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अमर उजाला इंपैक्ट: एक ही सड़क के दो टेंडर मामले में वाराणसी डीएम ने दिए जांच के आदेश, रुकवाया काम
Sat, 16 Apr 2022 03:01 PM IST
उत्पल कांत
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
Published by: उत्पल कांत
Updated Sat, 16 Apr 2022 03:01 PM IST
सार
मंडी परिषद की एक ही सड़क पर जिला पंचायत और लोक निर्माण विभाग की ओर से टेंडर कर सरकारी धन के बंदरबांट मामले में वाराणसी जिलाधिकारी कौशल राज शर्मा ने अपर नगर मजिस्ट्रेट तृतीय को जांच सौंप दी है।
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भदोही-वाराणसी मार्ग से सरौनी गांव तक जाने वाली सड़क की हालत
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
वाराणसी मंडी परिषद की एक ही सड़क पर जिला पंचायत और लोक निर्माण विभाग की ओर से टेंडर कर सरकारी धन के बंदरबांट मामले में जिलाधिकारी कौशल राज शर्मा ने अपर नगर मजिस्ट्रेट तृतीय को जांच सौंप दी है। दोनों ही विभागों को जिलाधिकारी की ओर से नोटिस जारी कर सड़क निर्माण का काम भी जांच पूरी होने तक रुकवा दिया गया है।
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जिलाधिकारी ने दोनों विभागों के टेंडर की जांच कर लापरवाह विभाग को चिह्नित करने का निर्देश भी दिया है। दरअसल, अमर उजाला में 15 अप्रैल के अंक में पेज चार पर मंडी परिषद की सड़क पर जिपं की गिट्टी और पीडब्ल्यूडी का लेपन शीर्षक से प्रकाशित खबर में इस गड़बड़ी का खुलासा किया गया था।
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इसमें बताया गया है कि भदोही-वाराणसी मार्ग से सरौनी गांव की 2.6 किलोमीटर लंबी लिंक रोड के लिए जिला पंचायत ने 52.92 लाख रुपये से सौंदर्यीकरण और इसी सड़क के नवीनीकरण के लिए लोक निर्माण विभाग ने भी 12 लाख रुपये का टेंडर कर दिया था। जिला पंचायत की ओर से सड़क पर गिट्टी डालकर कुटाई की गई और इसी बीच लोक निर्माण विभाग ने उस पर लेपन शुरू कर दिया।
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जिलाधिकारी कौशल राज शर्मा ने बताया कि पूरे मामले की जांच अपर नगर मजिस्ट्रेट तृतीय गिरीश द्विवेदी को सौंपी गई है। इसमें किस विभाग से यह काम कराया जाए, यह भी तय किया जाएगा।जिस विभाग ने गलत तरीके से टेंडर कर सरकारी धनराशि खर्च की है, उससे वसूली भी की जाएगी।