामले में पहले ही आदेश दिया जा चुका है। एएसआई सर्वे की रिपोर्ट जिलाधिकारी को भी मुहैया कराएगा। इन साक्ष्यों को जिजाधिकारी सुरक्षित व संरक्षित रखेंगे। जब भी अदालत को जरूरत पड़ेगी, तब जिलाधिकारी साक्ष्य प्रस्तुत करेंगे। यही आदेश इस मामले में प्रभावी रहेगा। अलग से आदेश जारी करने की आवश्यकता नहीं है। दरअसल, साक्ष्यों को सुरक्षित करने का आदेश राखी सिंह की अर्जी पर पहले ही आया था।
सील वजूखाने में सर्वे की मांग पर पांच अक्तूबर को सुनवाई
मां श्रृंगार गौरी मुकदमे की वादिनी राखी सिंह ने अधिवक्ता सौरभ तिवारी और अनुपम द्विवेदी के जरिये जिला जज की अदालत में 64 पन्ने का प्रार्थना पत्र दिया है। इसके माध्यम से ज्ञानवापी स्थित सील वजूखाने में एएसआई से सर्वे कराने का अनुरोध किया गया है।
इसकी प्रति बृहस्पतिवार को सभी पक्षकारों को उपलब्ध कराई गई। अंजुमन इंतेजामिया मसाजिद कमेटी ने आपत्ति और जवाब दाखिल करने के लिए समय मांगा। इस पर अदालत ने सुनवाई की अगली तिथि पांच अक्तूबर तय कर दी।