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जंगीपुर में त्रिकोणीय जंग में फंसे हैं सभी दल
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गाजीपुर। जिले की सबसे बड़ी गल्ला मंडी जंगीपुर में है। यहां का गुड़ बनारस सहित आसपास के बाजारों में बहुत भाव-ताव के साथ बेचा जाता है। मऊ बार्डर से लेकर गंगा पार के इलाकों को मिलाकर 2012 में जंगीपुर विधानसभा को गढ़ा गया। इस सीट पर जब से चुनाव शुरू हुआ। सपा से ही अन्य दलों का मुकाबला रहा। इस सीट पर अनुसूचित जाति, राजपूत और ब्राह्मण वोट निर्णायक स्थिति में हैं, क्योंकि सपा के पास यादव, मुस्लिम और राजभर वोटों की मजबूत तिकड़ी है।
वर्ष 2012 में पहली बार यहां से सपा के कैलाश यादव जीते। उसके बाद 2016 के उपचुनाव में उनकी पत्नी किश्मतिया देवी जीतीं। साल 2017 के विधानसभा चुनाव में सपा और भाजपा के बीच करारा मुकाबला हुआ। जिसमें सपा से कैलाश यादव के बेटे विरेंद्र यादव 71441 वोट पाए और भाजपा प्रत्याशी रामनरेश कुशवाहा से 3239 वोट से जीत दर्ज करने में कामयाब रहे। उस समय बसपा प्रत्याशी मनीष पांडेय 67223 वोट पाए थे। इस बार यहां सपा से विरेंद्र यादव, भाजपा से रामनरेश कुशवाहा और बसपा से मुकेश सिंह मैदान में है। तीनों प्रत्याशी चुनावी गुणा-गणित में किसी से कमतर नहीं है। जिससे लड़ाई त्रिकोणीय हो गई है। यदि बसपा प्रत्याशी राजपूत, ब्राह्मण सहित अन्य अनुसूचित वर्ग के वोटों को अपने पक्ष में कर लेता है तो उसके पास पार्टी का कैडर वोट बड़ा आंकड़ा प्रस्तुत करता है। ऐसे ही भाजपा प्रत्याशी राजपूत, ब्राह्मण, वैश्य, भूमिहार, कुशवाहा, बिंद वोटों को सुरक्षित रखने के साथ अनुसूचित वोटों में ठीक-ठाक सेंधमारी करता है तभी उसका पक्ष मजबूत होगा। इनमें जीत किसको हासिल होगी, इसका पता मतगणना में ही चलेगा। (संवाद)
कमजोरी और मजबूती
सपा प्रत्याशी विरेंद्र यादव समेत उनके परिवार से तीन लोग चुनाव जीत दर्ज कर चुके हैं। उनके पास मजबूत यादव, मुस्लिम और राजभर वोट बैंक है। उनकी कमजोरी क्षेत्र में विकास कार्य और सक्रियता के आधार पर आंका जा रहा है। वहीं, भाजपा प्रत्याशी रामनरेश कुशवाहा सिर्फ जातिगत वोटों को प्रभावित करने में सफल हो रहे हैं। लेकिन उनको अन्य जातियों के वोट पाने में मुश्किलें आ रही हैं। जिससे भाजपा का परंपरागत मतदाता भी असमंजस की स्थिति में है। दूसरी ओर बसपा प्रत्याशी मुकेश सिंह के साथ अनुसूचित जाति परंपरागत तौर पर हैं। साथ ही उनके साथ राजपूत, ब्राह्मण और कुछ ओबीसी वोट जाने के कयास लगाए जा रहे हैं।
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जातिगत समीकरण
यादव- 65 हजार,
अनुसूचित जाति- 65 हजार
राजपुत- 35 हजार
मुस्लिम- 32 हजार
ब्राह्मण- 22 हजार
कुशवाहा- 38 हजार
राजभर- 15 हजार
कुशवाहा 38 हजारबिंद 15 हजार
भूमिहार- 12 हजार
वैश्य- 21 हजार
कुल वोट- 372858
पुरुष- 197668
महिला- 175178
2017 का चुनाव परिणाम
सपा- विरेंद्र यादव- 71441
भाजपा- रामनरेश कुशवाहा-68202
बसपा- मनीष पांडेय- 67223
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वर्ष 2012 में पहली बार यहां से सपा के कैलाश यादव जीते। उसके बाद 2016 के उपचुनाव में उनकी पत्नी किश्मतिया देवी जीतीं। साल 2017 के विधानसभा चुनाव में सपा और भाजपा के बीच करारा मुकाबला हुआ। जिसमें सपा से कैलाश यादव के बेटे विरेंद्र यादव 71441 वोट पाए और भाजपा प्रत्याशी रामनरेश कुशवाहा से 3239 वोट से जीत दर्ज करने में कामयाब रहे। उस समय बसपा प्रत्याशी मनीष पांडेय 67223 वोट पाए थे। इस बार यहां सपा से विरेंद्र यादव, भाजपा से रामनरेश कुशवाहा और बसपा से मुकेश सिंह मैदान में है। तीनों प्रत्याशी चुनावी गुणा-गणित में किसी से कमतर नहीं है। जिससे लड़ाई त्रिकोणीय हो गई है। यदि बसपा प्रत्याशी राजपूत, ब्राह्मण सहित अन्य अनुसूचित वर्ग के वोटों को अपने पक्ष में कर लेता है तो उसके पास पार्टी का कैडर वोट बड़ा आंकड़ा प्रस्तुत करता है। ऐसे ही भाजपा प्रत्याशी राजपूत, ब्राह्मण, वैश्य, भूमिहार, कुशवाहा, बिंद वोटों को सुरक्षित रखने के साथ अनुसूचित वोटों में ठीक-ठाक सेंधमारी करता है तभी उसका पक्ष मजबूत होगा। इनमें जीत किसको हासिल होगी, इसका पता मतगणना में ही चलेगा। (संवाद)
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कमजोरी और मजबूती
सपा प्रत्याशी विरेंद्र यादव समेत उनके परिवार से तीन लोग चुनाव जीत दर्ज कर चुके हैं। उनके पास मजबूत यादव, मुस्लिम और राजभर वोट बैंक है। उनकी कमजोरी क्षेत्र में विकास कार्य और सक्रियता के आधार पर आंका जा रहा है। वहीं, भाजपा प्रत्याशी रामनरेश कुशवाहा सिर्फ जातिगत वोटों को प्रभावित करने में सफल हो रहे हैं। लेकिन उनको अन्य जातियों के वोट पाने में मुश्किलें आ रही हैं। जिससे भाजपा का परंपरागत मतदाता भी असमंजस की स्थिति में है। दूसरी ओर बसपा प्रत्याशी मुकेश सिंह के साथ अनुसूचित जाति परंपरागत तौर पर हैं। साथ ही उनके साथ राजपूत, ब्राह्मण और कुछ ओबीसी वोट जाने के कयास लगाए जा रहे हैं।
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जातिगत समीकरण
यादव- 65 हजार,
अनुसूचित जाति- 65 हजार
राजपुत- 35 हजार
मुस्लिम- 32 हजार
ब्राह्मण- 22 हजार
कुशवाहा- 38 हजार
राजभर- 15 हजार
कुशवाहा 38 हजारबिंद 15 हजार
भूमिहार- 12 हजार
वैश्य- 21 हजार
कुल वोट- 372858
पुरुष- 197668
महिला- 175178
2017 का चुनाव परिणाम
सपा- विरेंद्र यादव- 71441
भाजपा- रामनरेश कुशवाहा-68202
बसपा- मनीष पांडेय- 67223